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Rampur News: पालिका की अनदेखी लोगों पर भारी, खूंखार कुत्ते बना रहे लोगों को निशाना

Sun, 23 Feb 2025 01:01 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर Updated Sun, 23 Feb 2025 01:01 AM IST
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Ignoring the municipality, people are being targeted by ferocious dogs.
रामपुर। नगर पालिका की अनदेखी के चलते जिलेभर में आवारा कुत्तों का आंतक बढ़ता जा रहा है। कुत्ते आए दिन लोगों को काटकर घायल कर रह हैं। नगर पालिका की ओर से कुत्तों से निजात दिलाने के लिए कोई इंतजाम नहीं किए जा रहे हैं। जिससे लोगों में दहशत का माहौल है। जिला अस्पताल में प्रतिमाह 600 से 700 लोग एंटी रैबीज लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं।
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शहर के कई इलाके में आवारा कुत्ते लोगों को काटने के साथ ही बाइक सवारों को दौड़ा रहे हैं। जिससे कई बार बाइक सवार लोग हादसे का शिकार हो जाते हैं। मोहल्ला पक्का बाग, पुराना गंज, बिलासपुर गेट, मछली बाजार, तोपखाना, कुंडा, घेर मर्दान खां, जेल रोड, शुतर खाना, पहाडी गेट, राजद्वारा, पीलू मस्जिद इलाके में कुत्तों का आतंक ज्यादा है। यह कुत्ते लोगों को पांव, हाथ घुटने तक ज्यादा अटैक कर रहे हैं। पिछले माह जनवरी में 724 लोग इनकी चपेट में आ चुके हैं और अब फरवरी माह में फिर चार लोगाें को काटा है। जिनका उपचार कराया गया। इन कुत्तों के आतंक से निपटने के लिए नगर पालिका ने प्रयास किए थे, लेकिन वह विफल रहे हैं। इन कुत्तों का अब तक पालिका के पास कोई पंजीकरण भी नहीं, जिससे खूंखार आवारा कुत्ते हैं, इसका पता लगाया जा सके। ऐसे में प्रशासन और पालिका की तरफ से इनकी रोकथाम को नई योजना नहीं बनाई गई है।
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एक साल में 7158 मरीज बने निशाना
नगर पालिका क्षेत्र रामपुर की अगर बात करें तो एक साल के भीतर 7158 लोगों को कुत्तों ने निशाना बनाया था। जिनको एंटीरैबीज लगवाया गया था। जिला अस्पताल में इनका उपचार कराया गया था।
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कुत्ते पकड़ने में नाकाम रही कंपनी
39 लाख के ठेके के साथ नगर पालिका ने शहर के खूंखार कुत्तों को पकड़ने के लिए कंपनी को ठेका दिया था। इसके बाद से न तो कंपनी का काम धरातल पर दिखाई दिया और न ही अधिकारियों ने इसकी सुध ली। लखनऊ की एक कंपनी से अनुबंध होने के बाद शुरू में कुत्तों को पकड़ने का सिलसिला शुरू हुआ। कई कुत्तों को टीम पकड़ कर ले गई और एबीसी सेंटर पर छोड़ने लगी, लेकिन एक हफ्ते बाद ही कंपनी का अभियान ठंडा पड़ गया। जानकारी है कि अब फिर से टेंडर का प्रयास किया जा रहा है।

आतंक बढ़ते ही एंटी रैबीज का इंतजाम
मौजूदा समय में जिले में कुत्ते काटे के मरीज ज्यादा बढ़ रहे हैं। इसको देखते हुए जिला अस्पताल में पर्याप्त मात्रा में एंटी रैबीज वॉयल उपलब्ध हैं। एक रैक में पांच वॉयल होती हैं। ऐसे में इस समय वेयर हाऊस में 10176 वाॅयल का स्टॉक आया हैं, जबकि जिला अस्पताल में 1 हजार 40 वॉयल किट रखी हैं।

वर्जन
कुत्ते काटने के मरीज अस्पताल में पहुंच रहे हैं। इसके लिए अस्पताल में एंटी रैबीज वॉयल पूरी तरह से उपलब्ध हैं। जबकि वेयर हाऊस में भी इसका स्टॉक रखा है। मरीजों को एंटी रैबीज लगाई जा रही है। --डॉ. एचके मित्रा, सीएमएस


पिछली कंपनी चली गई थी। इस बार नया टेंडर कराया जा रहा है जो कि खूंखार कुत्तों को पकड़ेगी और उनका बधियाकरण कर छोड़ा जाएगा। इसके लिए प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। -डॉ. दुर्गेश्वर त्रिपाठी, अधिशासी अधिकारी
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