फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   The night shelter built at CHC is locked, the attendants are wandering

Pilibhit News: सीएचसी पर बने रैन बसेरा में पड़ा ताला, भटक रहे तीमारदार

Wed, 15 Jan 2025 12:23 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत Updated Wed, 15 Jan 2025 12:23 AM IST
विज्ञापन
The night shelter built at CHC is locked, the attendants are wandering
बरखेड़ा सीएचसी पर बने रैन बसेरा में लगा ताला।संवाद - फोटो : स्रोत : संगठन
पीलीभीत/बीसलपुर। सीएचसी पर बने रैन बसेरा में ताला लगे होने से तीमारदारों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। मरीज के साथ वार्ड में ही तीमारदार परेशानी के बीच रात गुजारने पर मजबूर हैं। इसके अलावा बरखेड़ा सीएचसी पर भी अव्यवस्थाएं हावी मिलीं।
विज्ञापन

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों के साथ आने वाले तीमारदारों के सर्दी के मौसम में ठहरने के लिए विभाग ने काफी समय पूर्व स्वास्थ्य केंद्र परिसर में एक कक्ष में रैन बसेरा बनवाया। रैन बसेरा बनने से मरीजों के तीमारदारों में खुशी की लहर दौड़ गई थी। विभागीय तानाशाही के चलते तीमारदारों की यह खुशी ज्यादा दिनों तक टिक नहीं सकी। अधिकारियों ने बनते ही उसमें ताला डलवा दिया था, जो अभी भी पड़ा हुआ है। ताला पड़ा होने के कारण रात में आने वाले मरीजों को कड़ाके की सर्दी में ठिठुरना पड़ता है।
विज्ञापन

-----------
बरखेड़ा सीएचसी पर भी लटक रहे ताले
बरखेड़ा। अधिकारियों के निर्देश पर बरखेड़ा सीएचसी पर बने पुराने रैन बसेरा को बंद कर नया रैन बसेरा तो बनाया गया, लेकिन नए रैन बसेरा का अब-तक ताला ही नहीं खोला गया है। ऐसे में मरीजों को इस रैन बसेरा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। बताया जा रहा है कि रैन बसेरा में महज खानापूर्ति कर कागजी कार्रवाई को पूरा किया गया है। जबकि हकीकत में बंद कक्ष के अंदर मानक के अनुरूप सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

सख्ती के बाद जिला अस्पताल में सुधरीं व्यवस्थाएं
पीलीभीत। जिला अस्पताल में भर्ती वार्ड के पास में रैन बसेरा बनाया गया है। यहां शुरुआती दिनों में काफी अव्यवस्थाएं फैली रहीं। इसके बाद अस्पताल प्रशासन की सख्ती के बाद यहां की व्यवस्थाएं दुरूस्त कराई गई। मंगलवार को रैन बसेरा में रात गुजारने वाले बिलसंडा क्षेत्र के गांव ईंटगांव निवासी रमेश ने बताया कि रात में हीटर आदि की व्यवस्था अस्पताल प्रशासन की ओर से की गई थी।

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का रैन बसेरा 24 घंटे खुला रहना चाहिए। रैन बसेरा में ताला पड़ा होने के कारण लोगों को इससे लाभ नहीं मिल पा रहा है।- हिमांशु त्रिपाठी, गांव चौसर हरदो पट्टी, बीसलपुर।

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के रैन बसेरा में मानक के रूप सभी सुविधाएं होनी चाहिए। जिससे उसमें ठहरने वाले तीमारदारों को पूरा लाभ मिल सके।- राजू शर्मा, गांव बैरा, बीसलपुर।


रैन बसेरा खोलने के निर्देश दिए गए हैं। अगर कहीं ऐसा हो रहा है तो इसकी जांच कराई जाएगी। लापरवाही मिलने पर संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी।- डॉ. आलोक शर्मा, सीएमओ।

बरखेड़ा सीएचसी पर बने रैन बसेरा में लगा ताला।संवाद

बरखेड़ा सीएचसी पर बने रैन बसेरा में लगा ताला।संवाद- फोटो : स्रोत : संगठन

बरखेड़ा सीएचसी पर बने रैन बसेरा में लगा ताला।संवाद

बरखेड़ा सीएचसी पर बने रैन बसेरा में लगा ताला।संवाद- फोटो : स्रोत : संगठन

बरखेड़ा सीएचसी पर बने रैन बसेरा में लगा ताला।संवाद

बरखेड़ा सीएचसी पर बने रैन बसेरा में लगा ताला।संवाद- फोटो : स्रोत : संगठन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed