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बेटों की लंबी उम्र के लिए माताओं ने रखा व्रत
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हलछठ पर पूजा करती महिलाएं।
- फोटो : RAIBARAILY
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रायबरेली। जिले में शनिवार को हलछठ का पर्व मनाया गया। माताओं ने बेटों की लंबी उम्र के लिए व्रत रखा और विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना किया। एक दिन पहले से ही माताओं में हलछठ को लेकर उत्साह था। सभी ने बाजारों में पहुंचकर पूजन सामग्री की खरीदारी की थी। शनिवार को घरों में हलछठ का पर्व मनाया गया।
इस दिन माताएं महुआ पेड़ की डाली का दातून कर स्नान कर व्रत धारण किया। तालाब के पार में बेर, पलाश, गूलर आदि पेड़ों की टहनियों तथा कांस के फूल को लगाकर सजाया। सामने एक चौकी या पाटे पर गौरी-गणेश, कलश रखकर हल षष्ठी देवी की मूर्ति की पूजा की। साड़ी आदि सुहाग की सामग्री भी चढ़ाया तथा हलषष्ठी माता की छह कहानी सुनाई।
पूजन की सामग्री में पचहर चाउर बिना हल जुते हुए जमीन से उगा हुआ धान का चावल, महुआ के पत्ते, धान की लाई, भैंस का दूध, दही व घी आदि रखा। बच्चों के खिलौनों को भी रखा। माताओं ने पूजा अर्चना करके बेटों की दीर्घायु की कामना की।
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इस दिन माताएं महुआ पेड़ की डाली का दातून कर स्नान कर व्रत धारण किया। तालाब के पार में बेर, पलाश, गूलर आदि पेड़ों की टहनियों तथा कांस के फूल को लगाकर सजाया। सामने एक चौकी या पाटे पर गौरी-गणेश, कलश रखकर हल षष्ठी देवी की मूर्ति की पूजा की। साड़ी आदि सुहाग की सामग्री भी चढ़ाया तथा हलषष्ठी माता की छह कहानी सुनाई।
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पूजन की सामग्री में पचहर चाउर बिना हल जुते हुए जमीन से उगा हुआ धान का चावल, महुआ के पत्ते, धान की लाई, भैंस का दूध, दही व घी आदि रखा। बच्चों के खिलौनों को भी रखा। माताओं ने पूजा अर्चना करके बेटों की दीर्घायु की कामना की।
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