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Pilibhit News: हुए ज्यादा परेशान तो 48 हजार किसानों ने छोड़ी गन्ने की खेती

Mon, 25 Nov 2024 03:05 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Mon, 25 Nov 2024 03:05 AM IST
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48 thousand farmers left sugarcane farming due to excessive stress
राम प्रकाश।
बीसलपुर। विभिन्न विसंगतियों के कारण इस समिति क्षेत्र के 48 हजार किसानों ने इस वर्ष गन्ने की खेती छोड़ दी है। इन किसानों ने गन्ने के स्थान पर अन्य फसलें की हैं।
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गन्ना विभाग के अभिलेखों के अनुसार सहकारी गन्ना विकास समिति क्षेत्र में कुल 1, 07, 822 गन्ना किसान हैं। चालू गन्ना सत्र शुरू होने से पहले, जब समिति कर्मचारियों ने गन्ने की पर्चियां कराने के सिलसिले में गन्ने की खेती वाले किसानों का हिसाब लगाया, तो पता चला कि समिति क्षेत्र में केवल 59751 किसानों के खेतों में ही गन्ने की फसल खड़ी है। बाकी किसानों ने गन्ने की खेती के स्थान पर अन्य फसलें उगाई हैं। अब 59751 किसानों को ही गन्ने की पर्चियां जारी करने की कवायद शुरू की गई है। (संवाद)
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इन स्थानों के काफी किसानों ने छोड़ी है गन्ने की खेती
बीसलपुर नगर, बिलसंडा कस्बा, बरखेड़ा कस्बा, टिकरी, जोगीठेर, ज्योरह कल्याणपुर, रंभोजा, बमरोली, खनंका, करेली, घनश्यामपुर, कनपरा, कनपरी, मुड़िया बिलहरा, भदेंगकंजा, मसीत, परासी रामकिशन, परसिया, सिमरा, पिपरिया, दौलतपुर आदि।
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ये रहीं समस्याएं
गन्ने का भुगतान सही समय पर न मिलना, चीनी मिल, गन्ना विभाग के अधिकारियों द्वारा गन्ने की खेती से संबंधित समस्याओं का समय पर निस्तारण न करना, अधिकतर गन्ने की पर्चियां समय पर न मिलना, क्रय केंद्रों पर घटतौली, क्रय केंद्रों पर गन्ना माफिया का हावी होना, गन्ना तौलवाने के लिए लंबी प्रतीक्षा करना, गन्ना केंद्रों के प्रभारियों द्वारा अभद्र व्यवहार आदि।
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किसानों ने कहा...
गन्ना बजाज हिंदुस्तान चीनी मिल मकसूदापुर में जाता था, जहां से गन्ना मूल्य भुगतान काफी बिलंब से मिला, इससे काफी आर्थिक दिक्कत का सामना करना पड़ा। इस वजह से गन्ने की खेती छोड़कर अन्य फसलों की खेती शुरू की।
- रामप्रकाश, गांव सिंधौरा खरगपुर, बीसलपुर।
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गांव सिमरोली में फार्म है। उस इलाके का गन्ना बजाज हिंदुस्तान चीनी मिल मकसूदापुर में जाता है। वहां से गन्ना मूल्य भुगतान बेहद देरी से मिलता था। इस वजह से परिवार का बजट बिगड़ गया। इसी कारण गन्ने की खेती छोड़कर अन्य फसलों की खेती शुरू कर दी

- अमर सिंह, मोहल्ला दुबे
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अभिलेखों के अनुसार समिति क्षेत्र में 1,07, 822 किसान हैं। इनमें से 59751 किसान ही गन्ना आपूर्ति कर्ता हैं। जो लोग समिति के सदस्य बन जाते हैं, वह हमेशा बने रहते हैं। इनमें सेे कुछ ऐेसे लोग हैं, जो गन्ना मिल को आपूर्ति नही करते। इनमें से कुछ लोग हर वर्ष गन्ने की खेती करते भी नही हैं।
-राजेश कुमार, सचिव सहकारी गन्ना विकास समिति, बीसलपुर

राम प्रकाश।

राम प्रकाश।

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