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रिहायशी इलाके में चल रही है गता फैक्ट्री
Updated Sat, 04 Aug 2018 12:09 AM IST
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सहारनपुर। शारदा नगर की इंदिरा कालोनी में घनी आबादी के बीच चल रही थी गत्ता फैक्ट्री। इस फैक्ट्री में कॉमर्शियल सिलिंडरों के साथ घरेलू सिलिंडरों का भी प्रयोग किया जा रहा था। आग लगने से फटने वाले सिलिंडरों में अधिकांश घरेलू गैस सिलिंडर थे।
मोहल्ला शारदा नगर की इंदिरा कालोनी में घनी आबादी के बीच गत्ता फैक्ट्री चल रही थी, जबकि आबादी के बीच कोई भी व्यवसायिक कारखाना अथवा फैक्ट्री लगाया जाना गलत है। इस फैक्ट्री में घरेलू गैस सिलिंडरों का भी प्रयोग किया जा रहा था, जबकि व्यावसायिक सिलिंडरों का ही प्रयोग किया जाना चाहिए। शुक्रवार को हुए भयानक हादसे में एक के बाद एक करके सिलिंडरों का फटना शुरू हुआ तो पूरा इलाका दहशत में आ गया। सिलिंडर ऊपर की ओर उड़ते रहे और फटते रहे। एक सिलिंडर का तो पता ही नहीं चला कि कहां गया। लोगों का कहना है सिलिंडर ऊपर जाने की बजाय तिरछा होकर फटता तो बड़ा हादसा हो सकता था और जनहानि भी संभव थी। गनीमत यह रही कि कांवड़ मेले के चलते अधिकांश कर्मचारियों की कुछ दिन के लिए छुट्टी कर दी गई थी। चंद कर्मचारी ही फैक्ट्री में थे और बाहर की ओर थे। सभी कर्मचारी होते तो भी गंभीर घटना घटित हो सकती थी। इस मामले में जिला पूर्ति अधिकारी एसके मिश्रा का कहना है कि रसोई गैस के सिलिंडरों का कॉमर्शियल में प्रयोग होना गलत है। इसकी जांच कराई जाएगी और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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मोहल्ला शारदा नगर की इंदिरा कालोनी में घनी आबादी के बीच गत्ता फैक्ट्री चल रही थी, जबकि आबादी के बीच कोई भी व्यवसायिक कारखाना अथवा फैक्ट्री लगाया जाना गलत है। इस फैक्ट्री में घरेलू गैस सिलिंडरों का भी प्रयोग किया जा रहा था, जबकि व्यावसायिक सिलिंडरों का ही प्रयोग किया जाना चाहिए। शुक्रवार को हुए भयानक हादसे में एक के बाद एक करके सिलिंडरों का फटना शुरू हुआ तो पूरा इलाका दहशत में आ गया। सिलिंडर ऊपर की ओर उड़ते रहे और फटते रहे। एक सिलिंडर का तो पता ही नहीं चला कि कहां गया। लोगों का कहना है सिलिंडर ऊपर जाने की बजाय तिरछा होकर फटता तो बड़ा हादसा हो सकता था और जनहानि भी संभव थी। गनीमत यह रही कि कांवड़ मेले के चलते अधिकांश कर्मचारियों की कुछ दिन के लिए छुट्टी कर दी गई थी। चंद कर्मचारी ही फैक्ट्री में थे और बाहर की ओर थे। सभी कर्मचारी होते तो भी गंभीर घटना घटित हो सकती थी। इस मामले में जिला पूर्ति अधिकारी एसके मिश्रा का कहना है कि रसोई गैस के सिलिंडरों का कॉमर्शियल में प्रयोग होना गलत है। इसकी जांच कराई जाएगी और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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