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अंधेरे में बेबस रही पुलिस

Sat, 30 Apr 2016 12:51 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर Updated Sat, 30 Apr 2016 12:51 AM IST
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Police are helpless in the dark
घटकोली गांव में बवाल के बाद गागलहेड़ी में जाम लगाते लोग। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
 बोर्ड और प्रतिमा पर कालिख पोतने के मामले में दोपहर में हुई मारपीट के बाद घटकौली दलित समाज के लोगों को समझा बुझाकर कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कर दिया गया था।
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मगर, दोपहर बाद छुटमलपुर के कुछ युवक गांव में पहुंचे और उन्होंने दलित समाज के लोगों को भड़का दिया। इसके बाद दोबारा मारपीट शुरू हुई और रोकने पर पुलिस टीम पर हमला हुआ। इतने बवाल के बाद भी पूरा गांव बिना बिजली के अंधेरे में डूबा रहा।
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यही कारण रहा कि पुलिस कार्रवाई की बजाय  बेबस रही। उधर, सूचना देने के बाद भी दो घंटे तक फोर्स नहीं पहुंचने से वहां मौजूद पुलिस को अपनी जान बचाने की जद्दोजहद करनी पड़ी। अफसरों की कार्यशैली पर वहां मौजूद पुलिसकर्मियों में जबरदस्त रोष है।
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दोपहर में पथराव और बवाल के बाद माहौल पर काबू पाने के साथ ही पुलिस भी इस मामले में लापरवाह हो गई। इसी का फायदा उठाकर बाहरी लोग गांव में पहुंचे और बकायदा पंचायत कर लोगों को भड़काया। शाम करीब पांच बजे दलित समाज के कुछ युवकों ने एक राजपूत युवक को पकड़ लिया और मारपीट शुरू कर दी।

भीड़ को इस कदर भड़काया गया था कि उसे छुड़ाने पहुंची पुलिस टीम पर भी हमला बोल दिया। इतना ही नहीं, भीड़ में शामिल युवक खुलेेआम पुलिसकर्मियों से गाली-गलौच और देख लेने की धमकी तक दे रहे थे। पुलिसकर्मियों का यह भी आरोप है कि आला अफसरों को सूचना दी गई।

मगर, दो घंटे तक ना तो वहां अतिरिक्त फोर्स भेजी गई और ना ही अफसर ही मौके पर आए। भीड़ में शामिल खुराफाती लगातार पुलिस को निशाना बना रहे थे और संसाधनों के अभाव में पुलिस जान बचाती रही। 

एसओ फतेहपुर पर जानलेवा हमला ः आलम यह था कि राजपूत युवक की पिटाई पर जब उसे छुड़ाने के लिए एसओ फतेहपुर पहुंचे तो बवालियों ने उन्हें घेर लिया। युवक को पुलिस ने छुड़ा लिया, मगर भीड़ ने एसओ फतेहपुर ब्रिजेश कुशवाहा और सिपाही संजय मलिक को घेर लिया। दोनों पर जानलेवा हमला किया। बाकी पुलिसकर्मियों पर भी हमला किया। सबने किसी तरह से भागकर वहां से जान बचाई।

दो घंटे तक मूकदर्शक बनी रही पुलिस ः उग्र भीड़ के तेवर देखकर पुलिस गांव से बाहर की ओर आ गई। इसके बाद फायरिंग और अंदर पत्थर फेंके जाते रहे। पुलिस गांव की ओर बढ़ने की कोशिश करती तो भीड़ बेकाबू होकर हमला कर रही थी। शाम छह बजे से लेकर आठ बजे तक यह क्रम चलता रहा। 

करीब आठ बजे एसएसपी आरपी सिंह यादव, एसपी देहात जगदीश शर्मा, एसी ट्रैफिक भारी फोर्स के साथ वहां पहुंचे। इसके बाद फोर्स गांव में घुसी। हालांकि गांव के दरवाजे बंद है। पुलिस का कहना है कि बवाल कर रहे खुराफाती खेतों की ओर निकल गए हैं।
 
 बवाल की सूचना पर हाईवे किया जाम
घड़कौली गांव में बवाल और बोर्ड, प्रतिमा पर कालिख की खबर मिलने पर गागलहेड़ी में भी दलित समाज के लोगों ने ज्योतिबा बाई फुले चौक पर पहुंचकर देहरादून हाईवे जाम कर दिया। इससे दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई। हालांकि सूचना के बाद पुलिस वहां पहुंची और समझाकर जाम खुलवाया।


बडेडी घोघू में रात में दो बाइक फूंकी
छुटमलपुर। थाना फतेहपुर क्षेत्र के गांव बडेडी घोघू में रात करीब साढे़ु नौ बजे 50-60 लोगों की भीड़ ने गांव में धावा बोल दिया। गांव के लोगों वहां सें भागने के बाद दो बाइकों में आग लगा दी। सूचना पर करीब 10 बजे पुलिस मौके पर पहुंची। 
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