{"_id":"82959cf3350e236d2bb661c2d398bfc4","slug":"one-arrested-in-court-of-contempt-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कलेक्ट्रेट गेट पर बेची जा रही प्रचार सामग्री जब्त, विक्रेता गिरफ्तार","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
कलेक्ट्रेट गेट पर बेची जा रही प्रचार सामग्री जब्त, विक्रेता गिरफ्तार
ब्यूरो/अमर उजाला रामपुर
Updated Tue, 06 Oct 2015 11:57 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कलेक्ट्रेट के गेट पर प्रचार सामग्री बेचना विक्रेता को महंगा पड़ गया। डीएम के आदेश पर पुलिस ने उसकी प्रचार सामग्री जब्त कर ली और गिरफ्तार कर लिया। प्रचार सामग्री पर मुद्रक का नाम होने की वजह से उसे पकड़ा गया है। आचार संहिता का मुकदमा दर्ज कराने की तैयारी की जा रही है।
कलेक्ट्रेट में इन दिनों जिला पंचायत सदस्य पद के लिए नामांकन प्रक्रिया चल रही है। चुनावी शोरगुल का फायदा उठाने के लिए प्रचार सामग्री विक्रेता भी सक्रिय हो गए हैं। कई दिनों से कलेक्ट्रेट के गेट पर कुछ लोग प्रचार सामग्री बेच रहे थे। कई पार्टियों के चुनाव चिह्न भी बेचे जा रहे थे।
मंगलवार को नाम वापसी और चुनाव चिह्न आवंटित होने के बाद यहां भारी भीड़ लगी हुई थी। डीएम की नजर विक्रेता पर पड़ गई। डीएम ने प्रचार सामग्री चेक करने के निर्देश दिए। पुलिस ने प्रचार सामग्री जब्त कर ली और विक्रेता को डीएम के आदेश पर गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ आचार संहिता के उल्लंघन का मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
विज्ञापन
डीएम राकेश कुमार सिंह ने बताया कि प्रचार सामग्री पर मुद्रक का नाम होना जरूरी है। विक्रेता के पास जो प्रचार सामग्री थी उस पर मुद्रक का नाम नहीं था। जिले के सभी आरओ और एआरओ के साथ एसडीएम को निर्देश दिया है कि अवैध तरीके से बेची जा रही प्रचार सामग्री को जब्त कर लिया जाए।
वहीं, आचार संहिता के पालन के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत मंगलवार को शाहबाद, मिलक, चमरौवा समेत अन्य इलाकों में सौ से ज्यादा प्रचार पोस्टर और बैनर जब्त कर लिए गए। टांडा में भी एक वाहन सीज कर दिया गया।
विज्ञापन
कलेक्ट्रेट में इन दिनों जिला पंचायत सदस्य पद के लिए नामांकन प्रक्रिया चल रही है। चुनावी शोरगुल का फायदा उठाने के लिए प्रचार सामग्री विक्रेता भी सक्रिय हो गए हैं। कई दिनों से कलेक्ट्रेट के गेट पर कुछ लोग प्रचार सामग्री बेच रहे थे। कई पार्टियों के चुनाव चिह्न भी बेचे जा रहे थे।
विज्ञापन
मंगलवार को नाम वापसी और चुनाव चिह्न आवंटित होने के बाद यहां भारी भीड़ लगी हुई थी। डीएम की नजर विक्रेता पर पड़ गई। डीएम ने प्रचार सामग्री चेक करने के निर्देश दिए। पुलिस ने प्रचार सामग्री जब्त कर ली और विक्रेता को डीएम के आदेश पर गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ आचार संहिता के उल्लंघन का मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
विज्ञापन
डीएम राकेश कुमार सिंह ने बताया कि प्रचार सामग्री पर मुद्रक का नाम होना जरूरी है। विक्रेता के पास जो प्रचार सामग्री थी उस पर मुद्रक का नाम नहीं था। जिले के सभी आरओ और एआरओ के साथ एसडीएम को निर्देश दिया है कि अवैध तरीके से बेची जा रही प्रचार सामग्री को जब्त कर लिया जाए।
वहीं, आचार संहिता के पालन के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत मंगलवार को शाहबाद, मिलक, चमरौवा समेत अन्य इलाकों में सौ से ज्यादा प्रचार पोस्टर और बैनर जब्त कर लिए गए। टांडा में भी एक वाहन सीज कर दिया गया।