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117 करोड का कारोबार प्रभावित
रायबरेली/ अमर उजाला ब्यूराे
Updated Sat, 03 Sep 2016 12:12 AM IST
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रायबरेली के पंजाब नेशनल बैंक की शाखा के सामने प्रदर्शन करते कर्मचारी।
- फोटो : अमर उजाला
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जिले में शुक्रवार को हुई राज्य और केंद्रीय कर्मचारियों की हड़ताल के चलते आम आदमी को काफी परेशानी उठानी। बैंकों और विभिन्न विभागों के करीब 20 हजार कर्मचारियों और श्रमिकों ने कामकाज ठप कर दिया। बैंकों, डाकघरों और एलआईसी में तालाबंदी रही।
संपत्तियों की रजिस्ट्री कराने निबंधन कार्यालय पहुंचे करीब 150 लोगों को बैरंग लौटना पड़ा। इस दौरान कर्मचारियों ने पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल करने, सातवें वेतन आयोग की संस्तुतियों की विसंगतियों को दूर करने, न्यूनतम मासिक मजदूरी 18 हजार करने और संविदा श्रमिकों को स्थायी करने समेत अन्य मांगों के समर्थन में जोरदार आवाज उठाई। हड़ताल के चलते करीब 117 करोड़ रुपये का लेन-देन प्रभावित रहा।
जिले में स्टेट बैंक और कुछ निजी बैंकों को छोड़ कर शेष 23 बैंकों में तालाबंदी रही। पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक समेत सभी शाखाओं के कर्मचारियों ने जोरदार नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
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ऑल इंडिया बैंक इंप्लाइज एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष रामदेव ने कहा कि मांगे पूरी होने तक संघर्ष जारी रहेगा। जिलामंत्री अयाज अहमद ने बताया कि हड़ताल के कारण करीब 100 करोड़ का लेन-देन और क्लीयरेंस नहीं हो सका।
नेशनल एसोसिएशन ऑफ पोस्टल इंप्लाइज ग्रुप सी की अगुवाई में जिले के डाककर्मी हड़ताल पर रहे। मुख्य डाक घर, उपडाकघर और शाखा डाकघरों समेत करीब 400 शाखाओं में कामकाज नहीं हुआ। मंडलीय सचिव चित्रबीर सिंह की अगुवाई में कर्मचारियों ने घंटाघर स्थित मुख्य डाक घर परिसर में धरना दिया।
वक्ताओं ने कहा कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी और उनका शोषण कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मंडलीय सचिव ने दावा किया कि हड़ताल के कारण करीब डाक घरं में लगभग 10 करोड़ का लेन-देन प्रभावित रहा।
कर्मचारियों की हड़ताल के कारण आम जनता को काफी परेशानी झेलनी पड़ी। एलआईसी पहुंची सीमा देवी ने बताया कि किस्त जमा करने का आखिरी दिन था, लेकिन किस्त जमा नहीं हो सकी। अब इस पर फाइन देना पड़ेगा। हरचंदपुर से आए बुजुर्ग अयोध्या प्रसाद ने पीएनबी में तालाबंद देखा तो मायूस हो गए।
उन्होंने बताया कि घर बनवाने के लिए रुपये निकालने थे, लेकिन खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। वहीं सतांव के राम आसरे को जमीन की रजिस्ट्री करानी थी। वे अपने साथ गवाह लेकर निबंधन कार्यालय पहुंचे, लेकिन हड़ताल के कारण काम नहीं हो सका।
इसी तरह अमावां के इंद्रसेन, हरचंदपुर के सुरेश कुमार को भी मायूस होकर निबंधन कार्यालय से वापस जाना पड़ा। बस्तेपुर स्थित भारत संचार निगम लिमिटेड कार्यालय के कर्मचारी शुक्रवार को हड़ताल पर रहे। हड़ताल के कारण टेलीफोन लाइन बनाने, बिल जमा करने, सिम कार्ड बिक्री समेत सभी कार्य ठप रहे।
पूरे दिन कर्मचारियों ने कार्यालय परिसर में धरना दिया और मांगों के समर्थन में आवाज उठाई। कर्मचारी नेता आरपी चौधरी, आदित्य कुमार सिंह, प्रशांत कुमार श्रीवास्तव, जेपी पांडेय ने मंहगाई रोकने, न्यूनतम मजदूरी 18 हजार देने, वेज रिवीजन, बीएसएनएल को वित्तीय सहायता समेत अन्य मांगे जोरशोर से उठाई।
सिंचाई विभाग में राज्य कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष जयचंद्र वर्मा और कर्मचारी नेता दयाराम की अगुवाई में कर्मचारियों ने धरना दिया और नोरबाजी की। इस मौके पर अजय प्रताप सिंह, नीरज मौर्या, विजयराम, संजय, केपी पांडेय आदि मौजूद रहे।
उधर पीडब्ल्यूडी में मिनिस्ट्रीयल एसोसिएशन के अध्यक्ष अश्वनी कुमार की अगुवाई में प्रदर्शन हुआ। इस मौके पर राजाराम पाल, उमेश बहादुर सिंह, लल्लू प्रसाद, रोशन लाल, राजेंद्र कुमार, सूर्यकांत, विपिन कुमार, शफीक खां आदि मौजूद रहे।
प्रांतीय बाल विकास परियोजना अधिकारी कल्याण एसोसिएशन के अध्यक्ष कन्हैया लाल, सचिव जानकी देवी, कोषाध्यक्ष सुरेंद्र कुमार के आह्वान पर सभी सीडीपीओ ने कार्य बहिष्कार किया। विद्युत मजदूर पंचायत के मंडल अध्यक्ष मो. खालिद, मंडल सचिव राज बहादुर यादव, श्रीराम आदि ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा।
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संपत्तियों की रजिस्ट्री कराने निबंधन कार्यालय पहुंचे करीब 150 लोगों को बैरंग लौटना पड़ा। इस दौरान कर्मचारियों ने पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल करने, सातवें वेतन आयोग की संस्तुतियों की विसंगतियों को दूर करने, न्यूनतम मासिक मजदूरी 18 हजार करने और संविदा श्रमिकों को स्थायी करने समेत अन्य मांगों के समर्थन में जोरदार आवाज उठाई। हड़ताल के चलते करीब 117 करोड़ रुपये का लेन-देन प्रभावित रहा।
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जिले में स्टेट बैंक और कुछ निजी बैंकों को छोड़ कर शेष 23 बैंकों में तालाबंदी रही। पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक समेत सभी शाखाओं के कर्मचारियों ने जोरदार नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
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ऑल इंडिया बैंक इंप्लाइज एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष रामदेव ने कहा कि मांगे पूरी होने तक संघर्ष जारी रहेगा। जिलामंत्री अयाज अहमद ने बताया कि हड़ताल के कारण करीब 100 करोड़ का लेन-देन और क्लीयरेंस नहीं हो सका।
नेशनल एसोसिएशन ऑफ पोस्टल इंप्लाइज ग्रुप सी की अगुवाई में जिले के डाककर्मी हड़ताल पर रहे। मुख्य डाक घर, उपडाकघर और शाखा डाकघरों समेत करीब 400 शाखाओं में कामकाज नहीं हुआ। मंडलीय सचिव चित्रबीर सिंह की अगुवाई में कर्मचारियों ने घंटाघर स्थित मुख्य डाक घर परिसर में धरना दिया।
वक्ताओं ने कहा कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी और उनका शोषण कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मंडलीय सचिव ने दावा किया कि हड़ताल के कारण करीब डाक घरं में लगभग 10 करोड़ का लेन-देन प्रभावित रहा।
कर्मचारियों की हड़ताल के कारण आम जनता को काफी परेशानी झेलनी पड़ी। एलआईसी पहुंची सीमा देवी ने बताया कि किस्त जमा करने का आखिरी दिन था, लेकिन किस्त जमा नहीं हो सकी। अब इस पर फाइन देना पड़ेगा। हरचंदपुर से आए बुजुर्ग अयोध्या प्रसाद ने पीएनबी में तालाबंद देखा तो मायूस हो गए।
उन्होंने बताया कि घर बनवाने के लिए रुपये निकालने थे, लेकिन खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। वहीं सतांव के राम आसरे को जमीन की रजिस्ट्री करानी थी। वे अपने साथ गवाह लेकर निबंधन कार्यालय पहुंचे, लेकिन हड़ताल के कारण काम नहीं हो सका।
इसी तरह अमावां के इंद्रसेन, हरचंदपुर के सुरेश कुमार को भी मायूस होकर निबंधन कार्यालय से वापस जाना पड़ा। बस्तेपुर स्थित भारत संचार निगम लिमिटेड कार्यालय के कर्मचारी शुक्रवार को हड़ताल पर रहे। हड़ताल के कारण टेलीफोन लाइन बनाने, बिल जमा करने, सिम कार्ड बिक्री समेत सभी कार्य ठप रहे।
पूरे दिन कर्मचारियों ने कार्यालय परिसर में धरना दिया और मांगों के समर्थन में आवाज उठाई। कर्मचारी नेता आरपी चौधरी, आदित्य कुमार सिंह, प्रशांत कुमार श्रीवास्तव, जेपी पांडेय ने मंहगाई रोकने, न्यूनतम मजदूरी 18 हजार देने, वेज रिवीजन, बीएसएनएल को वित्तीय सहायता समेत अन्य मांगे जोरशोर से उठाई।
सिंचाई विभाग में राज्य कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष जयचंद्र वर्मा और कर्मचारी नेता दयाराम की अगुवाई में कर्मचारियों ने धरना दिया और नोरबाजी की। इस मौके पर अजय प्रताप सिंह, नीरज मौर्या, विजयराम, संजय, केपी पांडेय आदि मौजूद रहे।
उधर पीडब्ल्यूडी में मिनिस्ट्रीयल एसोसिएशन के अध्यक्ष अश्वनी कुमार की अगुवाई में प्रदर्शन हुआ। इस मौके पर राजाराम पाल, उमेश बहादुर सिंह, लल्लू प्रसाद, रोशन लाल, राजेंद्र कुमार, सूर्यकांत, विपिन कुमार, शफीक खां आदि मौजूद रहे।
प्रांतीय बाल विकास परियोजना अधिकारी कल्याण एसोसिएशन के अध्यक्ष कन्हैया लाल, सचिव जानकी देवी, कोषाध्यक्ष सुरेंद्र कुमार के आह्वान पर सभी सीडीपीओ ने कार्य बहिष्कार किया। विद्युत मजदूर पंचायत के मंडल अध्यक्ष मो. खालिद, मंडल सचिव राज बहादुर यादव, श्रीराम आदि ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा।