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Raebareli News: ताक पर नियम, सर्वे में ही कर दिया खेल
Wed, 03 Sep 2025 12:47 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, रायबरेली
Updated Wed, 03 Sep 2025 12:47 AM IST
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शहर का विहंगम दृश्य।
रायबरेली। शहर के करीब 15 हजार अपंजीकृत मकानों को पंजीकृत करने के लिए शुरू किए गए जनरल सर्वे में ही खेल कर दिया गया। वैसे तो शुरुआत वार्ड नंबर एक से होनी चाहिए थी, लेकिन कर अधीक्षक और राजस्व निरीक्षकों ने वार्ड नंबर आठ मुंशीगंज और वार्ड नंबर 11 महानंदपुर से सर्वे कार्य शुरू कर दिया। मनमाने तरीके से शहरवासियों पर टैक्स लगाने लगे। सभासदों के विरोध के चलते पालिकाध्यक्ष ने सर्वे पर फिलहाल रोक लगा दी है।
शहर के तहत 34 वार्डों में करीब ढाई लाख से ज्यादा की आबादी रहती है। शासन की तरफ से शहर में जनरल सर्वे कराने की बात कही गई थी। 16 जून 2025 को पालिका की बोर्ड की बैठक में जनरल सर्वे कराने पर मोहर लग गई थी। कर अधीक्षक और राजस्व निरीक्षकों ने सर्वे तो शुरू किया, लेकिन मानक का ध्यान नहीं रखा। यही वजह रही कि वार्ड नंबर एक से वार्ड नंबर 34 तक सर्वे कराने के बजाय बीच के वार्डों से मनमाने तरीके से सर्वे कराया। मुंशीगंज और महानंदपुर वार्ड का सर्वे का कार्य पूरा भी करा लिया गया। मनचाहे तरीके से शहरवासियों पर टैक्स भी लगा दिया।
45 हजार ही मकान पंजीकृत
शहर क्षेत्र का विस्तार तेजी के साथ हो रहा है। शहर के उन इलाकों राजघाट, मुंशीगंज, त्रिपुला, रतापुर, देवानंदपुर, मटिहा, पीएसी रोड में लोग मकान बनाकर रहने लगे हैं, जहां पालिका के अफसरों की नजर नहीं गई थी। यानी पालिका में मकान पंजीकृत नहीं कराए गए। ऐेसे में यह मकान मालिक पालिका को टैक्स नहीं देते हैं और सुविधाएं शहर की ले रहे हैं।
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अफसरों के मुताबिक मौजूदा समय में पालिका में 45 हजार मकान पंजीकृत हैं। करीब 15 हजार मकान मालिक ऐसे हैं, जो हाउस टैक्स के दायरे से बाहर हैं, क्योंकि उनके मकान ही पंजीकृत नहीं हैं। इस बार करीब नौ करोड़ रुपये का टैक्स अब तक वसूला जा चुका है।
बोर्ड की बैठक में पुष्टि नहीं कराई तो कैसे शुरू किया सर्वे
वार्ड नंबर तीन देवानंदपुर के सभासद जयप्रकाश वर्मा का कहना है कि बोर्ड की बैठक में पुष्टि कराए बिना मुंशीगंज और देवानंदपुर वार्ड में सर्वे कैसे करा दिया गया। पालिकाध्यक्ष ने सर्वे का कार्य रोक तो दिया है, लेकिन नियमों को ताक पर रखकर सर्वे करने वाले कर अधीक्षक व राजस्व कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। वार्ड नंबर 29 प्रकाश नगर के सभासद सतीश कुमार मिश्रा कहते हैं कि आपत्ति जताने पर सर्वे कार्य रोका गया है। कोई कार्य कराने के लिए बोर्ड की बैठक में पहले प्रस्ताव पारित होता है और फिर उसकी पुष्टि कराई जाती है। यहां ऐसा नहीं किया गया।
मानक के विपरीत शहर में जनरल सर्वे शुरू कराया गया था, जिस पर रोक लगा दी गई है। कर अधीक्षक व राजस्व कर्मियों को हिदायत दी गई है कि सर्वे करने की शिकायत मिली तो उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। बोर्ड की बैठक में सभासदों से पुष्टि कराने के बाद सर्वे कार्य कराया जाएगा।
शत्रोहन सोनकर, नगर पालिकाध्यक्ष
मानक के विपरीत तहत जनरल सर्वे शुरू कराए जाने की जानकारी नहीं है। इस प्रकरण को दिखवाया जाएगा। मानक के तहत ही सर्वे का कार्य कराया जाएगा।
स्वर्ण सिंह, ईओ, नगर पालिका परिषद रायबरेली
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शहर के तहत 34 वार्डों में करीब ढाई लाख से ज्यादा की आबादी रहती है। शासन की तरफ से शहर में जनरल सर्वे कराने की बात कही गई थी। 16 जून 2025 को पालिका की बोर्ड की बैठक में जनरल सर्वे कराने पर मोहर लग गई थी। कर अधीक्षक और राजस्व निरीक्षकों ने सर्वे तो शुरू किया, लेकिन मानक का ध्यान नहीं रखा। यही वजह रही कि वार्ड नंबर एक से वार्ड नंबर 34 तक सर्वे कराने के बजाय बीच के वार्डों से मनमाने तरीके से सर्वे कराया। मुंशीगंज और महानंदपुर वार्ड का सर्वे का कार्य पूरा भी करा लिया गया। मनचाहे तरीके से शहरवासियों पर टैक्स भी लगा दिया।
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45 हजार ही मकान पंजीकृत
शहर क्षेत्र का विस्तार तेजी के साथ हो रहा है। शहर के उन इलाकों राजघाट, मुंशीगंज, त्रिपुला, रतापुर, देवानंदपुर, मटिहा, पीएसी रोड में लोग मकान बनाकर रहने लगे हैं, जहां पालिका के अफसरों की नजर नहीं गई थी। यानी पालिका में मकान पंजीकृत नहीं कराए गए। ऐेसे में यह मकान मालिक पालिका को टैक्स नहीं देते हैं और सुविधाएं शहर की ले रहे हैं।
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अफसरों के मुताबिक मौजूदा समय में पालिका में 45 हजार मकान पंजीकृत हैं। करीब 15 हजार मकान मालिक ऐसे हैं, जो हाउस टैक्स के दायरे से बाहर हैं, क्योंकि उनके मकान ही पंजीकृत नहीं हैं। इस बार करीब नौ करोड़ रुपये का टैक्स अब तक वसूला जा चुका है।
बोर्ड की बैठक में पुष्टि नहीं कराई तो कैसे शुरू किया सर्वे
वार्ड नंबर तीन देवानंदपुर के सभासद जयप्रकाश वर्मा का कहना है कि बोर्ड की बैठक में पुष्टि कराए बिना मुंशीगंज और देवानंदपुर वार्ड में सर्वे कैसे करा दिया गया। पालिकाध्यक्ष ने सर्वे का कार्य रोक तो दिया है, लेकिन नियमों को ताक पर रखकर सर्वे करने वाले कर अधीक्षक व राजस्व कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। वार्ड नंबर 29 प्रकाश नगर के सभासद सतीश कुमार मिश्रा कहते हैं कि आपत्ति जताने पर सर्वे कार्य रोका गया है। कोई कार्य कराने के लिए बोर्ड की बैठक में पहले प्रस्ताव पारित होता है और फिर उसकी पुष्टि कराई जाती है। यहां ऐसा नहीं किया गया।
मानक के विपरीत शहर में जनरल सर्वे शुरू कराया गया था, जिस पर रोक लगा दी गई है। कर अधीक्षक व राजस्व कर्मियों को हिदायत दी गई है कि सर्वे करने की शिकायत मिली तो उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। बोर्ड की बैठक में सभासदों से पुष्टि कराने के बाद सर्वे कार्य कराया जाएगा।
शत्रोहन सोनकर, नगर पालिकाध्यक्ष
मानक के विपरीत तहत जनरल सर्वे शुरू कराए जाने की जानकारी नहीं है। इस प्रकरण को दिखवाया जाएगा। मानक के तहत ही सर्वे का कार्य कराया जाएगा।
स्वर्ण सिंह, ईओ, नगर पालिका परिषद रायबरेली