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साइकिल ट्रैक के गोलमाल पर जांच नहीं

Sun, 13 Aug 2017 01:25 AM IST
Updated Sun, 13 Aug 2017 01:25 AM IST
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साइकिल ट्रैक के गोलमाल पर जांच नहीं
साइकिल ट्रैक के गोलमाल पर जांच नहीं
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अधिकारियों की मंशा पर उठे सवाल

सहारनपुर। सपा सरकार के साइकिल ट्रैक प्रोजेक्ट को अधिकारियों की लापरवाही ने घोटालों की भेंट चढ़ा दिया। एक करोड़ रुपये के एक प्रोजेक्ट में से 80 लाख रुपये का भुगतान ठेकेदार को कर भी दिया गया। लेकिन ट्रैक 500 मीटर भी नहीं बन पाया। सरकार बदलते ही फाइल बंद तो हो गई, लेकिन 80 लाख रुपये के भुगतान का आज तक कोई पता नहीं। अधिकारियों ने न तो आज तक जांच की कराई और न ही रिकवरी की।
सपा सरकार में आई साइकिल ट्रैक निर्माण की योजना को अधिकारियों ने न सिर्फ पलीता लगाया, बल्कि उसके बजट को ही हजम कर लिया। सहारनपुर में घंटाघर से लेकर कल्पना सिनेमा तक बनने वाले साइकिल ट्रैक के लिए 112.38 लाख रुपये के प्रोजेक्ट में से 80 लाख रुपये सहारनपुर विकास प्राधिकरण को मिल गए। इस बजट को ठिकाने लगाने में अधिकारियों ने कतई देर नहीं की और निर्माण शुरू होने से पहले ही पूरा बजट निकाल लिया गया। दिखावे के लिए ठेकेदार से साइकिल ट्रैक का निर्माण शुरू कराया गया। पांच सौ मीटर भी साइकिल ट्रैक नहीं बन पाया कि सरकार बदल गई और प्रोजेक्ट पर ब्रेक लग गया। प्रोजेक्ट की फाइलें बंद हो गईं, लेकिन जारी किए गए बजट का कोई पता नहीं चला। 80 लाख रुपये ठेकेदार हजम कर गया या फिर अधिकारियों ने बंदरबांट कर लिया। अधिकारियों ने पहले तो इसकी जांच कराए जाने के लिए कहा। लेकिन अब तक इसकी जांच शुरू नहीं हो सकी। जिससे प्राधिकरण के अधिकारियों की मंशा पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। जबकि यह मामला मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल और प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही के संज्ञान में भी आ चुका है और उनके द्वारा जांच के आदेश भी दिए जा चुके हैं। लेकिन प्राधिकरण के अधिकारी अभी तक उदासीन ही बने हुए हैं।
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मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल का कहना है कि उन्होंने लगभग 15 दिन पूर्व विकास प्राधिकरण को जांच के आदेश दिए थे, लेकिन अभी तक जांच की है या नहीं। इसकी जानकारी कराएंगे और जांच पूरी हो चुकी होगी तो जांच आख्या मंगाई जाएगी।
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