{"_id":"5bf1b116bdec2269aa2a283c","slug":"41542566166-saharanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुलिस ने किया अनशनकारियों को जबरन उठाने का प्रयास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पुलिस ने किया अनशनकारियों को जबरन उठाने का प्रयास
Updated Mon, 19 Nov 2018 12:06 AM IST
विज्ञापन
रामपुर मनिहारान (सहारनपुर)। मांगों को लेकर धरने के दौरान आमरण अनशन पर बैठे यूनिटेक मशीन्स के वर्करों के पास शनिवार की देर रात पहुंची एसडीएम और थानाध्यक्ष ने बिना अनुमति धरने पर बैठने की बात कहते हुए उन्हें उठाने का प्रयास किया। इसे लेकर प्रदर्शनकारियों की पुलिस प्रशासन से नोकझोंक हुई लेकिन पुलिस उन्हें नहीं उठा सकी।
शनिवार की रात धरनारत वर्करों के पास पुलिस फोर्स के साथ पहुंची एसडीएम संगीता ने आमरण अनशन कर रहे वर्करों से कहा कि वह बिना अनुमति के धरने पर बैठे हैं। ऐसे में उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी। पुलिस ने धरने पर बैठे वर्करों को उठाने का प्रयास किया तो पुलिस के साथ उनकी तीखी नोकझोंक हुई। बाद में वार्ता के लिए वर्करों की तरफ से दो लोगों का एक प्रतिनिधि मंडल कंपनी के प्रबंधन से मिला लेकिन कोई नतीजा नहीं निकल सका। एसडीएम ने कहा कि वर्कर जिस प्रकार से धरना आमरण अनशन कर रहे हैं, वह ठीक नहीं है। उधर कंपनी के हैड एचआर एसएम पिल्लई ने वार्ता के दौरान कहा कि निलंबित किए गए वर्कर न्यायालय में अपना पक्ष रख सकते हैं। उन्होंने कहा कि बाहरी तत्वों के साथ मिल कर धरना दे वर्कर कंपनी प्रबंधन पर नाजायज दबाव बनाने का काम कर रहे हैं जो उन्हें मंजूर नहीं है।वही दूसरी तरफ गांवों में यूनिटेक मशीन्स के पक्ष में लोग लामबंद होने लगे हैं। गांव जानखेडा, चेहडी, भांकला में सर्व समाज के लोगों ने बैठकों का आयोजन कर कहा कि यूनिटेक कंपनी में उनके बच्चे रोजगार पर लगे हैं। परंतु कुछ वर्कर बाहरी तत्वों के साथ मिलकर कंपनी को बंद कराने का षडयंत्र रच रहे हैं। उन्होंने कहा कि इनके मंसूबों को सफल नहीं होने दिया जाएगा। बैठक में बाबू, मदन, राजसिंह, ब्रजेश, शिवराज, रवि कुमार, सुशील, बीर सिंह, ओमकार आदि रहे।
विज्ञापन
शनिवार की रात धरनारत वर्करों के पास पुलिस फोर्स के साथ पहुंची एसडीएम संगीता ने आमरण अनशन कर रहे वर्करों से कहा कि वह बिना अनुमति के धरने पर बैठे हैं। ऐसे में उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी। पुलिस ने धरने पर बैठे वर्करों को उठाने का प्रयास किया तो पुलिस के साथ उनकी तीखी नोकझोंक हुई। बाद में वार्ता के लिए वर्करों की तरफ से दो लोगों का एक प्रतिनिधि मंडल कंपनी के प्रबंधन से मिला लेकिन कोई नतीजा नहीं निकल सका। एसडीएम ने कहा कि वर्कर जिस प्रकार से धरना आमरण अनशन कर रहे हैं, वह ठीक नहीं है। उधर कंपनी के हैड एचआर एसएम पिल्लई ने वार्ता के दौरान कहा कि निलंबित किए गए वर्कर न्यायालय में अपना पक्ष रख सकते हैं। उन्होंने कहा कि बाहरी तत्वों के साथ मिल कर धरना दे वर्कर कंपनी प्रबंधन पर नाजायज दबाव बनाने का काम कर रहे हैं जो उन्हें मंजूर नहीं है।वही दूसरी तरफ गांवों में यूनिटेक मशीन्स के पक्ष में लोग लामबंद होने लगे हैं। गांव जानखेडा, चेहडी, भांकला में सर्व समाज के लोगों ने बैठकों का आयोजन कर कहा कि यूनिटेक कंपनी में उनके बच्चे रोजगार पर लगे हैं। परंतु कुछ वर्कर बाहरी तत्वों के साथ मिलकर कंपनी को बंद कराने का षडयंत्र रच रहे हैं। उन्होंने कहा कि इनके मंसूबों को सफल नहीं होने दिया जाएगा। बैठक में बाबू, मदन, राजसिंह, ब्रजेश, शिवराज, रवि कुमार, सुशील, बीर सिंह, ओमकार आदि रहे।
विज्ञापन