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साल के दूसरे दिन सुबह धूप निकली, दोपहर बाद काली घटा छाई और बूंदाबांदी
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पीलीभीत। नए साल के पहले दिन गुनगुनी धूप खिलने से आम जनमानस को लंबे समय बाद शीतलहर से निजात मिली थी। मगर, अगले ही दिन मौसम ने एक बार फिर रंग बदला। सुबह से दोपहर तक गुनगुनी धूप खिली, लेकिन दोपहर बाद आसमान में काली घटाएं घिरने लगीं। पूर्वानुमान के हिसाब से शाम को हल्की बूंदाबांदी भी हुई। इससे मौसम में ठंडक बढ़ गई।
मौसम विभाग ने चार जनवरी तक आसमान में बादल घिरे रहने और हल्की मध्यम बारिश होने की भविष्यवाणी की है। पहाड़ों पर बर्फबारी होने से बारिश के साथ ओलावृष्टि की भी संभावना जताई जा रही है। इससे आने वाले दिनों में शीतलहर की एक बार फिर से वापसी हो सकती है। बृहस्पतिवार को दोपहर बाद आसमान में एक बार फिर काली घटाएं छा गईं। कुछ देर को तो ऐसा लगा कि शाम तक बारिश होने लगेगी। हालांकि शाम को हल्की बूंदाबांदी ही हुई। देर शाम को भी बादल छाए हुए थे। बारिश के प्रबल आसार लग रहे थे। मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के चलते तीन और चार जनवरी को पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में तेज हवा के झोंकों के बीच हल्की मध्यम बारिश होने के प्रबल आसार हैं। ओलावृष्टि की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। बारिश होने से तापमान में गिरावट आएगी। शीतलहर का प्रकोप बढ़ेगी। नए साल के दूसरे दिन यानी बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 19.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 11.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम वैज्ञानिक डॉ. एचएस कुशवाहा ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ से जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के पहाड़ों पर बर्फबारी के अलावा मैदानी इलाकों में बारिश के आसार हैं। मैदानी इलाकों में ठंडी हवा चलेगी। शीतलहर और गलन का प्रकोप बढ़ेगा। दो दिन धूप न के बराबर निकलेगी। पांच जनवरी को आसमान साफ रहेगा।
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मौसम विभाग ने चार जनवरी तक आसमान में बादल घिरे रहने और हल्की मध्यम बारिश होने की भविष्यवाणी की है। पहाड़ों पर बर्फबारी होने से बारिश के साथ ओलावृष्टि की भी संभावना जताई जा रही है। इससे आने वाले दिनों में शीतलहर की एक बार फिर से वापसी हो सकती है। बृहस्पतिवार को दोपहर बाद आसमान में एक बार फिर काली घटाएं छा गईं। कुछ देर को तो ऐसा लगा कि शाम तक बारिश होने लगेगी। हालांकि शाम को हल्की बूंदाबांदी ही हुई। देर शाम को भी बादल छाए हुए थे। बारिश के प्रबल आसार लग रहे थे। मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के चलते तीन और चार जनवरी को पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में तेज हवा के झोंकों के बीच हल्की मध्यम बारिश होने के प्रबल आसार हैं। ओलावृष्टि की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। बारिश होने से तापमान में गिरावट आएगी। शीतलहर का प्रकोप बढ़ेगी। नए साल के दूसरे दिन यानी बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 19.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 11.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम वैज्ञानिक डॉ. एचएस कुशवाहा ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ से जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के पहाड़ों पर बर्फबारी के अलावा मैदानी इलाकों में बारिश के आसार हैं। मैदानी इलाकों में ठंडी हवा चलेगी। शीतलहर और गलन का प्रकोप बढ़ेगा। दो दिन धूप न के बराबर निकलेगी। पांच जनवरी को आसमान साफ रहेगा।
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