{"_id":"5ef4f5b68ebc3e43171de11a","slug":"uin-number-pilibhit-news-bly4105676103","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूआईएन नहीं तो एक जुलाई से अवैध माना जाएगा शस्त्र लाइसेंस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूआईएन नहीं तो एक जुलाई से अवैध माना जाएगा शस्त्र लाइसेंस
विज्ञापन
पीलीभीत। अगर आपके पास लाइसेंसी असलहा है और आपने अभी तक यूआईएन (यूनिक आईडेंटिफिकेशन नंबर) नहीं लिया है तो जल्द ले लें। 30 जून तक बिना यूआईएन वाले शस्त्र लाइसेंस अवैध हो जाएंगे।
जिले में करीब 17 हजार लाइसेंसी हथियार हैं। अब बिना यूआईएन वाले शस्त्र लाइसेंसों का रिकार्ड तैयार किया जा रहा है। शासन ने लाइसेंस धारकों को अपना लाइसेंस एनडीएएल (नेशनल डाटाबेस आर्म्स लाइसेंस) पोर्टल पर अपलोड करने के आदेश दिए थे। एनडीएएल पोर्टल पर लाइसेंस अपलोड कराने की अंतिम तिथि 29 जून निर्धारित की गई है। प्रशासन के मुताबिक 14 हजार शस्त्र लाइसेंस एनडीएएल पर फीड हो चुके हैं। आगामी 30 जून तक लाइसेंस को एनडीएएल पोर्टल पर अपलोड न किए जाने पर लाइसेंस अवैध माना जाएगा। प्रभारी अधिकारी शस्त्र एवं सिटी मजिस्ट्रेट अरुण कुमार सिंह ने बताया कि जिन शस्त्र लाइसेंस धारकों ने अभी तक अपेक्षित घोषणा पत्र जमा कर अपना शस्त्र लाइसेंस एनडीएएल पर फीड नहीं कराया है, वह 29 जून तक अवश्य फीड करा लें। अन्यथा यूनिक नंबर न होने पर संबंधित अनुज्ञापियों के शस्त्र लाइसेंस शासनादेश के अनुरूप अवैध माने जाएंगे।
विज्ञापन
जिले में करीब 17 हजार लाइसेंसी हथियार हैं। अब बिना यूआईएन वाले शस्त्र लाइसेंसों का रिकार्ड तैयार किया जा रहा है। शासन ने लाइसेंस धारकों को अपना लाइसेंस एनडीएएल (नेशनल डाटाबेस आर्म्स लाइसेंस) पोर्टल पर अपलोड करने के आदेश दिए थे। एनडीएएल पोर्टल पर लाइसेंस अपलोड कराने की अंतिम तिथि 29 जून निर्धारित की गई है। प्रशासन के मुताबिक 14 हजार शस्त्र लाइसेंस एनडीएएल पर फीड हो चुके हैं। आगामी 30 जून तक लाइसेंस को एनडीएएल पोर्टल पर अपलोड न किए जाने पर लाइसेंस अवैध माना जाएगा। प्रभारी अधिकारी शस्त्र एवं सिटी मजिस्ट्रेट अरुण कुमार सिंह ने बताया कि जिन शस्त्र लाइसेंस धारकों ने अभी तक अपेक्षित घोषणा पत्र जमा कर अपना शस्त्र लाइसेंस एनडीएएल पर फीड नहीं कराया है, वह 29 जून तक अवश्य फीड करा लें। अन्यथा यूनिक नंबर न होने पर संबंधित अनुज्ञापियों के शस्त्र लाइसेंस शासनादेश के अनुरूप अवैध माने जाएंगे।
विज्ञापन