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पुराने प्रेमी को न भुला पाने में मिली मौत की सजा
Updated Fri, 27 Apr 2018 12:54 AM IST
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त्रिकोणीय प्रेम में हुई युवती की हत्या
अमर उजाला ब्यूरो
चिलकाना (सहारनपुर)। क्षेत्र के गांव गाठेडा की युवती अरीना की राजस्थान में हुई हत्या का खुलासा हो गया है। गांव से उसे बहलाकर ले जाने वाले युवक ने ही उसकी गला दबाकर हत्या की थी। पहचान छिपाने के लिए युवती के कपड़े उतारे गए और चेहरे की खाल चाकू से छीलकर शव को रेल पटरी पर रख दिया गया। इस मामले में दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं।
थाना चिलकाना के गांव गाठेड़ा निवासी हसीन की पुत्री अरीना की हत्या का खुलासा करते हुए थाना प्रभारी नीरज सिंह ने बताया कि गांव का ही युवक नदीम पुत्र मुंतजीम बहलाकर अरीना को राजस्थान के जिला सिरोही के गांव मावल ले गया था। वहां वह उसे किराए के मकान में लेकर रह रहा था। इसी मकान के एक हिस्से में गाठे़डा के आजम खान पुत्र फुरकान और उसकी पत्नी नाजिश रहते थे। पुलिस ने बताया कि अरीना का एक पूर्व प्रेमी परवेज निवासी परागपुर भी था। परवेज को लेकर ही नदीम और अरीना में विवाद हुआ और 14 अप्रैल की रात को नदीम ने गला दबाकर अरीना की हत्या कर दी।
हत्या की जानकारी उसने दूसरे कमरे में रह रहे आजम खान और उसकी पत्नी को दी। तीनों रात के अंधेरे में बाइक से अरीना की लाश लेकर वासदा होते हुए रेलवे लाइन पर गए। वहां अरीना के कपडे़ उतार दिए तथा पहचान मिटाने के लिए चेहरे की खाल चाकू से उतार दी तथा सिर को रेल की पटरी पर रखकर चले गए। बाद में कपड़ों को भी जला दिया। 15 अप्रैल को मावल रेलवे स्टेशन मास्टर ने पुलिस को रेलवे ट्रैक पर महिला की लाश मिलने की जानकारी दी। राजस्थान पुलिस ने लाश की पहचान का प्रयास किया। इसी दौरान पुलिस को मकान मालिक से नदीम आजम तथा उसकी पत्नी के रहने के बारे में पता चला।
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पुलिस को कमरे से आधा लाल कपड़ा मिला। ऐसा ही लाल कपड़े का टुकड़ा अरीना की लाश के पास मिला था। कपड़े को अहम सूत्र मानकर राजस्थान पुलिस ने नदीम, आजम तथा उसकी पत्नी की तलाश शुरू की। पुलिस को नदीम तथा आजम के बिजनेस पार्टनर घनश्याम ने बताया कि नदीम अपने गांव से एक लड़की को लकर आया था। 23 अप्रैल को राजस्थान पुलिस ने चिलकाना पुलिस से अरीना के बारे में जानकारी ली थी। 24 अप्रैल को थाना आबूरोड जिला सिरोही राजस्थान के उप निरीक्षक शबिर ने थाना चिलकाना आकर अरीना की हत्या के बारे में बताया। इन सूचनाओं के आधार पर मुख्य आरोपी नदीम को गांव के पास से ही बुधवार शाम गिरफ्तार कर लिया गया। वारदात में सहयोगी आजम और उसकी पत्नी की तलाश की जा रही है।
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पूर्व प्रेमी को नहीं भूल पा रही थी, इसलिए मार दिया
नदीम ने बताया कि वह अरीना से प्रेम करता था। कुछ दिन पहले अरीना पास के गांव पैरागपुर निवासी परवेज के साथ भाग गई थी। लेकिन शाम को वापस भी आ गई थी। यही बात उसे चुभ गई। वह अरीना के प्रति बदले की भावना रखने लगा। मौका पाकर 11 अप्रैल को अरीना को राजस्थान ले आया तथा गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। बता दें कि नदीम तथा अरीना का घर गांव में आमने-सामने ही है। दोनों के परिवारों में दूर की रिश्तेदारी भी है। अरीना के दो भाई तथा तीन बहनें हैं।
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पिता ने पुलिस पर लगाया लापरवाही का आरोप
अरीना के पिता हसीन का कहना है कि चिलकाना पुलिस की लापरवाही के चलते ही बेटी का शव नहीं मिल पाया और राजस्थान पुलिस ने उसकी बेटी को सुपुर्दे खाक करने की बजाए उसका जलाकर अंतिम संस्कार कराया। पुलिस चाहती तो बेटी का शव मिल सकता था। मैंने पुलिस को 12 अप्रैल को ही गुमशुदगी की तहरीर दे दी थी। लेकिन तब पुलिस ने लेने से मना कर दिया था।
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अमर उजाला ब्यूरो
चिलकाना (सहारनपुर)। क्षेत्र के गांव गाठेडा की युवती अरीना की राजस्थान में हुई हत्या का खुलासा हो गया है। गांव से उसे बहलाकर ले जाने वाले युवक ने ही उसकी गला दबाकर हत्या की थी। पहचान छिपाने के लिए युवती के कपड़े उतारे गए और चेहरे की खाल चाकू से छीलकर शव को रेल पटरी पर रख दिया गया। इस मामले में दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं।
थाना चिलकाना के गांव गाठेड़ा निवासी हसीन की पुत्री अरीना की हत्या का खुलासा करते हुए थाना प्रभारी नीरज सिंह ने बताया कि गांव का ही युवक नदीम पुत्र मुंतजीम बहलाकर अरीना को राजस्थान के जिला सिरोही के गांव मावल ले गया था। वहां वह उसे किराए के मकान में लेकर रह रहा था। इसी मकान के एक हिस्से में गाठे़डा के आजम खान पुत्र फुरकान और उसकी पत्नी नाजिश रहते थे। पुलिस ने बताया कि अरीना का एक पूर्व प्रेमी परवेज निवासी परागपुर भी था। परवेज को लेकर ही नदीम और अरीना में विवाद हुआ और 14 अप्रैल की रात को नदीम ने गला दबाकर अरीना की हत्या कर दी।
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हत्या की जानकारी उसने दूसरे कमरे में रह रहे आजम खान और उसकी पत्नी को दी। तीनों रात के अंधेरे में बाइक से अरीना की लाश लेकर वासदा होते हुए रेलवे लाइन पर गए। वहां अरीना के कपडे़ उतार दिए तथा पहचान मिटाने के लिए चेहरे की खाल चाकू से उतार दी तथा सिर को रेल की पटरी पर रखकर चले गए। बाद में कपड़ों को भी जला दिया। 15 अप्रैल को मावल रेलवे स्टेशन मास्टर ने पुलिस को रेलवे ट्रैक पर महिला की लाश मिलने की जानकारी दी। राजस्थान पुलिस ने लाश की पहचान का प्रयास किया। इसी दौरान पुलिस को मकान मालिक से नदीम आजम तथा उसकी पत्नी के रहने के बारे में पता चला।
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पुलिस को कमरे से आधा लाल कपड़ा मिला। ऐसा ही लाल कपड़े का टुकड़ा अरीना की लाश के पास मिला था। कपड़े को अहम सूत्र मानकर राजस्थान पुलिस ने नदीम, आजम तथा उसकी पत्नी की तलाश शुरू की। पुलिस को नदीम तथा आजम के बिजनेस पार्टनर घनश्याम ने बताया कि नदीम अपने गांव से एक लड़की को लकर आया था। 23 अप्रैल को राजस्थान पुलिस ने चिलकाना पुलिस से अरीना के बारे में जानकारी ली थी। 24 अप्रैल को थाना आबूरोड जिला सिरोही राजस्थान के उप निरीक्षक शबिर ने थाना चिलकाना आकर अरीना की हत्या के बारे में बताया। इन सूचनाओं के आधार पर मुख्य आरोपी नदीम को गांव के पास से ही बुधवार शाम गिरफ्तार कर लिया गया। वारदात में सहयोगी आजम और उसकी पत्नी की तलाश की जा रही है।
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पूर्व प्रेमी को नहीं भूल पा रही थी, इसलिए मार दिया
नदीम ने बताया कि वह अरीना से प्रेम करता था। कुछ दिन पहले अरीना पास के गांव पैरागपुर निवासी परवेज के साथ भाग गई थी। लेकिन शाम को वापस भी आ गई थी। यही बात उसे चुभ गई। वह अरीना के प्रति बदले की भावना रखने लगा। मौका पाकर 11 अप्रैल को अरीना को राजस्थान ले आया तथा गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। बता दें कि नदीम तथा अरीना का घर गांव में आमने-सामने ही है। दोनों के परिवारों में दूर की रिश्तेदारी भी है। अरीना के दो भाई तथा तीन बहनें हैं।
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पिता ने पुलिस पर लगाया लापरवाही का आरोप
अरीना के पिता हसीन का कहना है कि चिलकाना पुलिस की लापरवाही के चलते ही बेटी का शव नहीं मिल पाया और राजस्थान पुलिस ने उसकी बेटी को सुपुर्दे खाक करने की बजाए उसका जलाकर अंतिम संस्कार कराया। पुलिस चाहती तो बेटी का शव मिल सकता था। मैंने पुलिस को 12 अप्रैल को ही गुमशुदगी की तहरीर दे दी थी। लेकिन तब पुलिस ने लेने से मना कर दिया था।