{"_id":"10-28632","slug":"Pratapgarh-28632-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"सास-बहू के झगड़े में मोहरा बनी पुलिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सास-बहू के झगड़े में मोहरा बनी पुलिस
Pratapgarh
Updated Fri, 10 May 2013 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रतापगढ़। मानधाता थाना क्षेत्र के कुशफरा गांव के लोगाें ने आगजनी में फंसाए जाने पर पुलिस अधीक्षक से गुहार लगाई है। इन लोगों ने कहा कि मानधाता पुलिस ने एक प्रधान के दबाव में बिना जांच किए झूठी एफआईआर दर्ज कर ली है।
गांव की कई महिलाओं के साथ एसपी आफिस पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि बुधवार सुबह सावित्री सरोज का बहू सुनीता से किसी बात को लेकर विवाद हो रहा था। कहासनी के बीच सुनीता घर में आग लगाकर भाग निकली। इससे मेवालाल के छह छप्पर जल गए। बड़का, केवला, बंशीलाल, राजेश, अजय बेलनी आदि के भी घर जल गए। बड़का देवी के बेटे की शादी की तैयारी के लिए खरीदा गया सामान भी राख हो गया। गांव के लोग फायर ब्रिगेड की मदद से आग पर काबू पा सके। उधर आग लगाने वाली सुनीता अपने मायके पहुंची। उसने ग्राम प्रधान के सहयोग से थाने में एफआईआर लिखाई कि उसकी ससुराल के लोग उसे जला रहे थे। उसे आग के हवाले किया लेकिन किसी प्रकार बचकर अपने मायके भाग आई। सुनीता की ससुराल के लोगों को इसकी जानकारी हुई तो एसपी आफिस में गुहार लगाने पहुंचे। एसपी आफिस में लोगों ने आरोप लगाया कि मानधाता पुलिस ने एक प्रधान के दबाव में एफआईआर दर्ज की है। लोगों ने एसपी से निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
विज्ञापन
गांव की कई महिलाओं के साथ एसपी आफिस पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि बुधवार सुबह सावित्री सरोज का बहू सुनीता से किसी बात को लेकर विवाद हो रहा था। कहासनी के बीच सुनीता घर में आग लगाकर भाग निकली। इससे मेवालाल के छह छप्पर जल गए। बड़का, केवला, बंशीलाल, राजेश, अजय बेलनी आदि के भी घर जल गए। बड़का देवी के बेटे की शादी की तैयारी के लिए खरीदा गया सामान भी राख हो गया। गांव के लोग फायर ब्रिगेड की मदद से आग पर काबू पा सके। उधर आग लगाने वाली सुनीता अपने मायके पहुंची। उसने ग्राम प्रधान के सहयोग से थाने में एफआईआर लिखाई कि उसकी ससुराल के लोग उसे जला रहे थे। उसे आग के हवाले किया लेकिन किसी प्रकार बचकर अपने मायके भाग आई। सुनीता की ससुराल के लोगों को इसकी जानकारी हुई तो एसपी आफिस में गुहार लगाने पहुंचे। एसपी आफिस में लोगों ने आरोप लगाया कि मानधाता पुलिस ने एक प्रधान के दबाव में एफआईआर दर्ज की है। लोगों ने एसपी से निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
विज्ञापन