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कृषि कानूनों के विरोध में किया प्रदर्शन
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बीसलपुर। किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार दोपहर एक बजे कृषि कानूनों को लेकर तहसील गेट पर केंद्र सरकार के विरोध में प्रदर्शन किया। इसके उपरांत एसडीएम को प्रधानमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन दिया।
किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ता मंगलवार को दोपहर एक बजे तहसील परिसर में एकत्र हुए और कृषि कानूनों को लेकर केंद्र सरकार के विरोध में प्रदर्शन किया। करीब एक घंटे तक प्रदर्शन करने के बाद संगठन कार्यकर्ताओं ने एसडीएम राकेश गुप्ता को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम संबोधित ज्ञापन दिया। ज्ञापन में कृषि कानूनों को किसान विरोधी बताया गया है। ज्ञापन में कृषि कानूनों को खत्म कराने की मांग की गई है। प्रदर्शन करने और ज्ञापन देने वालो में संगठन के मंडल संयोजक गुल्लू पहलवान, जिला संयोजक सुभाष चंद्र गंगवार, प्यारेलाल गंगवार, सुरेंद्र कुमार, बिलसंडा ब्लॉक अध्यक्ष ओमकार, रामस्वपरूप, महेंद्रपाल, सीताराम, रामसनेही, दिवाकर, रामपाल, प्रेमपाल, वीरेंद्र पाल सिंह, भगवानदास, समेत काफी किसान शामिल थे।
कृषि कानूनों को लेकर सौंपा ज्ञापन
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ताओं ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष की ओर से कृषि कानूनों के संशोधन के संबंध में दिए गए प्रस्ताव को लेकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम कार्यालय में दिया। ज्ञापन में कृषि कानूनों को लेकर वार्ता ऑनलाइन कराने की मांग की।
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संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष मंजीत सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को एसडीएम कार्यालय पहुंचकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन कार्यालय में एक कर्मचारी को सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि किसान नेता वीएम सिंह कृषि कानूनों के गतिरोध को समाप्त करने को लिखित प्रस्ताव भेजा था। मगर सरकार बार-बार कानूनों में संशोधन करने को तैयार होने का प्रचार कर बिल वापस न करने की तर्क दे रही है। आंदोलन कर रहे किसान कानून वापस किए बगैर वार्ता करने से इनकार कर रहे हैं। गतिरोध को समाप्त करने को राष्ट्रीय किसान मोर्चा ने कानूनों में संशोधित करने के लिए चार प्रस्ताव भेजे और संसद में संशोधन कर किसानों की शंकाओं को दूर करने की अपील की थी। ज्ञापन देने वालों में भाकियू नेता लालू मिश्रा, गुरप्रीत सिंह, गुरदास, अशोक, कुलवंत सिंह, सुच्चा सिंह, जसकरन सिंह, कुलविंदर सिंह, अनन्त अग्रवाल आदि किसान थे।
किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने के लिए ज्ञापन सौंपा
किसानों पर दर्ज मुकदमों को लेकर सिख संगत और किसान नेताओं ने नगर के गुरुद्वारा में सभा कर सीओ को ज्ञापन भेजा।
कुछ दिन पूर्व क्षेत्र के गांव सिमरौली और चठिया हिल्गी में भाजपा राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख सभा करने पहुंचे। जहां किसानों ने राज्यमंत्री को काले झंडे दिखाकर भाजपा विरोधी नारेबाजी की। जिस पर पुलिस ने 70 किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने पर क्षेत्र के किसान एकजुट होकर प्रशासन से रिपोर्ट वापस कराने की मांग कर रहे हैं।
इसी क्रम में मंगलवार दोपहर नगर के गुरुद्वारा में सिख संगत और कई किसान नेता जुटे और सभा की। यहां नेताओं ने किसानों पर लिखे मुकदमा वापस करने की मांग की। सभा के अंत में किसानों ने पुलिस अधीक्षक संबोधित ज्ञापन सीओ प्रशांत कुमार को सौंपा। इस दौरान मनप्रीत सिंह, पंजाब सिंह कहलो, भूपेंद्र सिंह, गुरुसेवक समेत कई लोग मौजूद रहें।
किसानों ने नलकूप सही न होने पर दी आंदोलन की चेतावनी
गांव मुसेली के ग्रामीणों ने डीएम को पत्र भेजकर अपने गांव के एक महीने से ठप पड़े राजकीय नलकूप को सही कराने की मांग की है। मांग पूरी न होने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों की ओर से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि उनके गांव का राजकीय नलकूप तकनीकी खराबी से पिछले एक माह से ठप पड़ा है, जिससे किसानों को कोई लाभ नही मिल पा रहा है। किसानों को अपनी धान की फसल की सिंचाई करने में दिक्कत हो रही है। पत्र में खराब नलकूप को जल्द सही कराने की मांग की गई है। चेतावनी भी दी गई है कि यदि एक सप्ताह के भीतर नलकूप सही नहीं हुआ तो वे नलकूप के पास बेमियादी धरना शुरू कर देंगे। पत्र पर ग्राम प्रधान इस्तयाक अहमद, खान बहादुर, अख्तर रजा, सईद खां, जीशान, कल्लू, बुंदाशाह और मुईद खां सहित काफी लोग शामिल थे।
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किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ता मंगलवार को दोपहर एक बजे तहसील परिसर में एकत्र हुए और कृषि कानूनों को लेकर केंद्र सरकार के विरोध में प्रदर्शन किया। करीब एक घंटे तक प्रदर्शन करने के बाद संगठन कार्यकर्ताओं ने एसडीएम राकेश गुप्ता को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम संबोधित ज्ञापन दिया। ज्ञापन में कृषि कानूनों को किसान विरोधी बताया गया है। ज्ञापन में कृषि कानूनों को खत्म कराने की मांग की गई है। प्रदर्शन करने और ज्ञापन देने वालो में संगठन के मंडल संयोजक गुल्लू पहलवान, जिला संयोजक सुभाष चंद्र गंगवार, प्यारेलाल गंगवार, सुरेंद्र कुमार, बिलसंडा ब्लॉक अध्यक्ष ओमकार, रामस्वपरूप, महेंद्रपाल, सीताराम, रामसनेही, दिवाकर, रामपाल, प्रेमपाल, वीरेंद्र पाल सिंह, भगवानदास, समेत काफी किसान शामिल थे।
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कृषि कानूनों को लेकर सौंपा ज्ञापन
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ताओं ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष की ओर से कृषि कानूनों के संशोधन के संबंध में दिए गए प्रस्ताव को लेकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम कार्यालय में दिया। ज्ञापन में कृषि कानूनों को लेकर वार्ता ऑनलाइन कराने की मांग की।
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संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष मंजीत सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को एसडीएम कार्यालय पहुंचकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन कार्यालय में एक कर्मचारी को सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि किसान नेता वीएम सिंह कृषि कानूनों के गतिरोध को समाप्त करने को लिखित प्रस्ताव भेजा था। मगर सरकार बार-बार कानूनों में संशोधन करने को तैयार होने का प्रचार कर बिल वापस न करने की तर्क दे रही है। आंदोलन कर रहे किसान कानून वापस किए बगैर वार्ता करने से इनकार कर रहे हैं। गतिरोध को समाप्त करने को राष्ट्रीय किसान मोर्चा ने कानूनों में संशोधित करने के लिए चार प्रस्ताव भेजे और संसद में संशोधन कर किसानों की शंकाओं को दूर करने की अपील की थी। ज्ञापन देने वालों में भाकियू नेता लालू मिश्रा, गुरप्रीत सिंह, गुरदास, अशोक, कुलवंत सिंह, सुच्चा सिंह, जसकरन सिंह, कुलविंदर सिंह, अनन्त अग्रवाल आदि किसान थे।
किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने के लिए ज्ञापन सौंपा
किसानों पर दर्ज मुकदमों को लेकर सिख संगत और किसान नेताओं ने नगर के गुरुद्वारा में सभा कर सीओ को ज्ञापन भेजा।
कुछ दिन पूर्व क्षेत्र के गांव सिमरौली और चठिया हिल्गी में भाजपा राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख सभा करने पहुंचे। जहां किसानों ने राज्यमंत्री को काले झंडे दिखाकर भाजपा विरोधी नारेबाजी की। जिस पर पुलिस ने 70 किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने पर क्षेत्र के किसान एकजुट होकर प्रशासन से रिपोर्ट वापस कराने की मांग कर रहे हैं।
इसी क्रम में मंगलवार दोपहर नगर के गुरुद्वारा में सिख संगत और कई किसान नेता जुटे और सभा की। यहां नेताओं ने किसानों पर लिखे मुकदमा वापस करने की मांग की। सभा के अंत में किसानों ने पुलिस अधीक्षक संबोधित ज्ञापन सीओ प्रशांत कुमार को सौंपा। इस दौरान मनप्रीत सिंह, पंजाब सिंह कहलो, भूपेंद्र सिंह, गुरुसेवक समेत कई लोग मौजूद रहें।
किसानों ने नलकूप सही न होने पर दी आंदोलन की चेतावनी
गांव मुसेली के ग्रामीणों ने डीएम को पत्र भेजकर अपने गांव के एक महीने से ठप पड़े राजकीय नलकूप को सही कराने की मांग की है। मांग पूरी न होने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों की ओर से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि उनके गांव का राजकीय नलकूप तकनीकी खराबी से पिछले एक माह से ठप पड़ा है, जिससे किसानों को कोई लाभ नही मिल पा रहा है। किसानों को अपनी धान की फसल की सिंचाई करने में दिक्कत हो रही है। पत्र में खराब नलकूप को जल्द सही कराने की मांग की गई है। चेतावनी भी दी गई है कि यदि एक सप्ताह के भीतर नलकूप सही नहीं हुआ तो वे नलकूप के पास बेमियादी धरना शुरू कर देंगे। पत्र पर ग्राम प्रधान इस्तयाक अहमद, खान बहादुर, अख्तर रजा, सईद खां, जीशान, कल्लू, बुंदाशाह और मुईद खां सहित काफी लोग शामिल थे।