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दबिश को गई पुलिस टीम को ग्रामीणों ने दौड़ाया
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Sat, 13 Feb 2016 11:17 PM IST
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मानधाता थाना क्षेत्र के बबुरहा गांव में असलहा तस्करों को पकड़ने गई भुपियामऊ पुलिस को ग्रामीणों ने चोर समझकर असलहा लेकर दौड़ा लिया। पुलिसकर्मियों पर फायरिंग भी की गई लिहाजा पुलिस टीम को जान बचाकर भागना पड़ा। घटना से आसपास के गांवों में दहशत का माहौल कायम हो गया।
बबुरहा निवासी बाबूलाल पटेल गांव के किनारे बाग में अपना मकान बनवाकर परिवार के साथ रहता है। शुक्रवार की रात भुपियामऊ पुलिस चौकी प्रभारी सियाराम सिपाहियों के साथ वांछित व असलहा तस्करों को दबोचने के लिए बबुरहा गांव पहुंचे। अपनी कार मानवरहित रेलवे लाइन के दूसरे छोर पर ही रोक दी। बाबूलाल की मानें तो वह अपने घर के बाहर सो रहा था। रात में पहुंचे पुलिसकर्मी बिना अपना नाम परिचय बताए उसे उठाने के बाद जबरन हाथ पकड़कर घसीटने लगे। डरा हुआ बाबूलाल सभी को बदमाश समझ बैठा और हाथ झटककर चोर-चोर चिल्लाते हुए गांव की ओर भागा। ग्रामीण भी चोर समझकर लाठी-डंडा लेकर दौड़ पड़े।
शोर-शराबे के बीच ग्रामीणों ने जमकर फायरिंग भी की। पुलिसकर्मी अपनी जान बचाकर बाबूलाल के घर से कार की ओर भागे। ग्रामीण उनका पीछा करते हुए जब क्रॉसिंग पर पहुंचे तो पुलिसकर्मियों ने उन्हें अपना परिचय दिया। इसके बाद ही पुलिसवालों की जान बची। बाबूलाल का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने महिलाओं के साथ अभद्रता भी की। इधर चौकी प्रभारी सियाराम वर्मा ने बताया कि इस तरह की कोई बात नहीं हुई। वे असलहा तस्करों व वांछित को पकड़ने गए थे, हकीकत से अनजान ग्रामीण दौड़ पड़े। हालांकि हकीकत सामने आने के बाद ग्रामीण सहयोग करने लगे।
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बबुरहा निवासी बाबूलाल पटेल गांव के किनारे बाग में अपना मकान बनवाकर परिवार के साथ रहता है। शुक्रवार की रात भुपियामऊ पुलिस चौकी प्रभारी सियाराम सिपाहियों के साथ वांछित व असलहा तस्करों को दबोचने के लिए बबुरहा गांव पहुंचे। अपनी कार मानवरहित रेलवे लाइन के दूसरे छोर पर ही रोक दी। बाबूलाल की मानें तो वह अपने घर के बाहर सो रहा था। रात में पहुंचे पुलिसकर्मी बिना अपना नाम परिचय बताए उसे उठाने के बाद जबरन हाथ पकड़कर घसीटने लगे। डरा हुआ बाबूलाल सभी को बदमाश समझ बैठा और हाथ झटककर चोर-चोर चिल्लाते हुए गांव की ओर भागा। ग्रामीण भी चोर समझकर लाठी-डंडा लेकर दौड़ पड़े।
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शोर-शराबे के बीच ग्रामीणों ने जमकर फायरिंग भी की। पुलिसकर्मी अपनी जान बचाकर बाबूलाल के घर से कार की ओर भागे। ग्रामीण उनका पीछा करते हुए जब क्रॉसिंग पर पहुंचे तो पुलिसकर्मियों ने उन्हें अपना परिचय दिया। इसके बाद ही पुलिसवालों की जान बची। बाबूलाल का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने महिलाओं के साथ अभद्रता भी की। इधर चौकी प्रभारी सियाराम वर्मा ने बताया कि इस तरह की कोई बात नहीं हुई। वे असलहा तस्करों व वांछित को पकड़ने गए थे, हकीकत से अनजान ग्रामीण दौड़ पड़े। हालांकि हकीकत सामने आने के बाद ग्रामीण सहयोग करने लगे।
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