{"_id":"6272ca8fdef31611ff0585eb","slug":"e-library-work-in-the-last-round-you-will-be-able-to-study-online-by-sitting-in-ac-saharanpur-news-mrt5872372145","type":"story","status":"publish","title_hn":"अंतिम दौर में ई-लाइब्रेरी का कार्य, एसी में बैठकर ऑनलाइन कर सकेंगे पढ़ाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अंतिम दौर में ई-लाइब्रेरी का कार्य, एसी में बैठकर ऑनलाइन कर सकेंगे पढ़ाई
विज्ञापन
नगर निगम में तैयार की गयी लाइब्रेरी
- फोटो : SAHARANPUR
-
- 1
-
Link Copied
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहारनपुर। नगर निगम परिसर में पूर्व से स्थापित लाइब्रेरी को स्मार्ट सिटी योजना के तहत ई-लाइब्रेरी के रूप में विकसित करने का कार्य चल रहा है, जो अंतिम चरण में है। लाइब्रेरी के हॉल में 50 पाठकों के बैठने की व्यवस्था की गई है। एक बड़ी मेज और उसके चारों ओर कुर्सियां डाल दी गई हैं। इसके अलावा आठ कंप्यूटर लगाने के लिए टेबिल भी आ गई है।
लाइब्रेरी की स्थापना वर्ष 2002 में हुई थी। उस समय सहारनपुर शहर नगर पालिका परिषद था। तत्कालीन चेयरमैन हरीश मलिक और जिला अधिकारी आराधना शुक्ला के प्रयास से लाइब्रेरी के लिए निगम परिसर में भवन तैयार किया गया था। इसमें तभी से किताबें रखने के लिए अलमारी और फर्नीचर रखा हुआ है। स्मार्ट सिटी योजना में चयन के बाद स्मार्ट सिटी सहारनपुर के अधिकारियों ने उक्त लाइब्रेरी को ई-लाइब्रेरी बनाने का निर्णय लिया, जिसके लिए योजना से एक करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। इसके अलावा 20 लाख रुपये नगर निगम के बजट से भी लिए गए हैं। ई-लाइब्रेरी के रूप में विकसित करने के लिए कई माह से कार्य चल रहा है। लाइब्रेरी के भवन की मरम्मत के साथ ही फर्श की जगह टाइल्स, नया दरवाजा, गेट पर सीढ़ियां और दीवारों को चमकदार बनाया गया है। लाइब्रेरी में नया फर्नीचर डाला गया है, जिसमें अब गद्दे वाली 50 कुर्सियां रखी गई हैं। आठ कंप्यूटर लगाने के लिए टेबिल अलग से आई है। अगले कुछ माह में लाइब्रेरी को पाठकों के लिए खोलने की तैयारी है।
लाइब्रेरी में यह होगा
ई-लाइब्रेरी में इंटरनेट की सुविधा से पूर्ण कंप्यूटर सिस्टम लगे होंगे, जिनके माध्यम से पाठक ऑनलाइन अपनी जरूरत की सामग्री पढ़ सकेंगे, साथ ही शुल्क चुकाकर उसका प्रिंट भी ले सकेंगे। इसके अलावा लाइब्रेरी में किताबों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी। स्थानीय बड़े साहित्यकारों का साहित्य भी रखने की योजना है। लाइब्रेरी में एसी भी लगाया गया है।
विज्ञापन
ई-लाइब्रेरी में किताबें तो रहेंगी ही, साथ ही ऑनलाइन भी पठन सामग्री उपलब्ध रहेगी। यह जनपद की सबसे बेहतरीन और आधुनिक सुविधाओं वाली एकलौती लाइब्रेरी होगी। पाठकों की सुविधा के लिए एसी भी लगवाए गए हैं, जिससे वह सुकून के साथ बैठकर पढ़ाई कर सकें। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वालों के लिए विशेष सुविधा रहेगी।
ज्ञानेंद्र सिंह, नगरायुक्त/सीईओ स्मार्ट सिटी सहारनपुर।
विज्ञापन
लाइब्रेरी की स्थापना वर्ष 2002 में हुई थी। उस समय सहारनपुर शहर नगर पालिका परिषद था। तत्कालीन चेयरमैन हरीश मलिक और जिला अधिकारी आराधना शुक्ला के प्रयास से लाइब्रेरी के लिए निगम परिसर में भवन तैयार किया गया था। इसमें तभी से किताबें रखने के लिए अलमारी और फर्नीचर रखा हुआ है। स्मार्ट सिटी योजना में चयन के बाद स्मार्ट सिटी सहारनपुर के अधिकारियों ने उक्त लाइब्रेरी को ई-लाइब्रेरी बनाने का निर्णय लिया, जिसके लिए योजना से एक करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। इसके अलावा 20 लाख रुपये नगर निगम के बजट से भी लिए गए हैं। ई-लाइब्रेरी के रूप में विकसित करने के लिए कई माह से कार्य चल रहा है। लाइब्रेरी के भवन की मरम्मत के साथ ही फर्श की जगह टाइल्स, नया दरवाजा, गेट पर सीढ़ियां और दीवारों को चमकदार बनाया गया है। लाइब्रेरी में नया फर्नीचर डाला गया है, जिसमें अब गद्दे वाली 50 कुर्सियां रखी गई हैं। आठ कंप्यूटर लगाने के लिए टेबिल अलग से आई है। अगले कुछ माह में लाइब्रेरी को पाठकों के लिए खोलने की तैयारी है।
विज्ञापन
लाइब्रेरी में यह होगा
ई-लाइब्रेरी में इंटरनेट की सुविधा से पूर्ण कंप्यूटर सिस्टम लगे होंगे, जिनके माध्यम से पाठक ऑनलाइन अपनी जरूरत की सामग्री पढ़ सकेंगे, साथ ही शुल्क चुकाकर उसका प्रिंट भी ले सकेंगे। इसके अलावा लाइब्रेरी में किताबों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी। स्थानीय बड़े साहित्यकारों का साहित्य भी रखने की योजना है। लाइब्रेरी में एसी भी लगाया गया है।
विज्ञापन
ई-लाइब्रेरी में किताबें तो रहेंगी ही, साथ ही ऑनलाइन भी पठन सामग्री उपलब्ध रहेगी। यह जनपद की सबसे बेहतरीन और आधुनिक सुविधाओं वाली एकलौती लाइब्रेरी होगी। पाठकों की सुविधा के लिए एसी भी लगवाए गए हैं, जिससे वह सुकून के साथ बैठकर पढ़ाई कर सकें। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वालों के लिए विशेष सुविधा रहेगी।
ज्ञानेंद्र सिंह, नगरायुक्त/सीईओ स्मार्ट सिटी सहारनपुर।