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मनरेगा में मनमानी पर तीन खंड विकास अधिकारियों समेत छह को नोटिस
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रायबरेली। वित्तीय वर्ष 31 मार्च को समाप्त हो जाएगा, लेकिन मनरेगा को लेकर ब्लॉकों के अधिकारी संजीदा नहीं हैं। सीडीओ प्रभाष कुमार ने मनरेगा की प्रगति की समीक्षा की तो डलमऊ, सतांव और ऊंचाहार ब्लॉकों की प्रगति सबसे खराब मिली।
मामले में तीनों ब्लॉकों के खंड विकास अधिकारियों समेत छह लोगों को चेतावनी पत्र जारी करके तीन का अल्टीमेटम दिया है। प्रगति शत प्रतिशत न होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है। इससे लापरवाह अधिकारियों में हडक़ंप मच गया है।
सीडीओ प्रभाष कुमार ने बुधवार देर शाम मनरेगा की प्रगति की समीक्षा की। वित्तीय वर्ष खत्म होने वाला है, लेकिन लक्ष्य के सापेक्ष मानव दिवस सृजन में डलमऊ, ऊंचाहार और सतांव की स्थिति खराब मिली।
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ऊंचाहार में 91 प्रतिशत और डलमऊ में 92 प्रतिशत प्रगति मिली। इसके अलावा श्रमिकों को मजदूरी भुगतान सहित अन्य कार्यों में भी इन ब्लॉकों की प्रगति सबसे खराब मिली। लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति बेहद खराब मिलने पर सीडीओ ने गहरी नाराजगी जताई।
सीडीओ ने डलमऊ के खंड विकास अधिकारी प्रदीप कुमार यादव, एपीओ अजय सिंह, सतांव के खंड विकास अधिकारी शशि कुमार तिवारी, एपीओ शैलेश मेहता और ऊंचाहार के खंड विकास अधिकारी तेजराम वर्मा व एपीओ आकांक्षा शुक्ला को चेतावनी पत्र जारी किया है।
सीडीओ ने खंड विकास अधिकारियों को तीन दिन में प्रगति में सुधार लाकर जवाब देने के आदेश दिए हैं। ऐसा न करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है। इससे मनमानी करने वाले ब्लॉकों के अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।
सीडीओ ने मनरेगा की प्रगति की समीक्षा की है। डलमऊ, सतांव और ऊंचाहार ब्लॉकों में एमआईएस सहित अन्य कार्यों की प्रगति खराब मिलने पर संबंधित बीडीओ व एपीओ को चेतावनी पत्र जारी किया गया है। सभी तो वित्तीय वर्ष खत्म होने से पहले प्रगति शत प्रतिशत करने के आदेश दिए गए हैं।
जीपी कुशवाहा, उपायुक्त (मनरेगा)
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मामले में तीनों ब्लॉकों के खंड विकास अधिकारियों समेत छह लोगों को चेतावनी पत्र जारी करके तीन का अल्टीमेटम दिया है। प्रगति शत प्रतिशत न होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है। इससे लापरवाह अधिकारियों में हडक़ंप मच गया है।
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सीडीओ प्रभाष कुमार ने बुधवार देर शाम मनरेगा की प्रगति की समीक्षा की। वित्तीय वर्ष खत्म होने वाला है, लेकिन लक्ष्य के सापेक्ष मानव दिवस सृजन में डलमऊ, ऊंचाहार और सतांव की स्थिति खराब मिली।
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ऊंचाहार में 91 प्रतिशत और डलमऊ में 92 प्रतिशत प्रगति मिली। इसके अलावा श्रमिकों को मजदूरी भुगतान सहित अन्य कार्यों में भी इन ब्लॉकों की प्रगति सबसे खराब मिली। लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति बेहद खराब मिलने पर सीडीओ ने गहरी नाराजगी जताई।
सीडीओ ने डलमऊ के खंड विकास अधिकारी प्रदीप कुमार यादव, एपीओ अजय सिंह, सतांव के खंड विकास अधिकारी शशि कुमार तिवारी, एपीओ शैलेश मेहता और ऊंचाहार के खंड विकास अधिकारी तेजराम वर्मा व एपीओ आकांक्षा शुक्ला को चेतावनी पत्र जारी किया है।
सीडीओ ने खंड विकास अधिकारियों को तीन दिन में प्रगति में सुधार लाकर जवाब देने के आदेश दिए हैं। ऐसा न करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है। इससे मनमानी करने वाले ब्लॉकों के अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।
सीडीओ ने मनरेगा की प्रगति की समीक्षा की है। डलमऊ, सतांव और ऊंचाहार ब्लॉकों में एमआईएस सहित अन्य कार्यों की प्रगति खराब मिलने पर संबंधित बीडीओ व एपीओ को चेतावनी पत्र जारी किया गया है। सभी तो वित्तीय वर्ष खत्म होने से पहले प्रगति शत प्रतिशत करने के आदेश दिए गए हैं।
जीपी कुशवाहा, उपायुक्त (मनरेगा)