{"_id":"663f11a6a22b6ebe7608f756","slug":"haji-iqbals-garden-cut-down-30-trees-allegation-of-encroachment-saharanpur-news-c-30-1-sha1002-123405-2024-05-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Saharanpur News: हाजी इकबाल के बाग काटे 30 पेड़, कब्जे का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Saharanpur News: हाजी इकबाल के बाग काटे 30 पेड़, कब्जे का आरोप
Sat, 11 May 2024 12:05 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Sat, 11 May 2024 12:05 PM IST
विज्ञापन
सहारनपुर। पूर्व एमएलसी हाजी इकबाल के बाग से 30 से अधिक हरे-भरे पेड़ काट लिए गए। पूर्व एमएलसी की पत्नी ने आरोप लगाया है कि कब्जा करने की नीयत से भूमाफिया ने यह पेड़ काटे हैं। पहले भी काफी जमीन पर पुलिस की मिलीभगत से कब्जा हो चुका है।
मुख्यमंत्री को भेजी गई शिकायत में हाजी इकबाल की पत्नी फरीदा बेगम ने बताया कि कुछ लोगों ने मिलकर एक गिरोह बना रखा है, जो उनकी जमीन पर लगातार कब्जा कर रहे हैं। शुक्रवार को भी उनके बाग से करीब 30 हरे-भरे यूकेलिप्टस और अन्य फलदार पेड़ काट दिए गए। इससे पहले मोरया फार्म से भी पेड़ काटे जा चुके हैं। इससे पहले भूमाफिया फर्जी तरीके से रजिस्ट्री कराकर 200 बीघा जमीन कब्जा कर चुका है। उनकी जमीन में होटल भी बना दिए गए। जिला प्रशासन को यह जानकारी है। फिर भी कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। इसमे कई पुलिसकर्मियों के अलावा स्थानीय लोगों की भी मिलीभगत है। शिकायतकर्ता का कहना है कि सभी मामलों की शिकायत मुख्यमंत्री से लेकर डीजीपी, सीबीआई और ईडी को भी की जा चुकी है। यदि जल्द ही सुनवाई नहीं हुई तो वह परिवार समेत जिला मुख्यालय पर धरना देने के लिए मजबूर होगी।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री को भेजी गई शिकायत में हाजी इकबाल की पत्नी फरीदा बेगम ने बताया कि कुछ लोगों ने मिलकर एक गिरोह बना रखा है, जो उनकी जमीन पर लगातार कब्जा कर रहे हैं। शुक्रवार को भी उनके बाग से करीब 30 हरे-भरे यूकेलिप्टस और अन्य फलदार पेड़ काट दिए गए। इससे पहले मोरया फार्म से भी पेड़ काटे जा चुके हैं। इससे पहले भूमाफिया फर्जी तरीके से रजिस्ट्री कराकर 200 बीघा जमीन कब्जा कर चुका है। उनकी जमीन में होटल भी बना दिए गए। जिला प्रशासन को यह जानकारी है। फिर भी कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। इसमे कई पुलिसकर्मियों के अलावा स्थानीय लोगों की भी मिलीभगत है। शिकायतकर्ता का कहना है कि सभी मामलों की शिकायत मुख्यमंत्री से लेकर डीजीपी, सीबीआई और ईडी को भी की जा चुकी है। यदि जल्द ही सुनवाई नहीं हुई तो वह परिवार समेत जिला मुख्यालय पर धरना देने के लिए मजबूर होगी।
विज्ञापन