{"_id":"69b864b90dc00adfa80d337e","slug":"if-you-have-a-png-connection-along-with-an-lgp-connection-you-will-have-to-surrender-one-of-them-saharanpur-news-c-30-1-sha1004-171420-2026-03-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Saharanpur News: पीएनजी के साथ है एलजीपी, सरेंडर करना होगा एक कनेक्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Saharanpur News: पीएनजी के साथ है एलजीपी, सरेंडर करना होगा एक कनेक्शन
विज्ञापन
सहारनपुर। सोमवार को गैस एजेंसी पर रविवार की अपेक्षाकृत कम भीड़ रही। आमतौर पर सोमवार को गैस एजेंसियों की छुट्टी रहती है। अब पीएनजी(पाइप्ड नेचुरल गैस) के साथ यदि एलपीजी(लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस) कनेक्शन भी है, तो उपभोक्ताओं को एक कनेक्शन सरेंडर करना होगा।
गैस सिलिंडर लेने के लिए उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सर्वर ठप होने और ईकेवाईसी में परेशानी के चलते उपभोक्ता खासे परेशान है। सोमवार को गैस एजेंसियों पर स्थिति सामान्य रही। जिले में पीएनजी कनेक्शन वाले कुल उपभोक्ताओं की संख्या 29,500 है। इनमें से करीब आठ हजार घरों में आपूर्ति हो रही है। ऐसे में यदि किसी उपभोक्ता के पास दोनों कनेक्शन है तो उन्हें एक कनेक्शन सरेंडर करना होगा। इस संबंध में सरकार की ओर से निर्देश भी जारी किए गए हैं।
सरकार की मंशा गैस एजेंसियों पर पड़ने वाले बोझ को कम करने की है। पश्चिमी एशिया में पिछले 17 दिनों से जारी संघर्ष के चलते गैस किल्लत हो रही है। गैस लेने के लिए उपभोक्ताओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। एजेंसियों पर उपभोक्ता गैस बुक कराने और पर्ची लेने के लिए पहुंचे। कई उपभोक्ताओं को डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड(डीएसी) उनके मोबाइल पर प्राप्त नहीं हुआ। पिछले छह-सात दिनों से उपभोक्ता गैस लेने के लिए सुबह से ही एजेंसी पहुंचने लगते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
गैस सिलिंडर लेने के लिए उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सर्वर ठप होने और ईकेवाईसी में परेशानी के चलते उपभोक्ता खासे परेशान है। सोमवार को गैस एजेंसियों पर स्थिति सामान्य रही। जिले में पीएनजी कनेक्शन वाले कुल उपभोक्ताओं की संख्या 29,500 है। इनमें से करीब आठ हजार घरों में आपूर्ति हो रही है। ऐसे में यदि किसी उपभोक्ता के पास दोनों कनेक्शन है तो उन्हें एक कनेक्शन सरेंडर करना होगा। इस संबंध में सरकार की ओर से निर्देश भी जारी किए गए हैं।
विज्ञापन
सरकार की मंशा गैस एजेंसियों पर पड़ने वाले बोझ को कम करने की है। पश्चिमी एशिया में पिछले 17 दिनों से जारी संघर्ष के चलते गैस किल्लत हो रही है। गैस लेने के लिए उपभोक्ताओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। एजेंसियों पर उपभोक्ता गैस बुक कराने और पर्ची लेने के लिए पहुंचे। कई उपभोक्ताओं को डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड(डीएसी) उनके मोबाइल पर प्राप्त नहीं हुआ। पिछले छह-सात दिनों से उपभोक्ता गैस लेने के लिए सुबह से ही एजेंसी पहुंचने लगते हैं।
विज्ञापन