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अपराधियों को पकड़ रही दूसरे जिलों की पुलिस
Updated Mon, 14 Aug 2017 12:36 AM IST
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अपराधियों को पकड़ रही दूसरे जिलों की पुलिस
सहारनपुर। घटनाएं जिले में हो रहीं हैं। अपराधी भी यहीं रह रहे हैं। लेकिन पकड़ रही है दूसरे जिलों की पुलिस। खुफिया तंत्र इतना कमजोर हो चुका है कि जिले के अपराधियों के बारे में जानकारी ही नहीं मिल पा रही है। आतंकी तक यहां रह रहे हैं। इसका भी पता नहीं चल सका। कश्मीरी और म्यांमार के लोग यहां रहते रहे। तब भी सक्रियता नहीं। यहां के अपराधियों को दूसरे जिलों की पुलिस पकड़ रही है।
सहारनपुर पुलिस की आंखों के सामने से फरार हुए इसरान को पुलिस तलाशती ही रह गई और शामली पुलिस ने उसे दबोच लिया। यही नहीं सदर कोतवाली में दो माह पूर्व गुटखा व्यापारी से हुई 22 लाख की लूट का सदर पुलिस खुलासा नहीं कर पाई जबकि लूट के दोनों आरोपियों को मुजफ्फरनगर पुलिस ने गिरफ्तार कर कर लिया। दो दिन पूर्व सहारनपुर से 12 हजार के इनामी को भी मुजफ्फरनगर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
बिजनौर पुलिस ने दो दिन पूर्व कुतुबशेर के मानकमऊ पुलिस चौकी के सामने से ही लूट के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। देवबंद में हुई युवक की हत्या के आरोपी को चंदौसी पुलिस ने गिरफ्तार किया। शनिवार रात ही एसओजी की टीम देवबंद के मोहल्ला बड़जियाउलहक से भन्हेड़ा के दो युवकों को लूट के मामले में गिरफ्तार करके ले गई। ऐसे अन्य कई मामले हैं।
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हाल के ही आतंकियों की घटना में पुलिस आंखें फाड़े देखती ही रही और एटीएस ने देवबंद में वर्षों से आतंकियों के रहने का खुलासा कर दिया। मुजफ्फरनगर से पकड़ा गया आतंकी अब्दुल्लाह देवबंद में रह रहा था। कोलकाता पुलिस द्वारा दिल्ली से पकड़ा गया रजाउल रहमान भी एक अगस्त तक देवबंद में ही रहता रहा। फरार आतंकी फैजान भी देवबंद में वर्षों से रहता रहा। लेकिन पुलिस सोती रही।
--। विदेशियों का भी पता नहीं लगा पाई पुलिस
पुलिस की उदासीनता विदेशियों की जिले में मौजूदगी से पता चल रहा है। सहारनपुर में म्यांमार के दर्जनों परिवार काफी समय से रह रहे हैं और सहारनपुर पुलिस को कभी पता ही नहीं चला। दर्जनों कश्मीरी परिवार भी रह रहे हैं। लेकिन उनकी भी पुलिस को खबर नहीं लग सकी। मामला सार्वजनिक हुआ तो पुलिस चिह्नित करने में लग गई।
--। सहारनपुर पुलिस पूरी तरह सतर्क
एसएसपी बबलू कुमार का कहना है कि सहारनपुर पुलिस पूरी तरह से सतर्क है। जो अपराधी यहां से अपराध कर दूसरे जिलों में छिप जाते हैं, वे ही वहां की पुलिस की पकड़ में आ रहे हैं। सहारनपुर में हो रही घटनाओं के आरोपियों को पकड़ने का लगातार प्रयास किया जा रहा है।
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सहारनपुर। घटनाएं जिले में हो रहीं हैं। अपराधी भी यहीं रह रहे हैं। लेकिन पकड़ रही है दूसरे जिलों की पुलिस। खुफिया तंत्र इतना कमजोर हो चुका है कि जिले के अपराधियों के बारे में जानकारी ही नहीं मिल पा रही है। आतंकी तक यहां रह रहे हैं। इसका भी पता नहीं चल सका। कश्मीरी और म्यांमार के लोग यहां रहते रहे। तब भी सक्रियता नहीं। यहां के अपराधियों को दूसरे जिलों की पुलिस पकड़ रही है।
सहारनपुर पुलिस की आंखों के सामने से फरार हुए इसरान को पुलिस तलाशती ही रह गई और शामली पुलिस ने उसे दबोच लिया। यही नहीं सदर कोतवाली में दो माह पूर्व गुटखा व्यापारी से हुई 22 लाख की लूट का सदर पुलिस खुलासा नहीं कर पाई जबकि लूट के दोनों आरोपियों को मुजफ्फरनगर पुलिस ने गिरफ्तार कर कर लिया। दो दिन पूर्व सहारनपुर से 12 हजार के इनामी को भी मुजफ्फरनगर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
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बिजनौर पुलिस ने दो दिन पूर्व कुतुबशेर के मानकमऊ पुलिस चौकी के सामने से ही लूट के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। देवबंद में हुई युवक की हत्या के आरोपी को चंदौसी पुलिस ने गिरफ्तार किया। शनिवार रात ही एसओजी की टीम देवबंद के मोहल्ला बड़जियाउलहक से भन्हेड़ा के दो युवकों को लूट के मामले में गिरफ्तार करके ले गई। ऐसे अन्य कई मामले हैं।
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हाल के ही आतंकियों की घटना में पुलिस आंखें फाड़े देखती ही रही और एटीएस ने देवबंद में वर्षों से आतंकियों के रहने का खुलासा कर दिया। मुजफ्फरनगर से पकड़ा गया आतंकी अब्दुल्लाह देवबंद में रह रहा था। कोलकाता पुलिस द्वारा दिल्ली से पकड़ा गया रजाउल रहमान भी एक अगस्त तक देवबंद में ही रहता रहा। फरार आतंकी फैजान भी देवबंद में वर्षों से रहता रहा। लेकिन पुलिस सोती रही।
--। विदेशियों का भी पता नहीं लगा पाई पुलिस
पुलिस की उदासीनता विदेशियों की जिले में मौजूदगी से पता चल रहा है। सहारनपुर में म्यांमार के दर्जनों परिवार काफी समय से रह रहे हैं और सहारनपुर पुलिस को कभी पता ही नहीं चला। दर्जनों कश्मीरी परिवार भी रह रहे हैं। लेकिन उनकी भी पुलिस को खबर नहीं लग सकी। मामला सार्वजनिक हुआ तो पुलिस चिह्नित करने में लग गई।
--। सहारनपुर पुलिस पूरी तरह सतर्क
एसएसपी बबलू कुमार का कहना है कि सहारनपुर पुलिस पूरी तरह से सतर्क है। जो अपराधी यहां से अपराध कर दूसरे जिलों में छिप जाते हैं, वे ही वहां की पुलिस की पकड़ में आ रहे हैं। सहारनपुर में हो रही घटनाओं के आरोपियों को पकड़ने का लगातार प्रयास किया जा रहा है।