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कोरोना से मुक्त होने की ओर बढ़ रहा जिला
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पीलीभीत। पहली और दूसरी लहर में तबाही मचाने वाला कोरोना तीसरी लहर में उतना खतरनाक साबित नहीं हुआ। अब संक्रमण की रफ्तार भी काफी कम हो गई है। जनवरी में औसत प्रतिदिन 42 मरीज मिले रहे थे तो फरवरी में संक्रमण की संख्या घटकर 33 रह गई है। अगर पिछले पांच दिन की बात करें तो प्रतिदिन औसत 10 मरीज मिले हैं। बीते चौबीस घंटे में जिले में संक्रमण के 11 नए केस मिले हैं। जिले में सिर्फ 102 एक्टिव केस हैं। अब माना जा रहा है कि तीसरी लहर का पीक टाइम निकल गया है। ऐसे में जिला कोरोना मुक्त होने की ओर बढ़ रहा है।
नए साल के पहले दिन जिले में कोविड की तीसरी लहर ने दस्तक दी थी। ज्यादातर केस ओमिक्रॉन वैरिएंट के ही थे। एक जनवरी को कोरोना के 2 मरीज मिले थे। बीस जनवरी के बाद संक्रमण ने बहुत तेेजी से फैलना शुरू किया था। चिकित्सक भी मान रहे थे कि फरवरी में हालात बेकाबू हो सकते हैं। एक- एक दिन में सौ से ज्यादा केस मिले रहे थे। एक दिन में सबसे ज्यादा केस 23 जनवरी को 159 केस मिले थे। कोरोना से नौ लोगों को जान भी गवानी पड़ी। हालांकि फरवरी राहत लेकर आई। फरवरी के पहले सप्ताह में जरूर केस ज्यादा मिले, लेकिन फिर रफ्तार धीमी पड़ती गई। हालांकि एक महिला की मौत भी हुई है।
अब माना जा रहा है कि जिला कोरोना मुक्त होने की तरफ बढ़ रहा है। बीते चौबीस घंटे में कुल 11 नए केस मिले हैं। जिसके बाद तीसरी लहर में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 1838 हो गई है। बीते चौबीस घंटे में 24 मरीज ठीक भी हुए हैं। अब जिले में सक्रिय केसों की संख्या 102 रह गई है। कोविड अस्पताल में भर्ती मरीजों की संख्या भी कम हो गई। अब महज एक मरीज का इलाज यहां हो रहा है। 59 मरीज घरों पर इलाज करा रहे हैं।
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दूसरी लहर में थी तबाही, डेढ़ सौ से ज्यादा की गई थी जान
जिले के लिए कोरोना की दूसरी लहर तबाही लेकर आई थी। डेढ़ सौ से ज्यादा लोगों की जान गई थी। ये अधिकारिक आंकड़े हैं लेकिन मरने वालों की संख्या इससे कहीं ज्यादा रही थी। संक्रमण होने वालों की संख्या भी कई हजार में थी। शहर से लेकर गांव तक हाहाकार मचा था। तीसरी लहर में ओमिक्रॉन ने ज्यादा नुकसान नहीं पहुंचाया।
केस कम होने के साथ सैंपलिंग भी घटी
जैसे-जैसे केस कम हो रहे हैं स्वास्थ्य विभाग ने सैंपलिंग भी कम कर दी है। बुधवार को 292 लोगों की सैंपलिंग की गई। हालांकि वैक्सीनेशन का कार्य चल रहा है। बुधवार को 5761 किशोरों को दूसरा डोज लगाया गया। पहले डोज की संख्या 280 रही और 2083 लोगों को दूसरा डोज लगाया गया।
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बीते चौबीस घंटे में केस मिले- 11
कुल केस-1838
ठीक हुए मरीज-24
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फरवरी में अब तक कुल कोरोना केस मिले- 533
4 फरवरी में एक दिन में सबसे ज्यादा मरीज मिले-98
फरवरी में मौतें- एक
1 से 31 जनवरी तक केस मिले- 1305
23 जनवरी में एक दिन में सबसे ज्यादा मरीज मिले-159
जनवरी में मौतें-9
पहली और दूसरी लहर में मौते- 193
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वर्जन
जनवरी के मुकाबले फरवरी में संक्रमण की दर काफी कम हो गई है। मान सकते हैं तीसरी लहर का पीक निकल गया। फिर भी सभी लोक सतर्कता बरतें।
- डॉ. आलोक शर्मा, सीएमओ
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नए साल के पहले दिन जिले में कोविड की तीसरी लहर ने दस्तक दी थी। ज्यादातर केस ओमिक्रॉन वैरिएंट के ही थे। एक जनवरी को कोरोना के 2 मरीज मिले थे। बीस जनवरी के बाद संक्रमण ने बहुत तेेजी से फैलना शुरू किया था। चिकित्सक भी मान रहे थे कि फरवरी में हालात बेकाबू हो सकते हैं। एक- एक दिन में सौ से ज्यादा केस मिले रहे थे। एक दिन में सबसे ज्यादा केस 23 जनवरी को 159 केस मिले थे। कोरोना से नौ लोगों को जान भी गवानी पड़ी। हालांकि फरवरी राहत लेकर आई। फरवरी के पहले सप्ताह में जरूर केस ज्यादा मिले, लेकिन फिर रफ्तार धीमी पड़ती गई। हालांकि एक महिला की मौत भी हुई है।
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अब माना जा रहा है कि जिला कोरोना मुक्त होने की तरफ बढ़ रहा है। बीते चौबीस घंटे में कुल 11 नए केस मिले हैं। जिसके बाद तीसरी लहर में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 1838 हो गई है। बीते चौबीस घंटे में 24 मरीज ठीक भी हुए हैं। अब जिले में सक्रिय केसों की संख्या 102 रह गई है। कोविड अस्पताल में भर्ती मरीजों की संख्या भी कम हो गई। अब महज एक मरीज का इलाज यहां हो रहा है। 59 मरीज घरों पर इलाज करा रहे हैं।
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दूसरी लहर में थी तबाही, डेढ़ सौ से ज्यादा की गई थी जान
जिले के लिए कोरोना की दूसरी लहर तबाही लेकर आई थी। डेढ़ सौ से ज्यादा लोगों की जान गई थी। ये अधिकारिक आंकड़े हैं लेकिन मरने वालों की संख्या इससे कहीं ज्यादा रही थी। संक्रमण होने वालों की संख्या भी कई हजार में थी। शहर से लेकर गांव तक हाहाकार मचा था। तीसरी लहर में ओमिक्रॉन ने ज्यादा नुकसान नहीं पहुंचाया।
केस कम होने के साथ सैंपलिंग भी घटी
जैसे-जैसे केस कम हो रहे हैं स्वास्थ्य विभाग ने सैंपलिंग भी कम कर दी है। बुधवार को 292 लोगों की सैंपलिंग की गई। हालांकि वैक्सीनेशन का कार्य चल रहा है। बुधवार को 5761 किशोरों को दूसरा डोज लगाया गया। पहले डोज की संख्या 280 रही और 2083 लोगों को दूसरा डोज लगाया गया।
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बीते चौबीस घंटे में केस मिले- 11
कुल केस-1838
ठीक हुए मरीज-24
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फरवरी में अब तक कुल कोरोना केस मिले- 533
4 फरवरी में एक दिन में सबसे ज्यादा मरीज मिले-98
फरवरी में मौतें- एक
1 से 31 जनवरी तक केस मिले- 1305
23 जनवरी में एक दिन में सबसे ज्यादा मरीज मिले-159
जनवरी में मौतें-9
पहली और दूसरी लहर में मौते- 193
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वर्जन
जनवरी के मुकाबले फरवरी में संक्रमण की दर काफी कम हो गई है। मान सकते हैं तीसरी लहर का पीक निकल गया। फिर भी सभी लोक सतर्कता बरतें।
- डॉ. आलोक शर्मा, सीएमओ