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विवादों में घिरे बीसलपुर एसडीएम अमरिया भेजे गए
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पीलीभीत। बीसलपुर में पट्टा सरेंडर करने के बाद भी देवहा नदी से अवैध रूप से लगातार खनन और भाजपा नेता व उनके पिता पर एफआईआर दर्ज कराने समेत तमाम तरह के विवादों में घिरे एसडीएम चंद्रभानु सिंह को आखिरकार बीसलपुर से हटा दिया गया। हाल ही में बीसलपुर विधायक ने एसडीएम की लखनऊ में भाजपा के बड़े नेताओं से शिकायत की। इसके बाद उन्हें बीसलपुर से हटाकर अमरिया भेजा गया है। अमरिया की एसडीएम अंजली गंगवार को बीसलपुर की जिम्मेदारी सौंपी गई है। डीएम ने अचानक दोनों अधिकारियों की अदला-बदली की राजनीतिक और प्रशासनिक क्षेत्र में चर्चाएं तेज हो गईं।
एसडीएम चंद्रभानु सिंह पर लंबे समय से आरोप लगते रहे हैं। बीसलपुर में देवहा नदी में खनन का पट्टा सरेंडर होने के बाद भी डेढ़ महीने तक अवैध तरीके से खनन जारी है। एक किसान पर 10 महीने पहले लगाया गया करीब 18 लाख रुपये का जुर्माना भी नहीं वसूला गया। किसान की आड़ में देवहा नदी से माफिया अब भी खनन करके रोजाना लाखों के वारे-न्यारे करने में लगे थे। इसके अलावा कृषि सुधार के नाम पर संसद से पारित विधेयकों का किसान यूनियन नेताओं ने विरोध किया था तो उनका माइक छीन लिया गया। उस पर किसान यूनियन पदाधिकारी उग्र होते बचे। वहां अप्रिय स्थिति पैदा हो सकती थी। बीते दिनों जब किसान कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट पहुंचकर एसडीएम पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। भाजपा संगठन के पदाधिकारी की भी बीसलपुर एसडीएम से फोन पर कई बार नोकझोंक हो चुकी है। एसडीएम के विवादों में होने की शिकायत स्थानीय विधायक रामसरन वर्मा ने लखनऊ में की। उसके बाद बृहस्पतिवार को उन्हें जब बीसलपुर से हटाकर अमरिया में तैनाती दे दी गई।
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एसडीएम चंद्रभानु सिंह पर लंबे समय से आरोप लगते रहे हैं। बीसलपुर में देवहा नदी में खनन का पट्टा सरेंडर होने के बाद भी डेढ़ महीने तक अवैध तरीके से खनन जारी है। एक किसान पर 10 महीने पहले लगाया गया करीब 18 लाख रुपये का जुर्माना भी नहीं वसूला गया। किसान की आड़ में देवहा नदी से माफिया अब भी खनन करके रोजाना लाखों के वारे-न्यारे करने में लगे थे। इसके अलावा कृषि सुधार के नाम पर संसद से पारित विधेयकों का किसान यूनियन नेताओं ने विरोध किया था तो उनका माइक छीन लिया गया। उस पर किसान यूनियन पदाधिकारी उग्र होते बचे। वहां अप्रिय स्थिति पैदा हो सकती थी। बीते दिनों जब किसान कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट पहुंचकर एसडीएम पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। भाजपा संगठन के पदाधिकारी की भी बीसलपुर एसडीएम से फोन पर कई बार नोकझोंक हो चुकी है। एसडीएम के विवादों में होने की शिकायत स्थानीय विधायक रामसरन वर्मा ने लखनऊ में की। उसके बाद बृहस्पतिवार को उन्हें जब बीसलपुर से हटाकर अमरिया में तैनाती दे दी गई।
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