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भाजपा नेता और उसके दोस्त की गोली मारकर ही की गई थी हत्या

Thu, 10 Jan 2019 12:05 AM IST
pawan chandra पवन चंद्रा
Updated Thu, 10 Jan 2019 12:05 AM IST
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भाजपा नेता और उसके दोस्त की गोली मारकर ही की गई थी हत्या
पीलीभीत। भाजपा कलीनगर मंडल उपाध्यक्ष माधोटांडा के गांव धरमंगदपुर गांव निवासी शिवराम यादव (35) और उनके दोस्त अतुल श्रीवास्तव की गोली मारकर ही दिनदहाड़े हत्या की गई थी। शिवराम के सिर में दो गोली, जबकि अतुल के सिर में एक गोली मारी गई, जो पार निकल गईं। धारदार हथियार से भी वार किए गए थे। तीन डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया तो इसकी पुष्टि हुई। साथ ही तत्कालीन पूरनपुर इंस्पेक्टर राजेश सिंह का हत्या के इस मामले को सड़क हादसा बताने का सफेद झूठ भी सामने आ गया है। उधर, वारदात के 24 घंटे बीतने के बाद भी नामजद आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार नहीं कर सकी है।
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मंगलवार दिन में करीब साढ़े तीन बजे पूरनपुर-माधोटांडा मार्ग पर शिवराम और अतुल लहूलुहान हालत में पड़े मिले थे। दोनों के सिर में गहरे जख्म थे। सीएचसी पहुंचने पर अतुल की मौत हो गई थी, जबकि शिवराम ने जिला अस्पताल ले जाते वक्त रास्ते में दम तोड़ दिया था। परिजन चुनावी रंजिश में सपा नेता, गांव के मौजूदा प्रधान वसी उल्ला खां, गुड्डू, चुन्नन खां, मसीउल्लां खां पर गोली मारकर हत्या करने का आरोप लगा रहे थे, लेकिन पूरनपुर इंस्पेक्टर राजेश सिंह कार की टक्कर लगने के बाद हादसे में मौत होना बताते रहे। इंस्पेक्टर की इस मामले में संदिग्ध भूमिका को देखते हुए जमकर बवाल हुआ था। तोड़फोड़ आगजनी के बाद हालात बेकाबू होने पर एसपी बालेंदु भूषण सिंह, एएसपी रोहित मिश्र ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली। रात में ही शिवराम के चाचा राजेंद्र सिंह की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कर गई और इंस्पेक्टर राजेश को लाइन हाजिर कर उनके स्थान पर मोहम्म्द कासिम को तैनात कर दिया गया।
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बुधवार को दोनों शवों का तीन डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया गया। अपरान्ह तीन बजे शुरू हुआ पोस्टमार्टम शाम साढ़े छह बजे तक चला। इसके बाद परिजनों के हत्या के आरोप की पुष्टि हो गई और इंस्पेक्टर का झूठ भी उजागर हो गया। पोस्टमार्टम में शिवराम के सिर में दो और अतुल के सिर में एक गोली मारे जाने की बात सामने आई। हालांकि यह स्पष्ट नहीं हो सका कि गोली किस बोर के असलहे से चलाई गई हैं, लेकिन इतना तय है कि असलहा 12 बोर का तो नहीं ही था। तीनों गोली आरपार हो गईं । इसके अलावा पसली और सिर में चोटें भी आई हैं। इन्हें धारदार हथियार के वार का माना जा रहा है।
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परिजन बोले- सबको दिख रही थीं गोली, सिर्फ इंस्पेक्टर को नहीं
पीलीभीत। डबल मर्डर की इस वारदात पर पूरनपुर सर्किल पुलिस घिरती नजर आ रही है। पुलिस के घटना को हादसा करार देने के बाद परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ की ओर से कोतवाली गेट से लेकर असम हाईवे तक तोड़फोड़ और आगजनी करने के बाद मृतक शिवराम के चाचा राजेंद्र सिंह की तहरीर पर नामजद मुकदमा दर्ज किया जा सका था। अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गोली मारकर हत्या करने के आरोप सही साबित हो गए हैं। पोस्टमार्टम हाउस पर मौजूद मृतकों के परिजनों से लेकर साथ आए ग्रामीण इस लापरवाही पर नाराजगी जताते नजर आए।
उन्होंने खुलकर कहा कि सीएचसी पहुंचने पर दोनों के सिर में निशान देख हर कोई गोली मारकर हत्या करने की बात कह रहा था। सिर्फ इंस्पेक्टर को ही ये नहीं दिख रहा था। वह इसे हादसा साबित करने में जुटे थे। इसके पीछे उनकी क्या मंशा थी, फिलहाल इसे लेकर घरवालों ने कोई आरोप नहीं लगाया है। परिजनों का कहना था कि दोनों के सिर में गोली के निशान दिखाने के बाद भी रिपोर्ट लिखने में टालमटोल की जाती रही। एक मुस्लिम युवक ने भी सामने आकर पुलिस को कार सवारों द्वारा गोली मारने की बात बताई थी। उसे भी पुलिस ने नजरअंदाज कर दिया। मौके पर पहुंचे सर्किल अफसर पर भी इंस्पेक्टर का ही साथ देने का आरोप लगाया। इसके अलावा सीएचसी के स्टाफ पर भी इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। कहा कि घायल के गंभीर हालत में पहुंचने पर सीएचसी स्टाफ औपचारिकता निभाता रहा। न तो ऑक्सीजन दी गई, न ही अन्य कोई पुख्ता इलाज की व्यवस्था की गई।

गांव से लेकर पोस्टमार्टम हाउस तक रहा पुलिस का पहरा
माधोटांडा (पीलीभीत)। भाजपा नेता शिवराम यादव और उसके दोस्त अतुल श्रीवास्तव की मौत के बाद मंगलवार हुए बवाल को देखते हुए बुधवार को सुरक्षा के सख्त बंदोबस्त रखे गए। नामजदगी के बाद पीड़ित और आरोपी पक्ष का अलग-अलग समुदाय होना भी बढ़ाई गई सुरक्षा के पीछे अहम कारण रहा। कई थानों के पुलिस बल के अलावा पीएसी एक तरफ गांव में तैनात रही। वहीं पोस्टमार्टम हाउस पर भी सीओ सिटी धर्म सिंह मार्छाल, इंस्पेक्टर सुनगढ़ी नरेंद्र यादव भारी फोर्स के साथ लगाए गए।
मंगलवार को हुए विवाद के बाद रात भर धरमंगदपुर गांव में रही। बुधवार सुबह भी गांव का माहौल तनावपूर्ण बना हुआ था। ग्रामीणों और परिजनों की बातचीत से आक्रोश जाहिर हो रहा था। इसको देखते हुए एसडीएम कलीनगर चंद्रभान सिंह, सीओ पूरनपुर कमल सिंह, इंस्पेक्टर मोहम्मद कासिम, दुर्गा सिंह समेत कई गांव पहुंच गए। पुलिस-पीएसी की तैनाती के बीच नामजद किए गए आरोपियों का आपराधिक इतिहास खंगाला जाता रहा। उनके पास मौजूद लाइसेंसी असलहों के बारे में भी जानकारी क ी जाती रही। शाम को पोस्टमार्टम शुरू होने के बाद ही प्रभारी एसपी रोहित मिश्र भी माधोटांडा पहुंचे और हालात पर नजर बनाए रहे।

तो यहां से और गहरी हो गई रंजिश
माधोटांडा। नामजद आरोपी ग्राम प्रधान वसी उल्ला और भाजपा नेता शिवराम के बीच चुनावी रंजिश काफी पुरानी है। शिवराम के पिता आत्माराम भी प्रधान रह चुके हैं। प्रधान वसीउल्ल के पिता गरीब उल्लाह खां भी पहले प्रधान रह चुके हैं। शिवराम पिछले चुनाव में महज तीन वोट से हार गए थे। इन दिनों वह अगले चुनाव की तैयारी में लगे थे। चार माह पूर्व गांव के एक दलित व्यक्ति से मारपीट के मामले में शिवराम ने पीड़ित की खुलकर पैरवी की थी। इसमें प्रधान वसीउल्ला खां पर मारपीट और एससी-एसटी एक्ट की रिपोर्ट दर्ज की गई थी।
इस मामले में चार्जशीट भी कोर्ट में दाखिल हो चुकी है। हालांकि एससी-एसटी एक्ट के मामले में गिरफ्तिारी के खिलाफ प्रधान ने हाईकोर्ट से स्टे ले लिया था। इसके अलावा भी कई छिटपुट मामले दोनों के बीच चलते रहे।

आज होगा दोनों का अंतिम संस्कार
मृतक भाजपा नेता शिवराम और उसके दोस्त अतुल श्रीवास्तव के शवों का पोस्टमार्टम बुधवार को देर शाम तक चला। शव गांव पहुंचते-पहुंचते रात हो गई। इसलिए उनका अंतिम संस्कार नहीं हो सका। परिवार वालों ने बताया कि बृहस्पतिवार को दोनों की अंत्येष्टि की जाएगी।
घटनास्थल के पास से सीसीटीवी फुटेज भी जुटा रही पुलिस
वारदात को अंजाम देने में कौन लोग थे और उन्होंने किस तरह से घटना की। इसको लेकर साक्ष्य जुटाने में पुलिसट की टीमें लगा दी गई है। बुधवार को मंडी समिति रोड पर घटनास्थल के आसपास के प्रतिष्ठानों पर पुलिस की टीमें पहुंची। सीसीटीवी कैमरे लगे होने की जानकारी की गई। इसके बाद कुछ स्थानों से फुटेज भी लिए गए हैं। सूत्रों की माने तो दर्ज की गई रिपोर्ट में बताए अनुसार सफेद बैगनआर भी दिखाई दी है। हालांकि अफसर अभी इसको लेकर कुछ भी खुलकर बोल नहीं रहे हैं। परिजन जरूर इस बात की पुष्टि करते रहे।

भाजपा जिलाध्यक्ष समेत कई रहे मौजूद
गोली की जानकारी करने के लिए शवों का पोस्टमार्टम कराने से पहले उनका एक्स-रे जिला अस्प्ताल भेज किया गया था। बुधवार को सुबह से पूरनपुर के स्थानीय भाजपा नेता साथ आए थे, वहीं जिलाध्यक्ष राकेश गुप्ता समेत कई पदाधिकारी भी परिजनों के साथ खड़े दिखाई दिए।


केंद्रीय मंत्री ने 48 घंटे में गिरफ्तारी के दिए निर्देश
केंद्रीय मंत्री एवं जिले की सांसद मेनका गांधी बुधवार सुबह धरमंगदपुर गांव पहुंची और मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। उनको हरसंभव मदद व सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से इस मामले में चल रही कार्रवाई की प्रगति को जानने के साथ ही आरोपियों की 48 घंटे में गिरफ्तारी करने के निर्देश भी दिए।
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