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Pilibhit News: मेहमान पक्षियों के आते ही शिकारी सक्रिय, जिम्मेदार अंजान

Wed, 17 Dec 2025 11:48 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत Updated Wed, 17 Dec 2025 11:48 PM IST
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Hunters become active as soon as guest birds arrive, responsible people are unaware
शारदा डैम में प्रवासी प​क्षियोंं की मौजूदगी। संवाद
पीलीभीत। ठंड की आहट के साथ ही हजारों किलोमीटर की दूरी तय कर विदेशी साइबेरियन पक्षी शारदा सागर डैम पर पहुंचने लगे हैं। मगर जिन विभागों पर इन पक्षियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी है, वे गहरी नींद में हैं। नतीजा यह कि शिकारी मछली के अवैध शिकार की आड़ में खुलेआम प्रवासी पक्षियों को मौत के घाट उतार रहे हैं और जिम्मेदार सिर्फ तमाशबीन बने हुए हैं। दो दिन पूर्व पुलिस कार्रवाई में एक आरोपी को छह मृतक पक्षियाें के साथ पकड़ा भी जा चुका है।
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कलीनगर के तराई इलाके में 22 किलोमीटर लंबे शारदा सागर डैम को हर साल प्रवासी पक्षियों का सुरक्षित ठिकाना माना जाता रहा है। पहले मछली नीलामी का ठेका होता था, निगरानी की कुछ तो व्यवस्था रहती थी, लेकिन पिछले चार वर्षों से ठेका नहीं हो सका। इसका सीधा फायदा शिकारियों ने उठाया और डैम को अवैध मछली शिकार के साथ-साथ साइबेरियन पक्षियों की शिकार का अड्डा बना दिया। हैरानी यह है कि प्रतिबंध के बावजूद नावें चल रही हैं और जाल बिछ रहे हैं, लेकिन कार्रवाई नाम मात्र की ही हो रही है। शारदा डैम के चार किलोमीटर से आगे और 17 से 19 किलोमीटर तक का इलाका चारे से भरपूर है। इसका फायदा शिकारी भी जमकर उठाने लगे। पक्षियों के आते ही शिकारी सक्रिय हो गए। डीएफओ मनीष सिंह का कहना है कि रेंज स्टाफ को निर्देशित किया गया है। टीमें क्षेत्र में नजर बनाए हैं। शिकारी से जुड़ी घटनाएं सामने आने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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शिकारियों के लिए सेफ जोन बनी तलहटी
डैम की तलहटी में बसे पुरैना ताल्लुके महाराजपुर, रमनगरा और मढैया लालपुर आदि गांव में शिकार से जुड़े मामले सामने आते रहे हैं। यहां न केवल मछलियों का अवैध शिकार होता है, बल्कि प्रवासी पक्षियोंं को भी बेखौफ मारा जाता है। विभागीय खामोशी शिकारियोंं का हौसला बढ़ा रही है। वहीं सूत्रों की मानें तो पूर्व में शिकार से जुड़े मामले में दबिश के दौरान वनकर्मियों में हुए हमले की घटनाओं में आरोपियों पर ठोस कार्रवाई न होने की वजह से भी वनकर्मी उदासीन बने हुए हैं।
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पकड़ने के साथ छोड़े भी जाते रहे शिकारी
डैम में प्रवासी पक्षियों के शिकार की बात करें तो पूर्व में कई घटनाएं सामने आती रहीं हैं, जिसमें शिकारी रंगेहाथ पकड़े भी जाते रहे। पूर्व वर्षों में उत्तराखंड के वन महोलिया क्षेत्र के तीन शिकारियों के पास से एक दर्जन मृत प्रवासी पक्षी बरामद हुए, लेकिन मामला जुर्माने में निपट गया था। इसके अलावा महाराजपुर क्षेत्र में भी साइबरेयिन पक्षियों के बरामद होने का मामला सामने आया। दो दिन पहले माधोटांडा पुलिस ने छह मृत साइबेरियन पक्षियों के साथ एक आरोपी पकड़ा गया।
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शारदा डैम में प्रवासी पक्षियोंं की मौजूदगी। संवाद

शारदा डैम में प्रवासी पक्षियोंं की मौजूदगी। संवाद

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