फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   River water is getting contaminated by drain water, air is getting poisonous due to burning garbage

Pilibhit News: नालों के पानी से दूषित हो रहा नदियों का जल, जलते कूड़े से हवा हो रही जहरीली

Sun, 01 Dec 2024 10:39 PM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Sun, 01 Dec 2024 10:39 PM IST
विज्ञापन
River water is getting contaminated by drain water, air is getting poisonous due to burning garbage
पुल के नीचे खकरा नदी में पड़े प्ला​स्टिक और कूड़े के ढेर ।संवाद
पीलीभीत। जिले में प्रदूषण की रोकथाम के उपाय कागजों पर ही दौड़ रहे हैं। शहर से गुजरी खकरा और देवहा नदी का पानी गंदे नालों और कूड़े से जहरीला हो रहा है। नदियों में और किनारे पर प्लास्टिक कचरा डाला जा रहा है। वहीं शहर में कई स्थानों पर नियमित जलाए जा रहे कूड़े से हवा भी जहरीली हो रही है। पराली पर रोक का दावा करने वाला प्रशासन जलते कूड़े से बेखबर है।
विज्ञापन


दो दिसंबर सोमवार को राष्ट्रीय प्रदूषण नियंत्रण दिवस मनाया जाता है। कई संस्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर पर्यावरण को संरक्षित रखने और प्रदूषण की रोकथाम की सीख दी जाएगी। वहीं शहर में प्रशासन और पालिका की अनदेखी से नदियों का जल और हवा दोनों दूषित हो रही है।
विज्ञापन

शहर से गुजरी देवहा और खकरा नदियों में कई नालों का गंदा पानी नदियों में सीधे गिराया जा रहा है। प्लास्टिक कचरा, पॉलिथीन और कूड़ा-करकट से नदी पट रही है। पराली जलाने पर रोक है, लेकिन शहर में प्रतिदिन कई स्थानों पर कूड़ा जलाया जाता है। हवा को दूषित कर रहे जलते कूड़े से जिम्मेदार आंखें फेर कर बैठे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


रिवर फ्रंट के पास ही दुर्दशा पर रो रही खकरा
कुछ वर्ष पहले लाखों रुपये खर्च कर खकरा रीवर फ्रंट बनाया गया था। घाट पर बैठने के लिए सीढि़यां और कई अन्य कार्य कराए गए थे। अब इस स्थान पर नदी की बदहाली नजर आती है। नाले का गंदा पानी सीधे नदी में गिर रहा है। पुल के नीचे नदी के अंदर कूड़े-प्लास्टिक का ढेर लगा है। नाले के पानी के साथ बहकर भी कूड़ा नदी में पहुंच रहा है।


देवहा के किनारे भी कूड़े का ढेर, नाले से नदी में गिरती है गंदगी
रोडवेज बस अड्डे के पास देवहा नदी के किनारे कूड़े के ढेर लगे नजर आते हैं। इससे थोड़ा आगे नाले का गंदा पानी भी नदी में गिरता है। पानी के साथ प्लास्टिक कचरा, पॉलिथीन और कूड़ा-करकट नदी में जाकर गिरता है। दोनों नदियों का पानी दूषित हो रहा है और प्रशासन मौन है।


इन स्थानों पर पूरे दिन जलता है कूड़ा
पराली जलाने पर कार्रवाई करने वाला प्रशासन शहर में प्रतिदिन जलाए जा रहे कूड़े से बेखबर है। शहर में बस अड्डे के सामने प्रतिदिन सुबह से शाम तक कूड़े के ढेर से धुआं उठता रहता है। पीलीभीत-जहानाबाद मार्ग के किनारे भी कूड़ा जलाया जाता है। सुबह के समय कई अन्य स्थानों पर भी कूड़ा जलता दिखता है।

क्या है बायोरेमिडेशन
एक ऐसी विधि है जिसमें पर्यावरण प्रदूषण जैविक प्रणालियों का उपयोग कर नियंत्रित होता है। यह पर्यावरण और जीवों को प्रभावित किए बिना सफाई प्रक्रिया को गति देता है। बायोरेमिडेशन का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण में विषैले या खतरनाक पदार्थों को जैविक तरीकों से गैर विषैले या कम खतरनाक पदार्थों में बदलना है। इन विधियों को लागू करते समय सूक्ष्मजीवों की मुख्य चिता होती है क्योंकि वे विभिन्न प्रतिक्रियाओं का उपयोग करना और प्रदर्शित करना आसान है। आनुवंशिक रूप से संशोधित सूक्ष्मजीवों का उपयोग, मूल सूक्ष्मजीवों का उपयोग, फाइटोरिडिएशन, बायोस्टिम्यूलेशन, जैव आक्षेप आदि इस पद्धति के मूल हैं।


नदियों में गिरते नाले के पानी की रोकथाम के लिए बायोरेमिडेशन का प्रस्ताव भेजा गया है। स्वीकृति मिलने पर कार्य कराया जाएगा। कूड़े को जलाए जाने को लेकर सभी को सख्त निर्देश दिए गए हैं। कूड़ा जलाए जाने को लेकर जांच भी कराएंगे।

- एलसी भारती, ईओ नगरपालिका पीलीभीत

पुल के नीचे खकरा नदी में पड़े प्लास्टिक और कूड़े के ढेर ।संवाद

पुल के नीचे खकरा नदी में पड़े प्लास्टिक और कूड़े के ढेर ।संवाद

पुल के नीचे खकरा नदी में पड़े प्लास्टिक और कूड़े के ढेर ।संवाद

पुल के नीचे खकरा नदी में पड़े प्लास्टिक और कूड़े के ढेर ।संवाद

पुल के नीचे खकरा नदी में पड़े प्लास्टिक और कूड़े के ढेर ।संवाद

पुल के नीचे खकरा नदी में पड़े प्लास्टिक और कूड़े के ढेर ।संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed