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अभियंताओं की मनमानी से 55 हजार उपभोक्ता बेहाल

Fri, 03 Dec 2021 11:18 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Fri, 03 Dec 2021 11:18 PM IST
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55 thousand consumers are suffering due to the arbitrariness of engineers
बिजली की खपत कम, संशोधन के लिए लगा रहे चक्कर
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सलोन क्षेत्र के पूरे रामू सहन मजरे टेकारी निवासी रामआसरे का कनेक्शन नंबर 761603225124 है। उपभोक्ता ने बिजली का बिल ज्यादा आने की शिकायत की। इस पर उपखंड अधिकारी रिपोर्ट लगाई की बिजली खपत कम है। उपभोक्ता को बिना बिल संशोधन किए वापस कर दिया। उपभोक्ता ने मीटर की रीडिंग के हिसाब से बिजली बिल जमा कराने की मांग की है।
संशोधन नहीं होने से कैसे जमा करें बिल
सलोन क्षेत्र के ही खौसनहा गांव के रहने वाले राममिलन का कनेक्शन संख्या 761602234752 है। उपभोक्ता बिल ज्यादा आ रहा है। उपभोक्ता का कहना है कि वह ओटीएस में रजिस्ट्रेशन कराकर बिल जमा करना चाहता था। उसने शिकायती पत्र देकर रीडिंग के हिसाब से बिल बनवाने की मांग की। इस पर अभियंताओं ने नो मीटर चेंज, मीटर डिफाल्टर की रिपोर्ट लगाकर चलता कर दिया।
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रामकली भी काट रही चक्कर
सलोन क्षेत्र के खौसनहा की रहने वाली रामकली भी बिल ज्यादा आने से पीड़ित है। उनका कहना है कि बिजली कम खपत करने के बावजूद ज्यादा बिल आ रहा है। उनका कनेक्शन में मीटर संख्या 282486 लगा है। मीटर में रीड़िंग 2239 है। इसके बावजूद बिना रीडिंग का बिन बनकर आ रहा है। रामकली ने बिल संशोधन करके बिल जमा कराए जाने की मांग की है।
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रायबरेली। शिकायतों का निराकरण न होने से उपभोक्ता एकमुश्त समाधान योजना का लाभ नहीं उठा पा रहे हैं। यही वजह है कि अभी भी करीब 55 हजार उपभोक्ता ऐसे हैं, जिन्हें इसका लाभ नहीं मिला है।
वितरण खंड सलोन में 61 हजार उपभोक्ता हैं। इसमें से महज छह हजार उपभोक्ता ही ओटीएस का लाभ उठा पाए हैं। ज्यादातर उपभोक्ताओं के बिल में त्रुटियां हैं। उन्हें ठीक करने की जिम्मेदरी उपखंड अधिकारियों की है। जब उपभोक्ता बिल संशोधन के लिए जाते हैं तो कोई न कोई खामी बताकर वापस कर दिया जाता है।
भाजपा जिलाध्यक्ष ने लिखा पत्र फिर भी न हुई कार्रवाई
रायबरेली। विद्युत वितरण खंड सलोन के एक्सईएन एमके अहिरवार को हटाने के लिए भाजपा जिलाध्यक्ष रामदेव पाल ने तीन महीने पहले मुख्य अभियंता (वितरण) को पत्र लिखा, लेकिन उस पर अब तक कोई अमल नहीं किया गया।
जिलाध्यक्ष ने आरोप लगाया था कि उपभोक्ता शिवशेखर से नलकूप का कनेक्शन देने में 86 हजार रुपये गए थे, जबकि रसीद 2300 रुपये की काटी गई। मामले में केवल अवर अभियंता के खिलाफ कार्रवाई की गई। एक्सईएन के ऊपर कोई कार्रवाई नहीं हुई। सलोन के अधिशासी अभियंता अपने कार्यालय से गायब ही रहते हैं।

कार्यालय और कैंपों में दे रहे पूरा समय
उपभोक्ताओं को ओटीएस योजना का लाभ दिलाने के लिए पूरे प्रयास किए जा रहे हैं। यही वजह है कि कार्यालय के अलावा कैंपों में जाकर उनकी शिकायतों का निस्तारण करा रहे हैं। यदि किसी उपभोक्ता को कोई शिकायत है तो वह सीधे उनसे मिल सकता है। समस्या का समाधान कराया जाएगा।
-एमके अहिरवार, अधिशासी अभियंता, सलोन
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