{"_id":"57b9eff44f1c1bf53ed4f0d1","slug":"broke-the-stetue-of-freedom-fighter","type":"story","status":"publish","title_hn":"कॉलेज में घुसकर सेनानी की प्रतिमा तोड़ी,जमकर हंगामा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
कॉलेज में घुसकर सेनानी की प्रतिमा तोड़ी,जमकर हंगामा
प्रतापगढ़ अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 22 Aug 2016 12:10 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आसपुर देवसरा थाना क्षेत्र के विनैका स्थित आचार्य नरेंद्र देव इंटर कालेज में रविवार को कुछ लोगोें ने जमकर तांडव मचाया। कालेज पर कब्जा करने के उद्देश्य से स्वतंत्रता संग्राम सेनानी की प्रतिमा क्षतिग्रस्त कर दी। कालेज पट्टिका का नाम ही पोत दिया। इस मामले में पुलिस ने प्रमुखपति समेत चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
विनैका में वर्ष 1970 में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डा. राजेश्वर प्रसाद त्रिपाठी की प्रेरणा से आचार्य नरेंद्र देव कालेज की स्थापना की गई। मौजूदा समय में कालेज में कक्षा 12 तक के छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। कालेज के प्रबंधक अनिल त्रिपाठी ने पुलिस को दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि रविवार को आसपुर देवसरा के प्रमुखपति सभापति यादव अपने साथियों के साथ कालेज पहुंचे। उन लोगों ने कालेज का बंद गेट जबरन खोल लिया। परिसर में स्थित स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डा. राजेश्वर त्रिपाठी की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त कर दिया। कालेज की नामपट्टिका पोत दी। कालेज पर कब्जा कर लिया। परिसर में लोगों ने उत्पात मचाते हुए तोड़फोड़ भी की। एसओ बालकृष्ण शुक्ला ने बताया कि घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर गई थी, लेकिन वहां कोई नही मिला।
इस मामले में प्रमुखपति समेत चार लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस के मुताबिक प्रमुखपति कालेज परिसर की जमीन को अपने पूर्वजों की बता रहे हैं। जिसे लेकर कुछ दिनों से कालेज प्रबंधन व प्रमुखपति के परिवार के लोगों से विवाद चल रहा था। प्रमुखपति के परिजनों ने बताया कि सभापति यादव मुंबई में हैं। कालेज में क्या हुआ। इससे उनके परिवार का कोई लेना-देना नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विनैका में वर्ष 1970 में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डा. राजेश्वर प्रसाद त्रिपाठी की प्रेरणा से आचार्य नरेंद्र देव कालेज की स्थापना की गई। मौजूदा समय में कालेज में कक्षा 12 तक के छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। कालेज के प्रबंधक अनिल त्रिपाठी ने पुलिस को दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि रविवार को आसपुर देवसरा के प्रमुखपति सभापति यादव अपने साथियों के साथ कालेज पहुंचे। उन लोगों ने कालेज का बंद गेट जबरन खोल लिया। परिसर में स्थित स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डा. राजेश्वर त्रिपाठी की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त कर दिया। कालेज की नामपट्टिका पोत दी। कालेज पर कब्जा कर लिया। परिसर में लोगों ने उत्पात मचाते हुए तोड़फोड़ भी की। एसओ बालकृष्ण शुक्ला ने बताया कि घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर गई थी, लेकिन वहां कोई नही मिला।
विज्ञापन
इस मामले में प्रमुखपति समेत चार लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस के मुताबिक प्रमुखपति कालेज परिसर की जमीन को अपने पूर्वजों की बता रहे हैं। जिसे लेकर कुछ दिनों से कालेज प्रबंधन व प्रमुखपति के परिवार के लोगों से विवाद चल रहा था। प्रमुखपति के परिजनों ने बताया कि सभापति यादव मुंबई में हैं। कालेज में क्या हुआ। इससे उनके परिवार का कोई लेना-देना नहीं है।
विज्ञापन