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मानव व जीवों की सलामती के लिए अच्छा पर्यावरण जरूरी
रायबरेली/ अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 21 Jan 2016 11:24 PM IST
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एक मंच साझा हुआ तो न सिर्फ पर्यावरण पर मंडरा रहे खतरे को लेकर हर किसी में चिंता दिखी। बल्कि इसे बचाने के लिए उत्साह भी दिखा।
अधिकारियों और निर्माण क्षेत्र से संबंधित लोगों ने मानव और जीव जंतुओं की सलामती के लिए शुद्ध पर्यावरण को अहम बताया। दो टूक कहा कि दिनोंदिन खराब होता पर्यावरण खतरे की घंटी है।
प्रदूषण रोकने के लिए हमें साझा लड़ाई लड़नी होगी। ये विचार ‘अमर उजाला’ व मैक्स ब्लॉक्स के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को आयोजित पर्यावरण चौपाल में उभरकर सामने आए।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एडीएम प्रशासन एससी चौधरी ने कचहरी रोड स्थित दीप पैलेस में आयोजित पर्यावरण चौपाल का दीप प्रज्ज्वलन कर शुभारंभ किया।
एडीएम ने कहा कि आज पर्यावरण बचाना सबसे बड़ी चुनौती है। मानव और जीव जंतुओं की सलामती के लिए पर्यावरण बहुत अहम है। शहर में पार्किंग की व्यवस्था न होना भी पर्यावरण बिगड़ने की वजह बनता है।
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ऐसे में प्रदूषण के खात्मे के लिए पार्किंग व्यवस्था करना जरूरी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि लोग तेजी से घर बनवा रहे हैं। जरूरी है कि एक कमरे के ऊपर दूसरा कमरा बनवाया जाए।
बाकी जमीन का इस्तेमाल पौधे लगाने के लिए करें। विशिष्ट अतिथि फिरोज गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के निदेशक आरपी शर्मा ने पर्यावरण पर बढ़ते खतरे को लेकर चिंता जताई।
कहा कि सभी लोगों को साफ-सुथरा पर्यावरण बनाने के लिए काम करना होगा। अधिक से अधिक पौधे लगाए जाएं। ध्वनि, वायु, जल प्रदूषण रोकने के लिए सख्ती भी जरूरी है।
रायबरेली विकास प्राधिकरण के अधिशासी अभियंता एसके सिन्हा ने कहा कि दूषित पर्यावरण चिंता का विषय है। कोर्ट ने खुद इस पर चिंता जताई है। हरे पेड़ों का कटान तेजी से हो रहा है।
जिसका असर पर्यावरण पर पड़ रहा है। वाहनों की तादाद बढ़ रही है। इससे वायु प्रदूषण हो रहा है। इसको लेकर हमें मंथन करके अच्छी पहल करनी चाहिए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए नगर पालिका परिषद के चेयरमैन मो. इलियास ने कहा कि प्रदूषण एक बुराई है। बुराई जिस दिन दूर हो जाएगी, उस दिन पर्यावरण ठीक हो जाएगा।
इसके लिए जरूरी है कि स्कूलों में पर्यावरण को लेकर क्लास चलाई जाए। स्कूलों के छात्र-छात्राओं के माध्यम से पर्यावरण बचाने की मुहिम चलाई जाए। इससे शुरू से ही बच्चों के मन में पर्यावरण को लेकर जागरूकता पैदा होगी।
यूकोटेक प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक ऋषभ जैन ने कहा कि 10 से 20 फीसदी प्रदूषण बिल्डिंग मैटेरियल से हो रहा है। जिसे कम करना बहुत जरूरी है।
प्रदूषण कम करने के लिए कटारिया समूह ने ऑटो क्लेंड एरिटेड क्रंकीट का विश्व स्तरीय प्लांट लगाया है। इसमें कम वजन के कारण सरिया, सीमेंट की बचत होगी।
इससे पर्यावरण संतुलित होगा। चौपाल का संचालन विजय सिंह व सूरज शुक्ला ने किया। इस मौके पर बसंत सिंह बग्गा, पंकज मुरारका, अतुल गुप्ता, विनय द्विवेदी, शशिकांत शर्मा, महेंद्र अग्रवाल, संजय समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
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अधिकारियों और निर्माण क्षेत्र से संबंधित लोगों ने मानव और जीव जंतुओं की सलामती के लिए शुद्ध पर्यावरण को अहम बताया। दो टूक कहा कि दिनोंदिन खराब होता पर्यावरण खतरे की घंटी है।
प्रदूषण रोकने के लिए हमें साझा लड़ाई लड़नी होगी। ये विचार ‘अमर उजाला’ व मैक्स ब्लॉक्स के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को आयोजित पर्यावरण चौपाल में उभरकर सामने आए।
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कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एडीएम प्रशासन एससी चौधरी ने कचहरी रोड स्थित दीप पैलेस में आयोजित पर्यावरण चौपाल का दीप प्रज्ज्वलन कर शुभारंभ किया।
एडीएम ने कहा कि आज पर्यावरण बचाना सबसे बड़ी चुनौती है। मानव और जीव जंतुओं की सलामती के लिए पर्यावरण बहुत अहम है। शहर में पार्किंग की व्यवस्था न होना भी पर्यावरण बिगड़ने की वजह बनता है।
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ऐसे में प्रदूषण के खात्मे के लिए पार्किंग व्यवस्था करना जरूरी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि लोग तेजी से घर बनवा रहे हैं। जरूरी है कि एक कमरे के ऊपर दूसरा कमरा बनवाया जाए।
बाकी जमीन का इस्तेमाल पौधे लगाने के लिए करें। विशिष्ट अतिथि फिरोज गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के निदेशक आरपी शर्मा ने पर्यावरण पर बढ़ते खतरे को लेकर चिंता जताई।
कहा कि सभी लोगों को साफ-सुथरा पर्यावरण बनाने के लिए काम करना होगा। अधिक से अधिक पौधे लगाए जाएं। ध्वनि, वायु, जल प्रदूषण रोकने के लिए सख्ती भी जरूरी है।
रायबरेली विकास प्राधिकरण के अधिशासी अभियंता एसके सिन्हा ने कहा कि दूषित पर्यावरण चिंता का विषय है। कोर्ट ने खुद इस पर चिंता जताई है। हरे पेड़ों का कटान तेजी से हो रहा है।
जिसका असर पर्यावरण पर पड़ रहा है। वाहनों की तादाद बढ़ रही है। इससे वायु प्रदूषण हो रहा है। इसको लेकर हमें मंथन करके अच्छी पहल करनी चाहिए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए नगर पालिका परिषद के चेयरमैन मो. इलियास ने कहा कि प्रदूषण एक बुराई है। बुराई जिस दिन दूर हो जाएगी, उस दिन पर्यावरण ठीक हो जाएगा।
इसके लिए जरूरी है कि स्कूलों में पर्यावरण को लेकर क्लास चलाई जाए। स्कूलों के छात्र-छात्राओं के माध्यम से पर्यावरण बचाने की मुहिम चलाई जाए। इससे शुरू से ही बच्चों के मन में पर्यावरण को लेकर जागरूकता पैदा होगी।
यूकोटेक प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक ऋषभ जैन ने कहा कि 10 से 20 फीसदी प्रदूषण बिल्डिंग मैटेरियल से हो रहा है। जिसे कम करना बहुत जरूरी है।
प्रदूषण कम करने के लिए कटारिया समूह ने ऑटो क्लेंड एरिटेड क्रंकीट का विश्व स्तरीय प्लांट लगाया है। इसमें कम वजन के कारण सरिया, सीमेंट की बचत होगी।
इससे पर्यावरण संतुलित होगा। चौपाल का संचालन विजय सिंह व सूरज शुक्ला ने किया। इस मौके पर बसंत सिंह बग्गा, पंकज मुरारका, अतुल गुप्ता, विनय द्विवेदी, शशिकांत शर्मा, महेंद्र अग्रवाल, संजय समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।