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Pilibhit News: डिजिटल हाजिरी में शिक्षक बता रहे दिक्कत, आंकड़ा सिर्फ नौ प्रतिशत
Sat, 20 Dec 2025 11:54 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Updated Sat, 20 Dec 2025 11:54 PM IST
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पीलीभीत। परिषदीय स्कूलों में बच्चों की डिजिटल उपस्थिति व्यवस्था दम तोड़ रही है। शिक्षक इसमें नेटवर्क समेत कई तरह की दिक्कतें बता रहे हैं। यही वजह है कि जिले में बच्चों की डिजिटल हाजिरी का आंकड़ा सिर्फ 9.22 प्रतिशत है।
डिजिटल उपस्थिति प्रणाली से जिले के शिक्षक सहमत नहीं हैं। यही वजह है कि बच्चों की डिजिटल हाजिरी कागजों पर ही दम तोड़ रही है। इसका कारण मोबाइल नेटवर्क और अन्य दिक्कतें बताई जा रही हैं। साथ ही विभिन्न मांगों को लेकर शिक्षक विरोध भी कर रहे हैं।
ब्लॉक अमरिया के प्राथमिक विद्यालय के सहायक शिक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि बिना सुविधाओं के इसे लागू करना अनुचित है। रास्ते में जाम या वाहन खराब होने की स्थिति में आधे दिन के अवकाश का प्रावधान हो। वर्तमान में 14 सीएल मिलती हैं। सीएल एवं आकस्मिक अवकाशों की संख्या बढ़ाई जाए। खराब नेटवर्क वाले स्कूलों में ऑफलाइन उपस्थिति का विकल्प मिले।
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उधर, बरखेड़ा ब्लॉक के पीएमश्री विद्यालय खजुरिया पचपेड़ा में भी बच्चों की डिजिटल उपस्थित दर्ज नहीं की जा रही। प्रधानाध्यापक राजकुमार ने बताया कि शुरुआत में कुछ दिन तक प्रेरणा एप पर बच्चों की डिजिटल हाजिरी लगाई थी। बीएसए रोशनी सिंह ने बताया कि बच्चों की डिजिटल हाजिरी के संबंध में जानकारी की जा रही है।
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डिजिटल उपस्थिति प्रणाली से जिले के शिक्षक सहमत नहीं हैं। यही वजह है कि बच्चों की डिजिटल हाजिरी कागजों पर ही दम तोड़ रही है। इसका कारण मोबाइल नेटवर्क और अन्य दिक्कतें बताई जा रही हैं। साथ ही विभिन्न मांगों को लेकर शिक्षक विरोध भी कर रहे हैं।
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ब्लॉक अमरिया के प्राथमिक विद्यालय के सहायक शिक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि बिना सुविधाओं के इसे लागू करना अनुचित है। रास्ते में जाम या वाहन खराब होने की स्थिति में आधे दिन के अवकाश का प्रावधान हो। वर्तमान में 14 सीएल मिलती हैं। सीएल एवं आकस्मिक अवकाशों की संख्या बढ़ाई जाए। खराब नेटवर्क वाले स्कूलों में ऑफलाइन उपस्थिति का विकल्प मिले।
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उधर, बरखेड़ा ब्लॉक के पीएमश्री विद्यालय खजुरिया पचपेड़ा में भी बच्चों की डिजिटल उपस्थित दर्ज नहीं की जा रही। प्रधानाध्यापक राजकुमार ने बताया कि शुरुआत में कुछ दिन तक प्रेरणा एप पर बच्चों की डिजिटल हाजिरी लगाई थी। बीएसए रोशनी सिंह ने बताया कि बच्चों की डिजिटल हाजिरी के संबंध में जानकारी की जा रही है।