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शहर में खुलेआम चल रही मीट की अवैध दुकानें
ब्यूरो /पीलीभीत
Updated Tue, 28 Mar 2017 10:37 PM IST
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शहर में खुलेआम चल रही मीट की अवैध दुकानें
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प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद अवैध बूचड़खाने बंद करने के आदेश जारी किए गए लेकिन जिले में इसका असर नहीं दिख रहा है। शहर व आसपास के इलाकों में धड़ल्ले से अवैध मांस की दुकानें चल रही हैं, इनमें पशुओं को काटा भी जा रहा है। शहर की बात करें तो स्टेशन चौराहा, कोतवाली गेट, गौहनिया चौराहा, स्टेडियम रोड, रोडवेज, नकटदाना चौराहे पर इन दिनों को देखा जा सकता है। खास बात यह कि नगरपालिका में एक भी दुकान पंजीकृत नहीं है। गत वर्ष बकरे की मीट की मात्र 10 दुकानें पंजीकृत थीं जिनका लाइसेंस 31 मार्च 2016 में समाप्त हो गया। सड़क के किनारे स्थित इन दुकानों पर मीट विक्रेता बिना किसी पर्दे अथवा आड़ किए खुलेआम पशु पक्षियों को काटते हैं। इतना ही नहीं पशु पक्षियों के अवशेष भी यूं ही फेंक दिए जाते हैं। गौहनिया चौराह पर मीट विक्रेता इन अवशेषों को गौहनिया तालाब में बहा देते हैं जबकि इस तालाब में प्रति वर्ष देवी प्रतिमाएं विसर्जित की जाती हैं। सड़क के किनारे खुलेआम पशु वध एवं मीट बिक्री होने से राहगीरों को भी दिक्कत होती है लेकिन प्रशासन बेखबर है।
बिना परीक्षण बिकता है मीट
पशु पक्षियों के वध से पहले उनकी पशुचिकित्सक द्वारा जांच (एंटी मार्टम) की जाती है लेकिन अवैध रूप से चल रही इन दुकानों पर कटने वाले पशुओं की जांच भी नहीं हो पाती। शहर में अवैध मीट की दुकानों की जानकारी कराकर जांच कराई जाएगी। यदि अवैध दुकानें चलती मिलती तो कार्रवाई की जाएगी।- रजित राम प्रजापति, सिटी मजिस्ट्रेट
पुलिस के खिलाफ मछली व्यापारियों का प्रदर्शन
नगर के मछली विक्रेताओं ने तहसील परिसर में जमा होकर हाथों में लाइसेंस लेकर पुलिस के विरोध में प्रदर्शन किया। मंगलवार को नगर के दो दर्जन मछली विक्रेता तहसील पहुंचे। उनका आरोप था कि उनके पास मंडी समिति के लाइसेंस हैं। इसके बावजूद पुलिस उनको व्यवसाय नहीं करने दे रही है। मछली व्यापारियों ने पुलिस खिलाफ प्रदर्शन कर नारेबाजी की। जिसके बाद एसडीएम बीपी सिंह को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शन करने वालों में मोहम्मद फईम, रागिब खां, सरवर खां, मोहम्मद इलियास, ताहिर खां, नईम, अनीस, मोहम्मद इमरान, कलीम, गुलाम साबिर, आशिक खां, मुसर्रत, रफैत, इकबाल, हसनैन, अरमान, मोहम्मद सलीम आदि थे।
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बिना परीक्षण बिकता है मीट
पशु पक्षियों के वध से पहले उनकी पशुचिकित्सक द्वारा जांच (एंटी मार्टम) की जाती है लेकिन अवैध रूप से चल रही इन दुकानों पर कटने वाले पशुओं की जांच भी नहीं हो पाती। शहर में अवैध मीट की दुकानों की जानकारी कराकर जांच कराई जाएगी। यदि अवैध दुकानें चलती मिलती तो कार्रवाई की जाएगी।- रजित राम प्रजापति, सिटी मजिस्ट्रेट
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पुलिस के खिलाफ मछली व्यापारियों का प्रदर्शन
नगर के मछली विक्रेताओं ने तहसील परिसर में जमा होकर हाथों में लाइसेंस लेकर पुलिस के विरोध में प्रदर्शन किया। मंगलवार को नगर के दो दर्जन मछली विक्रेता तहसील पहुंचे। उनका आरोप था कि उनके पास मंडी समिति के लाइसेंस हैं। इसके बावजूद पुलिस उनको व्यवसाय नहीं करने दे रही है। मछली व्यापारियों ने पुलिस खिलाफ प्रदर्शन कर नारेबाजी की। जिसके बाद एसडीएम बीपी सिंह को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शन करने वालों में मोहम्मद फईम, रागिब खां, सरवर खां, मोहम्मद इलियास, ताहिर खां, नईम, अनीस, मोहम्मद इमरान, कलीम, गुलाम साबिर, आशिक खां, मुसर्रत, रफैत, इकबाल, हसनैन, अरमान, मोहम्मद सलीम आदि थे।
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