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जैसलमेर-हावड़ा एक्सप्रेस पर पथराव, छह यात्री जख्मी
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Wed, 15 Jun 2016 12:06 AM IST
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हावड़ा से जैसलमेर जा रही एक्सप्रेस पर सोमवार की रात पथराव किए जाने से आधा दर्जन यात्री जख्मी हो गए। एक की हालत गंभीर होने पर उसको प्रतापगढ़ जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यात्रियों के अनुसार एसी और स्लीपर समेत चार बोगियों पर वाराणसी-भदोही रेलवे स्टेशन के बीच पथराव हुआ। जिससे बोगियों के शीशे भी चकनाचूर हो गए। पथराव की घटना से भगदड़ मच गई। डरे सहमे यात्रियों ने सुरक्षा की मांग की। मगर उनकी सुनी नहीं गई। घायल यात्री एक घंटे तक तड़पते रहे, मगर उनका इलाज नहीं हो सका। कोच कंडक्टर ने भी उनकी तरफ ध्यान नहीं दिया। उधर अधिकारियों ने इसको किसी की शरारत बताया है।
यात्रियों के अनुसार वाराणसी से छूटने के बाद ट्रेन करीब तीस किमी प्रतापगढ़ की ओर बढ़ी थी तभी बाहर से पथराव शुरू हो गया। पथराव से कोच एस-3 में इमरजेंसी विंडो के पास सीट नंबर 19 पर बैठे रउतपुर धानीखेड़ा बारा जिला उन्नाव के अमित कुमार त्रिपाठी बुरी तरह से घायल हो गए। एक बड़ा सा पत्थर सीधा उनकी आंख में जाकर लग गया। अमित सीट से जमीन पर गिर पड़े। उसी कोच में सफर कर रहे उनके साथी मननशेख निवासी हावड़ा और रजनीकांत भी पत्थर की चपेट में आ गए। खून बहता देख मनन और रजनीकांत अमित को बचाने दौड़ पड़े। कोच में भगदड़ मच गई। घटना से भयभीत बाकी यात्री जल्दी-जल्दी खिड़कियां बंद करने लगे।
यात्रियों ने इसकी सूचना कोच कंडक्टर के साथ ही कंट्रोल को दी। मगर गाड़ी रोककर घायलों का इलाज कराने की जरूरत नहीं समझी गई। गार्ड ने भी इमरजेंसी में काम आने वाले फर्स्ट ऐड बाक्स के इस्तेमाल की भी जहमत नहीं उठाई। लोग दर्द से तड़पते रहे। ट्रेन प्रतापगढ़ पहुंची तो सूचना पाकर पहुंचे आरपीएफ के लोगों ने गंभीर रूप से घायल अमित और उसके साथी मनन को जिला अस्पताल में दाखिल कराया। अमित के अनुसार एसी और दो स्लीपरों पर भी पथराव होने की सूचना यात्रियों से मिली है। जिसमें और लोग भी जख्मी हुए हैं। एस-7 में पत्थर लगने से एक यात्री बेहोश गया था। एसएस केएन शर्मा ने बताया कि घटना भदोही और जंघई के बीच की है। घायल यात्री को जिला अस्पताल में दाखिल करा दिया गया है।
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यात्रियों के अनुसार वाराणसी से छूटने के बाद ट्रेन करीब तीस किमी प्रतापगढ़ की ओर बढ़ी थी तभी बाहर से पथराव शुरू हो गया। पथराव से कोच एस-3 में इमरजेंसी विंडो के पास सीट नंबर 19 पर बैठे रउतपुर धानीखेड़ा बारा जिला उन्नाव के अमित कुमार त्रिपाठी बुरी तरह से घायल हो गए। एक बड़ा सा पत्थर सीधा उनकी आंख में जाकर लग गया। अमित सीट से जमीन पर गिर पड़े। उसी कोच में सफर कर रहे उनके साथी मननशेख निवासी हावड़ा और रजनीकांत भी पत्थर की चपेट में आ गए। खून बहता देख मनन और रजनीकांत अमित को बचाने दौड़ पड़े। कोच में भगदड़ मच गई। घटना से भयभीत बाकी यात्री जल्दी-जल्दी खिड़कियां बंद करने लगे।
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यात्रियों ने इसकी सूचना कोच कंडक्टर के साथ ही कंट्रोल को दी। मगर गाड़ी रोककर घायलों का इलाज कराने की जरूरत नहीं समझी गई। गार्ड ने भी इमरजेंसी में काम आने वाले फर्स्ट ऐड बाक्स के इस्तेमाल की भी जहमत नहीं उठाई। लोग दर्द से तड़पते रहे। ट्रेन प्रतापगढ़ पहुंची तो सूचना पाकर पहुंचे आरपीएफ के लोगों ने गंभीर रूप से घायल अमित और उसके साथी मनन को जिला अस्पताल में दाखिल कराया। अमित के अनुसार एसी और दो स्लीपरों पर भी पथराव होने की सूचना यात्रियों से मिली है। जिसमें और लोग भी जख्मी हुए हैं। एस-7 में पत्थर लगने से एक यात्री बेहोश गया था। एसएस केएन शर्मा ने बताया कि घटना भदोही और जंघई के बीच की है। घायल यात्री को जिला अस्पताल में दाखिल करा दिया गया है।
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