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गैंगरेप के मामले में पुलिस की फाइनल रिपोर्ट खारिज

Tue, 28 Jul 2015 11:05 PM IST
Pilibhit
Pilibhit Updated Tue, 28 Jul 2015 11:05 PM IST
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अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राजेश कुमार ने गैंगरेप के मामले में पुलिस की फाइनल रिपोर्ट खारिज कर दी है। एसओ बरखेड़ा को मामले की अग्रिम विवेचना के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने बरखेड़ा के बलात्कार के एक दूसरे केस में भी फाइनल रिपोर्ट अस्वीकार कर दी है। पीड़िता के कलमबंद बयान दर्ज कराने के आदेश दिए हैं।

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थाना बरखेड़ा पर गांव पचपेड़ा पुखा निवासी पप्पू लाल, भूरा और कल्लू पर गैंगरेप की रिपोर्ट दर्ज हुई। रिपोर्ट के अनुसार आठ जनवरी 2012 को आरोपियों ने आधी रात को तमंचे की नोंक पर विवाहिता से बलात्कार किया। बरखेड़ा पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज नहीं की। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के निर्देश पर रिपोर्ट दर्ज हुई थी। पुलिस ने इस मामले में छह सितंबर 2013 को एफआर लगाई थी। इस पर पीड़िता ने कोर्ट में आपत्ति याचिका दाखिल की। मामले की सुनवाई के बाद एसीजेएम राजेश कुमार ने पुलिस की एफआर खारिज कर दी है। बरखेड़ा एसओ को आदेश दिया है कि 22 अगस्त तक अग्रिम विवेचना कर कोर्ट को अवगत कराए। पीड़िता के कलमबंद बयान दर्ज कराएं। थाना बरखेड़ा के ही बलात्कार के एक अन्य मामले में ग्राम वस्थना निवासी हरीश कुमार पर रिपोर्ट दर्ज हुई। इसके अनुसार दोपहर 12 बजे हरीश ने एक बालिका के साथ दुराचार किया। वह गर्भवती हो गई। यह घटना 30 अक्तूबर 2011 की बताई गई। पुलिस ने 28 जनवरी 2012 को इस मामले में एफआर लगा दी थी। पीड़ित पक्ष ने पुलिस की एफआर को गलत बताया। एसीजेएम राजेश कुमार ने पुलिस की एफआर को खारिज कर अग्रिम विवेचना के आदेश एसओ बरखेड़ा को दिए हैं। 14 सिंतबर तक जांच रिपोर्ट कोर्ट में दाखिल की जाएगी। दोनों मामलों में कोर्ट के आदेश से पीड़ित पक्ष को न्याय की उम्मीद जगी है।

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