फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   संविदा परिचालक का नियुक्ति पत्र भेजकर मांगे साठ हजार रुपये

संविदा परिचालक का नियुक्ति पत्र भेजकर मांगे साठ हजार रुपये

Fri, 07 Sep 2018 11:53 PM IST
Updated Fri, 07 Sep 2018 11:53 PM IST
विज्ञापन
संविदा परिचालक का नियुक्ति पत्र भेजकर मांगे साठ हजार रुपये
सहारनपुर। रोडवेज में संविदा कर्मचारियों की भर्ती में एक बार फिर फर्जीवाड़ा सामने आया है। इस बार फर्जी तरीकेे से लखनऊ से एक अभ्यर्थी को नियुक्ति पत्र भेज दिया है। जिस पर कासगंज के डाकघर की मुहर लगी हुई है। नियुक्ति पत्र में वेतन भी बताया गया है। यह पत्र डायरेक्टर की ओर से भेजा गया बताया जा रहा है।
विज्ञापन

रोडवेज में संविदा परिचालकों की भर्ती में लगातार फर्जीवाड़ा सामने आ रहा है। इस बार ग्राम मुजफ्फराबाद निवासी सुमित कुमार को फर्जी नियुक्ति पत्र ही भेज दिया गया। मोबाइल नंबर भी दिया गया। सुमित ने बताया कि उसे तीन सितंबर को पंजीकृत डाक से नियुक्ति पत्र प्राप्त हुआ। जिस पर प्रेषक का नाम यूपीएसआरटीसी पता टेहरी कोटी एमजी मार्ग, लखनऊ उत्तर प्रदेश - 226001 लिखा था। पत्र पर संपर्क के लिए मोबाइल नंबर भी दिया गया है, लेकिन डाक मुहर कासगंज के भारतीय डाक तार विभाग की 27 अगस्त की लगी हुई है। लिफाफे में रखे नियुक्ति पत्र पर दिनांक शून्य सुमित कुमार के नाम संविदा कंडक्टर पद के समकक्ष रुपये 16500 मासिक वेतन पर परिवहन निगम की ओर से डायरेक्टर के अस्पष्ट हस्ताक्षर एवं मोहर लगी हुई है। तीन कापी में भेजे गए नियुक्ति पत्र पर भारत सरकार का लोगो सत्यमेव जयते छपा हुआ है एवं जमानत राशि जमा करने के लिए भी एक तालिका दी गई है। जिसमें केनरा बैंक धूमरी उत्तर प्रदेश के खाता नंबर दिया गया है। आईएफएससी कोड भी लिखा हुआ है तथा लेखाकार गीता का खाता बताया गया है।
विज्ञापन

रोडवेज के क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज कुमार ने बताया कि निगम की वेबसाइट यूपीएसआरटीसी डाट कॉम पर यह स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं जिसे निगम ने बुलाया है उसकी प्रतिभूति के रूप में दस हजार रुपये क्षेत्रीय प्रबंधक कार्यालय में जमा कराने हैं। संविदा सहित नियमित परिचालक की नियुक्ति प्राधिकारी डिपो का सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक है, न कि कोई डायरेक्टर अथवा मुख्यालय पदस्थ कोई अधिकारी। अत: यह लिफाफे में प्राप्त सभी कागजात फर्जी हैं। सुमित ने बताया कि उसके मोबाइल पर एक मोबाइल नंबर से फोन आया था और उससे साठ हजार रुपये मांगे गए थे। उसके बाद ही नियुक्ति पत्र देने के लिए कहा गया था। लेकिन तारीख एवं समय नहीं बताया गया। क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज कुमार ने बताया कि कुछ लोग अभ्यर्थियों के साथ फर्जीवाड़ा एवं धोखाधड़ी करने का प्रयास कर रहे हैं। इस मामले में उन्होंने एसपी सिटी को पत्र भेजकर एफआईआर दर्ज कराए जाने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed