फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   सरसावा और जिला अस्पताल में लोगों ने किया हंगामा

सरसावा और जिला अस्पताल में लोगों ने किया हंगामा

Fri, 31 Aug 2018 12:29 AM IST
Updated Fri, 31 Aug 2018 12:29 AM IST
विज्ञापन
सरसावा और जिला अस्पताल में लोगों ने किया हंगामा
सरसावा और जिला अस्पताल में लोगों ने किया हंगामा
विज्ञापन

सहारनपुर। अगवा उस्मान की हत्या से गुस्साए परिजनों ने सरसावा एवं जिला अस्पताल में जमकर हंगामा किया। उस्मान के शव को न दिखाए जाने एवं पुलिस सुरक्षा में लिए गए अरशद से न मिलने देने पर परिजन भड़क उठे। पुलिस ने जमकर नोकझोंक हुई। परिजनों ने सरसावा के एक दरोगा पर पिस्टल तानने और बट मारने का आरोप भी लगाया।

बृहस्पतिवार को बदमाशों द्वारा अपहृत किए गए उस्मान की हत्या की जैसे ही परिजनों को सूचना मिली तो कोहराम मच गया। पुलिस ने उस्मान के शव को कब्जे में लेकर मौके पर मिले घायल अरशद को पूछताछ के लिए सुरक्षा में ले लिया। पुलिस ने अरशद को पहले सरसावा सामुदायिक केंद्र पर भर्ती कराया। जैसे ही परिजनों एवं लोगों को उस्मान का शव अस्पताल में होने की सूचना मिली। लोग सरसावा अस्पताल पहुंच गए। लोगों ने पुलिस से अरशद से घटना के बारे में जानकारी दिलाए जाने की मांग की, लेकिन पुलिस ने उसे सुरक्षा में ले लिया था। पुलिस ने अरशद को लोगों के सामने लाने से इंकार कर दिया। जिस पर लोग भड़क उठे और सरसावा अस्पताल में ही लोगों की पुलिस के साथ नोकझोंक भी हो गई। मृतक उस्मान के रिश्तेदार सुलेमान ने आरोप लगाया कि सरसावा के दरोगा दुष्यंत ने उस पर पिस्टल तान दिया। उसने विरोध किया तो उसके सिर पर बट का प्रहार भी कर दिया। जबकि वे सिर्फ उस्मान के शव को दिखाने की मांग कर रहे थे। उन्होंने आरोपी दरोगा को बर्खास्त करने की मांग की। जबकि दरोगा दुष्यंत का कहना है कि भीड़ अरशद को पुलिस से छीनना चाहती थी। जिससे अरशद को नुकसान हो सकता था। उन्होंने किसी प्रकार अरशद को बचाते हुए खुद के साथ अस्पताल के एक कमरे में बंद कर लिया। मारपीट करने एवं पिस्टल तानने का आरोप गलत है। इसके बाद पुलिस शव को लेकर जिला अस्पताल पहुंची तो एक बार फिर लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। लोगों ने पुलिस से शव को उन्हें सौंपने की मांग की। पुलिस ने इंकार कर दिया। जिस पर लोग भड़क उठे। पुलिस के साथ नोकझोंक हुई यहां तक कि जनकपुरी थाना प्रभारी के साथ धक्का मुक्की भी कर दी गई। बाद में पुलिस फोर्स बुला ली गई और स्थिति को किसी प्रकार नियंत्रित किया गया। सरसावा अस्पताल में मृतक उस्मान के परिजनों ने हंगामे के दौरान अरशद पर ही घटना को लेकर संदेह जताया। मृतक उस्मान के भाई अहतेशाम ने आरोप लगाया कि उसके भाई की मौत में घायल अरशद का ही किसी ना किसी तरह से हाथ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed