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शारदा नदी का जलस्तर बढ़ा, पैंटून पुल हटाया
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पूरनपुर। शारदा नदी का जलस्तर बढ़ने पर आवागमन को बना पैंटून पुल रविवार को हटा लिया गया। हालांकि नावों का संचालन शुरू नहीं हो पाया। अब शारदा नदी के पार आवागमन के लिए लोगों को 30 की जगह 130 किलोमीटर की दूरी तय करनी होगी। पुल हटाने के बाद नाव का संचालन न होने से क्षेत्र के लोगों में नाराजगी है।
तहसील क्षेत्र की 16 ग्राम पंचायतें शारदा नदी के पार हैं। नदी पर पैंटून पुल से एक लाख की आबादी का आवागमन तहसील से जिला मुख्यालय तक होता है। शारदा नदी पर हर साल 15 सितंबर को पैंटून पुल शुरू होता है। जलस्तर बढ़ने पर 15 जून को पुल हटा लिया जाता है। कई साल से निर्धारित समय पर पुल से आवागमन सुचारु नही हो पा रहा है। उससे पहले ही बाढ़ की आशंका पर पुल हटा लिया जाता है। शनिवार रात पहाड़ों पर हुई बारिश से शारदा नदी का जलस्तर बढ़ गया। पैंटून पुल के 50 मीटर आगे तक पानी बहने लगा। पुल बहने की आशंका पर आननफानन में उसे हटाना शुरू कर दिया गया। रविवार शाम तक पुल हटने से शारदा पार इलाके में रहने वाले लोगों का तहसील से संपर्क कट गया। शारदा पार से अब पूरनपुर और पीलीभीत आने के लिए लोगों को शाहजहांपुर, खुटार, लखीमपुर के मैलानी, पलिया, संपूर्णानगर होते हुए करीब 130 किलोमीटर की दूरी तय करनी होगी। पैंटून पुल हटने के बाद नाव चलाने के निर्देश हैं। इसके लिए नौ लाख रुपये भी दिया गया था। मगर, पुल हटने के बाद अब तक नावों का संचालन शुरू नहीं किया गया। इससे लोगों में रोष है। पीडब्ल्यूडी जेई मुकेश कुमार ने बताया कि बाढ़ की आशंका पर पुल को हटाया गया है। नाव संचालन को पिछले वित्तीय वर्ष में नौ लाख रुपये मिला था। वर्तमान वित्तीय वर्ष में नाव संचालन का स्टीमेट बनाकर भेजा गया है। धनराशि मिलने पर नाव का संचालन कराया जाएगा।
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तहसील क्षेत्र की 16 ग्राम पंचायतें शारदा नदी के पार हैं। नदी पर पैंटून पुल से एक लाख की आबादी का आवागमन तहसील से जिला मुख्यालय तक होता है। शारदा नदी पर हर साल 15 सितंबर को पैंटून पुल शुरू होता है। जलस्तर बढ़ने पर 15 जून को पुल हटा लिया जाता है। कई साल से निर्धारित समय पर पुल से आवागमन सुचारु नही हो पा रहा है। उससे पहले ही बाढ़ की आशंका पर पुल हटा लिया जाता है। शनिवार रात पहाड़ों पर हुई बारिश से शारदा नदी का जलस्तर बढ़ गया। पैंटून पुल के 50 मीटर आगे तक पानी बहने लगा। पुल बहने की आशंका पर आननफानन में उसे हटाना शुरू कर दिया गया। रविवार शाम तक पुल हटने से शारदा पार इलाके में रहने वाले लोगों का तहसील से संपर्क कट गया। शारदा पार से अब पूरनपुर और पीलीभीत आने के लिए लोगों को शाहजहांपुर, खुटार, लखीमपुर के मैलानी, पलिया, संपूर्णानगर होते हुए करीब 130 किलोमीटर की दूरी तय करनी होगी। पैंटून पुल हटने के बाद नाव चलाने के निर्देश हैं। इसके लिए नौ लाख रुपये भी दिया गया था। मगर, पुल हटने के बाद अब तक नावों का संचालन शुरू नहीं किया गया। इससे लोगों में रोष है। पीडब्ल्यूडी जेई मुकेश कुमार ने बताया कि बाढ़ की आशंका पर पुल को हटाया गया है। नाव संचालन को पिछले वित्तीय वर्ष में नौ लाख रुपये मिला था। वर्तमान वित्तीय वर्ष में नाव संचालन का स्टीमेट बनाकर भेजा गया है। धनराशि मिलने पर नाव का संचालन कराया जाएगा।
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