{"_id":"5cbf5a93bdec22143d3992ce","slug":"71556044435-raebareli-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डबल लाइन पर ट्रायल से ट्रेनें ब्रेक, लखनऊ से संपर्क कटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डबल लाइन पर ट्रायल से ट्रेनें ब्रेक, लखनऊ से संपर्क कटा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रायबरेली। लखनऊ-रायबरेली रेल मार्ग पर उतरेटिया से श्रीराज नगर तक डबल लाइन पर मंगलवार को हुए ट्रायल के चलते इस रूट पर किसी भी ट्रेन का संचालन नहीं हो सका।
यानी कि सुबह से लेकर रात तक लखनऊ से संपर्क कटा रहा। न तो लखनऊ की ओर से कोई गाड़ी आई और न ही इधर से कोई गाड़ी उधर गई।
इससे रायबरेली रेलवे स्टेशन पर सन्नाटा पसरा रहा, सिर्फ दूसरे मार्गों की कुछ गाड़ियां चलाई गईं, जिनमें शटल सेवाएं शामिल रहीं। इससे मुसाफिर बेहाल रहे।
वैसे तो गाड़ियों का संचालन पिछले एक पखवारे से पटरी से उतरा हुआ है, लेकिन कुछ महत्वपूर्ण गाड़ियां जैसे-तैसे चलाई जा रही थीं।
सुबह उतरेटिया से सीआरएस का ट्रायल शुरू हुआ, जो देर शाम तक चला। इसके बाद हाईस्पीड ट्रेन दौड़ाने का कार्यक्रम भी देर तक चलने की संभावना थी, जिससे लखनऊ-रायबरेली के बीच चलने वाली सभी ट्रेनें भोर से ही रोक दी गईं।
इससे गंगा-गोमती जहां निरस्त कर दी गई, वहीं काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस को भी डायवर्ट कर दिया गया। बाकी ट्रेनें पहले से ही निरस्त चल रही हैं या फिर दूसरे मार्गों से होकर चलाई जा रही हैं।
विज्ञापन
स्टेशन अधीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि पूरे दिन कोई भी ट्रेन लखनऊ की ओर नहीं गई और न ही कोई गाड़ी उधर से आई। सिर्फ शटल सेवाएं जैसे जौनपुर इंटरसिटी, आरयू, आरयूसी समेत दूसरे मार्गों पर चलने वाली अन्य लोकल गाड़ियां ही चलाई गईं। अब बुधवार से ट्रेनों का संचालन पटरी पर लौटने की उम्मीद है।
मोटर ट्रॉलियों से सीआरएस ने किया निरीक्षण, दौड़ाई ट्रेन
मुख्य संरक्षा आयुक्त शैलेश कुमार पाठक ने मंगलवार को सुबह 10 बजे उतरेटिया से श्रीराज नगर तक मोटर ट्रॉलियों से निरीक्षण शुरू किया।
इस रेल खंड की रेल लाइन का दोहरीकरण किया गया है, जिसका ट्रायल लेने के लिए सीआरएस अपनी टीम के साथ उतरेटिया पहुंचे थे, जहां उत्तर रेलवे लखनऊ डिवीजन के मंडल रेल प्रबंधक सतीश कुमार भी अपनी टीम के साथ उपस्थित रहे।
उतरेटिया स्टेशन पर सीआरएस ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और नारियल फोड़कर मोटर ट्रालियों से सघन निरीक्षण प्रारंभ किया।
इस दौरान सभी समपार फाटकों, कट कनेक्शन चेक करने के साथ ही मोहनलालगंज, कनकहा, निगोहा होते हुए सायं 5.30 बजे श्रीराज नगर स्टेशन पहुंचा।
इसके बाद सीआरएस सड़क मार्ग से उतरेटिया लौट गए, जहां से देर शाम हाईस्पीड ट्रेन से ट्रायल लिया जाना तय था। रेल विकास निगम लिमिटेड के मुख्य परियोजना अधिकारी (सिविल) जयंत चौधरी ने बताया कि उतरेटिया से श्रीराज नगर तक डीजल इंजन चालित विशेष गाड़ी से हाईस्पीड पर ट्रायल लिया जाना है।
विज्ञापन
यानी कि सुबह से लेकर रात तक लखनऊ से संपर्क कटा रहा। न तो लखनऊ की ओर से कोई गाड़ी आई और न ही इधर से कोई गाड़ी उधर गई।
इससे रायबरेली रेलवे स्टेशन पर सन्नाटा पसरा रहा, सिर्फ दूसरे मार्गों की कुछ गाड़ियां चलाई गईं, जिनमें शटल सेवाएं शामिल रहीं। इससे मुसाफिर बेहाल रहे।
वैसे तो गाड़ियों का संचालन पिछले एक पखवारे से पटरी से उतरा हुआ है, लेकिन कुछ महत्वपूर्ण गाड़ियां जैसे-तैसे चलाई जा रही थीं।
सुबह उतरेटिया से सीआरएस का ट्रायल शुरू हुआ, जो देर शाम तक चला। इसके बाद हाईस्पीड ट्रेन दौड़ाने का कार्यक्रम भी देर तक चलने की संभावना थी, जिससे लखनऊ-रायबरेली के बीच चलने वाली सभी ट्रेनें भोर से ही रोक दी गईं।
विज्ञापन
इससे गंगा-गोमती जहां निरस्त कर दी गई, वहीं काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस को भी डायवर्ट कर दिया गया। बाकी ट्रेनें पहले से ही निरस्त चल रही हैं या फिर दूसरे मार्गों से होकर चलाई जा रही हैं।
विज्ञापन
स्टेशन अधीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि पूरे दिन कोई भी ट्रेन लखनऊ की ओर नहीं गई और न ही कोई गाड़ी उधर से आई। सिर्फ शटल सेवाएं जैसे जौनपुर इंटरसिटी, आरयू, आरयूसी समेत दूसरे मार्गों पर चलने वाली अन्य लोकल गाड़ियां ही चलाई गईं। अब बुधवार से ट्रेनों का संचालन पटरी पर लौटने की उम्मीद है।
मोटर ट्रॉलियों से सीआरएस ने किया निरीक्षण, दौड़ाई ट्रेन
मुख्य संरक्षा आयुक्त शैलेश कुमार पाठक ने मंगलवार को सुबह 10 बजे उतरेटिया से श्रीराज नगर तक मोटर ट्रॉलियों से निरीक्षण शुरू किया।
इस रेल खंड की रेल लाइन का दोहरीकरण किया गया है, जिसका ट्रायल लेने के लिए सीआरएस अपनी टीम के साथ उतरेटिया पहुंचे थे, जहां उत्तर रेलवे लखनऊ डिवीजन के मंडल रेल प्रबंधक सतीश कुमार भी अपनी टीम के साथ उपस्थित रहे।
उतरेटिया स्टेशन पर सीआरएस ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और नारियल फोड़कर मोटर ट्रालियों से सघन निरीक्षण प्रारंभ किया।
इस दौरान सभी समपार फाटकों, कट कनेक्शन चेक करने के साथ ही मोहनलालगंज, कनकहा, निगोहा होते हुए सायं 5.30 बजे श्रीराज नगर स्टेशन पहुंचा।
इसके बाद सीआरएस सड़क मार्ग से उतरेटिया लौट गए, जहां से देर शाम हाईस्पीड ट्रेन से ट्रायल लिया जाना तय था। रेल विकास निगम लिमिटेड के मुख्य परियोजना अधिकारी (सिविल) जयंत चौधरी ने बताया कि उतरेटिया से श्रीराज नगर तक डीजल इंजन चालित विशेष गाड़ी से हाईस्पीड पर ट्रायल लिया जाना है।