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संप्रदायिक सौहार्र्द कायम रखना सबका कर्तव्य
Updated Sun, 13 Aug 2017 01:12 AM IST
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सहारनपुर। राष्ट्रीय सद्भावना फोरम ने वर्तमान परिस्थितियों और सांप्रदायिक सौहार्र्द पर विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस मौके पर भाईचारा कायम रखने का आह्वान किया गया।
शनिवार को अशोक नगर स्थित अमीना हाउस में विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि कौशलेंद्र स्वामी ने कहा कि देश हम सबका का है और सबको देश की चिंता होनी चाहिए। असामाजिक तत्व सांप्रदायिक सौहार्द को खत्म करने की साजिश रचते हैं। कुछ राजनीतिक दल भी अपना स्वार्थ साधने से पीछे नहीं रहते हैं। हमारे सरकार से तो वैचारिक मतभेद हो सकते हैं, लेकिन देश सर्वप्रिय है। देशहित के लिए जरूरी है कि आपसी भाईचारा बना रहे। जामा मस्जिद कला के मुख्य प्रबंधक मौलाना फरीद मजाहिरी ने कहा कि इस देश की मिट्टी में धार्मिक सौहार्द और भाईचारा बसा है, जिसको कुछ शक्तियां नुकसान पहुंचाने का कार्य करती हैं। ईद-उल-जुहा का त्योहार नजदीक है। ऐसे में सबकी जिम्मेदारी बनती है कि वह शरारती तत्वों पर नजर रखें और अफवाहों पर ध्यान न दें। फादर डेनियल मसीह ने कहा कि न जाने हमारे देश को किस की नजर लग गई है। हमारा भाईचारा खतरे में पड़ने लगा है। सभी धर्म मानवता, अमन, प्यार और मोहब्बत की शिक्षा देते हैं। हम सब इस पर अमल करे तो कोई माहौल खराब नहीं कर सकता है। जैन समाज के अध्यक्ष राजेश जैन ने कहा कि शासन-प्रशासन की जिम्मेदारी अपनी जगह है, लेकिन एक जिम्मेदार नागरिक होने के नाते आपसी भाईचारा कायम रखना हमारा कर्तव्य है। इस दौरान दलजीत सिंह कोचर, मोलाना सैय्यद, मोहम्मद जुनैद, मोहलाना साजिद, एम. शाहिद जुबैरी, कारी मोहम्मद नासिर, हाजी मोहम्मद अकबर, एस. आलम, बहार अहमद, खैैराती लाल, रवनवीर सेठ, संजय, मनोज कुमार मौजूद रहे।
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शनिवार को अशोक नगर स्थित अमीना हाउस में विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि कौशलेंद्र स्वामी ने कहा कि देश हम सबका का है और सबको देश की चिंता होनी चाहिए। असामाजिक तत्व सांप्रदायिक सौहार्द को खत्म करने की साजिश रचते हैं। कुछ राजनीतिक दल भी अपना स्वार्थ साधने से पीछे नहीं रहते हैं। हमारे सरकार से तो वैचारिक मतभेद हो सकते हैं, लेकिन देश सर्वप्रिय है। देशहित के लिए जरूरी है कि आपसी भाईचारा बना रहे। जामा मस्जिद कला के मुख्य प्रबंधक मौलाना फरीद मजाहिरी ने कहा कि इस देश की मिट्टी में धार्मिक सौहार्द और भाईचारा बसा है, जिसको कुछ शक्तियां नुकसान पहुंचाने का कार्य करती हैं। ईद-उल-जुहा का त्योहार नजदीक है। ऐसे में सबकी जिम्मेदारी बनती है कि वह शरारती तत्वों पर नजर रखें और अफवाहों पर ध्यान न दें। फादर डेनियल मसीह ने कहा कि न जाने हमारे देश को किस की नजर लग गई है। हमारा भाईचारा खतरे में पड़ने लगा है। सभी धर्म मानवता, अमन, प्यार और मोहब्बत की शिक्षा देते हैं। हम सब इस पर अमल करे तो कोई माहौल खराब नहीं कर सकता है। जैन समाज के अध्यक्ष राजेश जैन ने कहा कि शासन-प्रशासन की जिम्मेदारी अपनी जगह है, लेकिन एक जिम्मेदार नागरिक होने के नाते आपसी भाईचारा कायम रखना हमारा कर्तव्य है। इस दौरान दलजीत सिंह कोचर, मोलाना सैय्यद, मोहम्मद जुनैद, मोहलाना साजिद, एम. शाहिद जुबैरी, कारी मोहम्मद नासिर, हाजी मोहम्मद अकबर, एस. आलम, बहार अहमद, खैैराती लाल, रवनवीर सेठ, संजय, मनोज कुमार मौजूद रहे।
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