{"_id":"60314d338ebc3ee8f1663f4d","slug":"police-raibaraily-news-lko56584314","type":"story","status":"publish","title_hn":"आरा मशीन के निकट डंप मिली प्रतिबंधित लकड़ी, कार्रवाई के निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरा मशीन के निकट डंप मिली प्रतिबंधित लकड़ी, कार्रवाई के निर्देश
विज्ञापन
सलोन (रायबरेली)। तहसील क्षेत्र में वन कर्मियों की मदद से प्रतिबंधित पेड़ों की कटान थमने का नाम नहीं ले रहा है। शनिवार को एसडीएम दिव्या ओझा और क्षेत्राधिकारी इंद्रपाल सिंह ने संयुक्त रूप से सलोन-जगतपुर मार्ग पर स्थित आरा मशीन पर छापा मारा।
यहां पर भारी मात्रा में प्रतिबंधित लकड़ी बरामद हुई। इसके पहले भी यही से तत्कालीन सीओ विनीत सिंह ने छापामारी करते हुए लाखों रुपये की लकड़ी बरामद की थी। इसके बावजूद अवैध लकड़ी का कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। इससे साफ जाहिर है कि कहीं न कहीं वन विभाग के सहयोग यह धंधा फलफूल रहा है।
एसडीएम और क्षेत्राधिकारी ने दोपहर बाद सलोन-जगतपुर मार्ग स्थित आरा मशीन पर छापेमारी की थी। आरा मशीन का कागज ना दिखा पाने पर एसडीएम ने रेंजर से आरा मशीन सीज करने का आदेश दिया है। संचालक ने अधिकारियों से बताया कि आरा मशीन का लाइसेंस नवीनीकरण के लिये भेजा गया है। आरा मशीन के आसपास लाखों रुपये कीमत की प्रतिबंधित लकड़ी मिली। इस पर एसडीएम ने वन विभाग के अफसरों को फटकार लगाई।
विज्ञापन
उन्होंने वन विभाग के अधिकारी से पूछा कि प्रतिबंधित लकड़ी किसकी है। जहां पर रखी हुई है वह जमीन किसकी है। सभी की रिपोर्ट 24 घंटे के अंदर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। एसडीएम ने राजस्व टीम को निर्देशित किया कि प्रतिबंधित लकड़ी जिस जमीन पर रखी गई है, उसके मालिक का नाम और पते के साथ रिपोर्ट भेजे। वन क्षेत्राधिकारी नागेंद्र पटेल ने बताया कि आरा मशीन के समीप रखी लकड़ी की नाप की जा रही है, जिसके बाद कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
यहां पर भारी मात्रा में प्रतिबंधित लकड़ी बरामद हुई। इसके पहले भी यही से तत्कालीन सीओ विनीत सिंह ने छापामारी करते हुए लाखों रुपये की लकड़ी बरामद की थी। इसके बावजूद अवैध लकड़ी का कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। इससे साफ जाहिर है कि कहीं न कहीं वन विभाग के सहयोग यह धंधा फलफूल रहा है।
विज्ञापन
एसडीएम और क्षेत्राधिकारी ने दोपहर बाद सलोन-जगतपुर मार्ग स्थित आरा मशीन पर छापेमारी की थी। आरा मशीन का कागज ना दिखा पाने पर एसडीएम ने रेंजर से आरा मशीन सीज करने का आदेश दिया है। संचालक ने अधिकारियों से बताया कि आरा मशीन का लाइसेंस नवीनीकरण के लिये भेजा गया है। आरा मशीन के आसपास लाखों रुपये कीमत की प्रतिबंधित लकड़ी मिली। इस पर एसडीएम ने वन विभाग के अफसरों को फटकार लगाई।
विज्ञापन
उन्होंने वन विभाग के अधिकारी से पूछा कि प्रतिबंधित लकड़ी किसकी है। जहां पर रखी हुई है वह जमीन किसकी है। सभी की रिपोर्ट 24 घंटे के अंदर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। एसडीएम ने राजस्व टीम को निर्देशित किया कि प्रतिबंधित लकड़ी जिस जमीन पर रखी गई है, उसके मालिक का नाम और पते के साथ रिपोर्ट भेजे। वन क्षेत्राधिकारी नागेंद्र पटेल ने बताया कि आरा मशीन के समीप रखी लकड़ी की नाप की जा रही है, जिसके बाद कार्रवाई की जाएगी।