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जीएसटी में रजिस्ट्रेशन नहीं कराने पर अफसरों के वेतन से होगी कटौती
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Mon, 25 Sep 2017 11:49 PM IST
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जीएसटी
- फोटो : SOCIAL MEDIA
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जीएसटी ने अब सरकारी विभागों पर शिकंजा कसने की तैयारी कर ली है। टेंडर निकालने और निर्माण कार्य करने वाले विभागों को अब भुगतान करने से पहले दो प्रतिशत टीडीएस काटकर जीएसटी में भुगतान करना आवश्यक होगा। ऑनलाइन कटौती करने के साथ ही ऑनलाइन भुगतान भी किया जाएगा। जो विभाग पंजीकरण नहीं कराएंगे, उन विभागों के मुखिया के वेतन से कटौती की राशि वसूल की जाएगी।
जीएसटी (वस्तु एवं सेवाकर) ने अब जिले के सरकारी कार्यालयों पर शिकंजा कसने की तैयारी कर ली है। अभी तक व्यापारियों के लिए रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य किया गया था, मगर अब सरकारी विभागों का भी रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी कर दिया गया है। इनमें वह विभाग शामिल हैं जो टेंडर जारी या निर्माण कार्य कराते हैं। रजिस्ट्रेशन कराने वाले विभाग प्रत्येक भुगतान पर दो प्रतिशत टीडीएस काटकर जीएसटी में जमा करेंगे। अगर कोई विभाग रजिस्ट्रेशन नहीं कराता है और जीएसटी में टीडीएस की रकम नहीं जमा करता है, तो वर्ष के अंत में समीक्षा के बाद ऐसे विभागों के मुखिया के वेतन से कटौती की जाएगी। यह कटौती पूरी तरह दंडस्वरूप होगी, इसलिए अधिकारी विभाग से इसकी भरपाई भी नहीं करा पाएंगे।
वाणिज्य कर विभाग के अधिकारियों की मानें तो जीएसटी में सरकारी विभागों के रजिस्ट्रेशन के लिए पोर्टल खुला हुआ है, मगर अभी तक जिले के किसी भी विभाग ने रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है। हालांकि रजिस्ट्रेशन कराने के लिए अभी किसी अंतिम तिथि की घोषणा नहीं की गई है।
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जीएसटी के तहत रजिस्ट्रेशन कराना सभी विभागों के लिए आवश्यक नहीं है। जो टेंडर नहीं जारी करते हैं, या जिनका निर्माण कार्य से कोई लेना-देना नहीं है उन्हें रजिस्ट्रेशन कराने की आवश्यकता नहीं है। रजिस्ट्रेशन कराने वालों को प्रतिमाह सूचनाएं अपडेट करनी होगी।
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जीएसटी (वस्तु एवं सेवाकर) ने अब जिले के सरकारी कार्यालयों पर शिकंजा कसने की तैयारी कर ली है। अभी तक व्यापारियों के लिए रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य किया गया था, मगर अब सरकारी विभागों का भी रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी कर दिया गया है। इनमें वह विभाग शामिल हैं जो टेंडर जारी या निर्माण कार्य कराते हैं। रजिस्ट्रेशन कराने वाले विभाग प्रत्येक भुगतान पर दो प्रतिशत टीडीएस काटकर जीएसटी में जमा करेंगे। अगर कोई विभाग रजिस्ट्रेशन नहीं कराता है और जीएसटी में टीडीएस की रकम नहीं जमा करता है, तो वर्ष के अंत में समीक्षा के बाद ऐसे विभागों के मुखिया के वेतन से कटौती की जाएगी। यह कटौती पूरी तरह दंडस्वरूप होगी, इसलिए अधिकारी विभाग से इसकी भरपाई भी नहीं करा पाएंगे।
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वाणिज्य कर विभाग के अधिकारियों की मानें तो जीएसटी में सरकारी विभागों के रजिस्ट्रेशन के लिए पोर्टल खुला हुआ है, मगर अभी तक जिले के किसी भी विभाग ने रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है। हालांकि रजिस्ट्रेशन कराने के लिए अभी किसी अंतिम तिथि की घोषणा नहीं की गई है।
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जीएसटी के तहत रजिस्ट्रेशन कराना सभी विभागों के लिए आवश्यक नहीं है। जो टेंडर नहीं जारी करते हैं, या जिनका निर्माण कार्य से कोई लेना-देना नहीं है उन्हें रजिस्ट्रेशन कराने की आवश्यकता नहीं है। रजिस्ट्रेशन कराने वालों को प्रतिमाह सूचनाएं अपडेट करनी होगी।