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धूप में यात्री हो रहे परेशान, नहीं मिलता ठंडा पानी
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पानी के लिए दिखी अफरातफरी
करीब तीन घंटे की देरी से आई जनता एक्सप्रेस के रुकते ही यात्री ट्रेन से उतरकर सीधे नलों की तरफ भागे। किसी ने नल से पानी पीकर प्यास बुझाई तो किसी ने बोतल में पानी भरा। पानी भले ही ठंडा न हो, लेकिन हर कोई अगले स्टेशन तक के लिए पानी का इंतजाम करने में जुटा दिखा।
पैदल पुल से जाने के बजाय पार किया ट्रैक
रेलवे स्टेशन पर प्लेटफार्म नंबर दो-तीन से एक पर आने के लिए पश्चिमी साइड पर पैदल पुल बना है, लेकिन इससे होकर जाने में यात्रियों को लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। ऐसे में दूसरी लाइनों पर कोई गाड़ी न देख ज्यादातर यात्री पैदल पुल के बजाये ट्रैक पार प्लेटफार्म नंबर एक पर आए और बाहर चले गए।
धूप से बचने को हरी झंडी को सिर पर रख लिया
नए बनाए गए प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर टिनशेड नहीं लगाया गया है। यात्री ही नहीं, रेलवे कर्मचारी भी परेशान होते हैं। चिलचिलाती धूप में झुलसना पड़ता है। करीब 25 मिनट तक खड़ी रही जनता मेल के गार्ड समेत अन्य कर्मचारी काफी परेशान दिखे। एक ने अपने सर पर हरी झंडी तो दूसरे ने गमछा रखकर धूप से बचाया।
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रायबरेली। चिलचिलाती धूप में खड़ा रहना, गर्म पानी से प्यास बुझाना, लंबी दौड़ लगाकर ट्रेन पकड़ना यात्रियों के लिए आम बात हो गई है। इस समस्या से खुद रेलवे कर्मचारी भी जूझते हैं। रेलवे स्टेशन पर कहने के लिए बहुत सुविधाएं बढ़ाई गईं हैं, लेकिन यात्रियों को रोज समस्याओं से दो-चार होना पड़ता है।
लखनऊ की ओर से आने वाली ज्यादातर गाड़ियां प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर रोकी जाती हैं। प्लेटफार्म नंबर एक से दो-तीन पर जाने के लिए महज एक पैदल पुल पश्चिमी साइड पर बना है, जिससे होकर जाने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है।
दूसरा पैदल पुल अभी नहीं बना है। प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर टिनशेड नहीं लगा है। ट्रेन का इंतजार करना हो या गाड़ी से उतरने वाले यात्री हो, सभी को धूप में ही खड़े रहना पड़ता है। वाटर बूथ पर ठंडा पानी भी लिखा है, लेकिन यात्रियों को ठंडा पानी कम ही मिल पाता है।
नौचंदी, पंजाब मेल तीन घंटे से ज्यादा लेट
रविवार को कई ट्रेनें काफी विलंब से आई। इस गर्मी में यात्री काफी परेशान हुए। अमृतसर से हावड़ा जाने वाली पंजाब मेल साढ़े तीन घंटे, सहारनपुर से प्रयागराज संगम जाने वाली नौचंदी एक्सप्रेस सवा तीन घंटे, देहरादून से वाराणसी जाने वाली जनता मेल तीन घंटे की देरी से आई।
दिल्ली से प्रतापगढ़ जाने वाली पद्मावत एक्सप्रेस और वाराणसी से देहरादून जाने वाली जनता मेल दो-दो घंटे लेट रहीं। हावड़ा से अमृतसर जाने वाली पंजाब मेल भी एक घंटे की देरी से आने के कारण यात्री परेशान हुए।
लंबी दूरी की कुछ गाड़ियां पिछले स्टेशनों से ही लेट हो रही हैं। यात्रियों को ठंडा पानी मिलता रहे, इसका ख्याल रखा जा रहा है। कोई खामी आने पर तुरंत दुरुस्त करा लिया जाता है। प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर टिनशेड कब लगेगा, दूसरा पैदल पुल कब तैयार होगा, इस बारे में उच्चाधिकारी ही बता सकते हैं।
-राकेश कुमार, स्टेशन अधीक्षक
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करीब तीन घंटे की देरी से आई जनता एक्सप्रेस के रुकते ही यात्री ट्रेन से उतरकर सीधे नलों की तरफ भागे। किसी ने नल से पानी पीकर प्यास बुझाई तो किसी ने बोतल में पानी भरा। पानी भले ही ठंडा न हो, लेकिन हर कोई अगले स्टेशन तक के लिए पानी का इंतजाम करने में जुटा दिखा।
पैदल पुल से जाने के बजाय पार किया ट्रैक
रेलवे स्टेशन पर प्लेटफार्म नंबर दो-तीन से एक पर आने के लिए पश्चिमी साइड पर पैदल पुल बना है, लेकिन इससे होकर जाने में यात्रियों को लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। ऐसे में दूसरी लाइनों पर कोई गाड़ी न देख ज्यादातर यात्री पैदल पुल के बजाये ट्रैक पार प्लेटफार्म नंबर एक पर आए और बाहर चले गए।
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धूप से बचने को हरी झंडी को सिर पर रख लिया
नए बनाए गए प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर टिनशेड नहीं लगाया गया है। यात्री ही नहीं, रेलवे कर्मचारी भी परेशान होते हैं। चिलचिलाती धूप में झुलसना पड़ता है। करीब 25 मिनट तक खड़ी रही जनता मेल के गार्ड समेत अन्य कर्मचारी काफी परेशान दिखे। एक ने अपने सर पर हरी झंडी तो दूसरे ने गमछा रखकर धूप से बचाया।
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रायबरेली। चिलचिलाती धूप में खड़ा रहना, गर्म पानी से प्यास बुझाना, लंबी दौड़ लगाकर ट्रेन पकड़ना यात्रियों के लिए आम बात हो गई है। इस समस्या से खुद रेलवे कर्मचारी भी जूझते हैं। रेलवे स्टेशन पर कहने के लिए बहुत सुविधाएं बढ़ाई गईं हैं, लेकिन यात्रियों को रोज समस्याओं से दो-चार होना पड़ता है।
लखनऊ की ओर से आने वाली ज्यादातर गाड़ियां प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर रोकी जाती हैं। प्लेटफार्म नंबर एक से दो-तीन पर जाने के लिए महज एक पैदल पुल पश्चिमी साइड पर बना है, जिससे होकर जाने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है।
दूसरा पैदल पुल अभी नहीं बना है। प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर टिनशेड नहीं लगा है। ट्रेन का इंतजार करना हो या गाड़ी से उतरने वाले यात्री हो, सभी को धूप में ही खड़े रहना पड़ता है। वाटर बूथ पर ठंडा पानी भी लिखा है, लेकिन यात्रियों को ठंडा पानी कम ही मिल पाता है।
नौचंदी, पंजाब मेल तीन घंटे से ज्यादा लेट
रविवार को कई ट्रेनें काफी विलंब से आई। इस गर्मी में यात्री काफी परेशान हुए। अमृतसर से हावड़ा जाने वाली पंजाब मेल साढ़े तीन घंटे, सहारनपुर से प्रयागराज संगम जाने वाली नौचंदी एक्सप्रेस सवा तीन घंटे, देहरादून से वाराणसी जाने वाली जनता मेल तीन घंटे की देरी से आई।
दिल्ली से प्रतापगढ़ जाने वाली पद्मावत एक्सप्रेस और वाराणसी से देहरादून जाने वाली जनता मेल दो-दो घंटे लेट रहीं। हावड़ा से अमृतसर जाने वाली पंजाब मेल भी एक घंटे की देरी से आने के कारण यात्री परेशान हुए।
लंबी दूरी की कुछ गाड़ियां पिछले स्टेशनों से ही लेट हो रही हैं। यात्रियों को ठंडा पानी मिलता रहे, इसका ख्याल रखा जा रहा है। कोई खामी आने पर तुरंत दुरुस्त करा लिया जाता है। प्लेटफार्म नंबर दो-तीन पर टिनशेड कब लगेगा, दूसरा पैदल पुल कब तैयार होगा, इस बारे में उच्चाधिकारी ही बता सकते हैं।
-राकेश कुमार, स्टेशन अधीक्षक