Pratapgarh : मासूम भतीजी से दुष्कर्म करने के आरोपी चाचा से पुलिस की मुठभेड़, पैर में लगी गोली
दो साल की मासूम भतीजी के साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी चाचा के साथ बृहस्पतिवार की रात पुलिस की मुठभेड़ हो गई। आरोपी चाचा के पैर में गोली लगी। उसे उपचार के लिए सीएचसी ले जाया गया।
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दो साल की मासूम भतीजी के साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी चाचा के साथ बृहस्पतिवार की रात पुलिस की मुठभेड़ हो गई। आरोपी चाचा के पैर में गोली लगी। उसे उपचार के लिए सीएचसी ले जाया गया। हालत में सुधार होने पर आरोपी चाचा को न्यायालय में पेश किया गया। जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
पट्टी कोतवाली क्षेत्र की रहने वाली दो साल की मासूम बच्ची से दरिंदगी करने वाला उसका अपना ही निकला। उसने रिश्ते को कलंकित करते हुए बुधवार की रात मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म किया। मासूम बच्ची की तबीयत खराब देख परिजन उसे उपचार के लिए प्राइवेट चिकित्सक के पास से ले गए। उपचार के बाद भी हालत में सुधार न हुआ। दूसरे दिन वह दूसरे चिकित्सकों के पास पहुंची।
दोपहर बाद मासूम बालिका के साथ दुष्कर्म की जानकारी उसकी मां को हुई। जिसके बाद उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने मासूम बच्ची को उपचार के लिए सीएचसी भेजा। पीड़िता की मां की तहरीर के आधार पर देर शाम पुलिस ने आरोपी चाचा के विरुद्ध दुष्कर्म, बाल संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया। बृहस्पतिवार की आधी रात पुलिस दरिंदगी करने वाले चाचा की तलाश में जुटी रही।
उपचार कराने के बाद अदालत में किया गया पेश
मुकदमा दर्ज करने के दस घंटे के भीतर ही जगदीशपुर पुलिया के पास पुलिस टीम से आरोपी की मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी फायरिंग में गोली उसके पैर में लगी। तलाशी के दौरान उसके पास से तमंचा व कारतूस बरामद हुआ। पुलिस टीम ने उसे उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। जहां से उपचार के बाद हालत में सुधार होते ही पुलिस ने न्यायालय में पेश किया। वहां से उसे जेल भेज दिया गया। सीओ पट्टी मनोज रघुवंशी ने बताया कि मासूम बच्ची के साथ रिश्ते को कलंकित करने वाले चाचा की पुलिस से मुठभेड़ हो गई। बच्ची की हालत सामान्य होने पर उसका बयान दर्ज कराया जाएगा।
डर से मासूम नहीं बता रही थी आपबीती
परिजनों के अनुसार कलयुगी चाचा ने दो साल की मासूम बच्ची के साथ घिनौना कृत्य किया। चाचा की धमकी से वह हद से ज्यादा सहम गई थी। रक्तश्राव देख मां पूछती रही लेकिन वह कुछ भी नहीं बताई। दूसरे दिन स्वास्थ्यकर्मियों की जांच में घटना का खुलासा हुआ। तब मासूम बच्ची ने आपबीती अपनी मां व पुलिस को सुनाई।