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Pilibhit News: घरों और मंदिरों में मां चंद्रघंटा की हुई पूूजा
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पीलीभीत। शारदीय नवरात्र के तीसरे दिन शनिवार को श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा के चंद्रघंटा स्वरूप की पूजा-अर्चना की। मां चंद्रघंटा की पूजा कर श्रद्धालुओं ने मंगलकामना करते हुए शांति और समृद्धि का वर मांगा। घरों में पूजा करने के बाद श्रद्धालु मंदिर भी पहुंचे और मां की आराधना की।
मां चंद्रघंटा के सिर पर चंद्रमा और हाथों में घंटा होता है। असुरों से संग्राम में मां के इस स्वरूप ने घंटे की नाद से ही अनेकानेक असुरों का वध कर दिया था। मां चंद्रघंटा शांति और कल्याण की प्रतीक हैं। श्रद्धालुओं ने सुबह को घरों में विधिवत पूजन किया और इसके बाद नवरात्र व्रत की कथा का पाठ किया। फिर दुर्गा चालीसा, दुर्गा सप्तशती का पाठ कर आरती की। श्रद्धालुओं ने मंदिरों में भी माता के दर्शन किए। माता को चूड़ी, सिंदूर, चुनरी आदि शृंगार का सामान अर्पित किया। निरंजनकुंज में महा मातेश्वरी मंदिर में आरती और भजन कीर्तन किए गए।
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मां चंद्रघंटा के सिर पर चंद्रमा और हाथों में घंटा होता है। असुरों से संग्राम में मां के इस स्वरूप ने घंटे की नाद से ही अनेकानेक असुरों का वध कर दिया था। मां चंद्रघंटा शांति और कल्याण की प्रतीक हैं। श्रद्धालुओं ने सुबह को घरों में विधिवत पूजन किया और इसके बाद नवरात्र व्रत की कथा का पाठ किया। फिर दुर्गा चालीसा, दुर्गा सप्तशती का पाठ कर आरती की। श्रद्धालुओं ने मंदिरों में भी माता के दर्शन किए। माता को चूड़ी, सिंदूर, चुनरी आदि शृंगार का सामान अर्पित किया। निरंजनकुंज में महा मातेश्वरी मंदिर में आरती और भजन कीर्तन किए गए।
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