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Pilibhit News: कागजों पर सर्वाइकल कैंसर का टीकाकरण, दावों में उलझा विभाग
Wed, 04 Feb 2026 11:35 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Updated Wed, 04 Feb 2026 11:35 PM IST
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पीलीभीत। छात्राओं को सर्वाइकल कैंसर का टीका लगवाने की प्रक्रिया करीब छह माह बाद भी धरातल पर नहीं उतर सकी है। स्वास्थ्य विभाग अब तक कागजी दावे ही दौड़ा रहा है। हालांकि, एक सप्ताह में टीकाकरण शुरू करने का दावा किया जा रहा है। पहले चरण में जिले के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में पढ़ने वाली छात्राओं को यह टीका लगाया जाएगा।
करीब छह माह पूर्व जिले के दौरे पर आई राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने महिलाओं-युवतियों को सर्वाइकल कैंसर से बचाने के लिए स्कूली छात्राओं का टीकाकरण कराए जाने का निर्देश दिया था। इसकी जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग को दी और अन्य विभागों से समन्वय कर छात्राओं को टीका लगवाने को कहा गया।
विभाग ने शुरुआत में तो काफी तेजी दिखाई बाद में रफ्तार सुस्त हो गई। छात्राओं को अब तक टीका नहीं लग सका है। सर्वाइकल कैंसर एक घातक बीमारी है। इसके बचाव के लिए 9 से 14 साल की बच्चियों को टीके लगने होते हैं। एक टीका करीब दो हजार रुपये का लगता है।
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सीएमओ डॉ. आलोक कुमार ने बताया कि रेड क्रॉस सोसाइटी के मद की धनराशि से सर्वाइकल कैंसर के टीके लगवाने की योजना है। इसमें पहले चरण में कस्तूरबा विद्यालयों की करीब 900 छात्राओं को टीके लगवाए जाएंगे। इस संबंध में डीएम से अनुमति मिल गई है।
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करीब छह माह पूर्व जिले के दौरे पर आई राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने महिलाओं-युवतियों को सर्वाइकल कैंसर से बचाने के लिए स्कूली छात्राओं का टीकाकरण कराए जाने का निर्देश दिया था। इसकी जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग को दी और अन्य विभागों से समन्वय कर छात्राओं को टीका लगवाने को कहा गया।
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विभाग ने शुरुआत में तो काफी तेजी दिखाई बाद में रफ्तार सुस्त हो गई। छात्राओं को अब तक टीका नहीं लग सका है। सर्वाइकल कैंसर एक घातक बीमारी है। इसके बचाव के लिए 9 से 14 साल की बच्चियों को टीके लगने होते हैं। एक टीका करीब दो हजार रुपये का लगता है।
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सीएमओ डॉ. आलोक कुमार ने बताया कि रेड क्रॉस सोसाइटी के मद की धनराशि से सर्वाइकल कैंसर के टीके लगवाने की योजना है। इसमें पहले चरण में कस्तूरबा विद्यालयों की करीब 900 छात्राओं को टीके लगवाए जाएंगे। इस संबंध में डीएम से अनुमति मिल गई है।