{"_id":"5c20d217bdec2256e0514d6c","slug":"11545654807-pilibhit-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बेटी को बचाने का लिया संकल्प, केंद्रीय मंत्री ने रैली को किया रवाना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बेटी को बचाने का लिया संकल्प, केंद्रीय मंत्री ने रैली को किया रवाना
Mon, 24 Dec 2018 06:03 PM IST
zaidi saba
अमर उजाला पीलीभीत।
अमर उजाला पीलीभीत।
Published by: zaidi saba
Updated Mon, 24 Dec 2018 06:03 PM IST
विज्ञापन
beti padhao beti bachao
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ को लेकर निकाली जागरूकता रैली
पीलीभीत। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान का शुभारंभ केंद्रीय मंत्री महिला एवं बाल विकास मेनका संजय गांधी ने सोमवार को हरी झंडी दिखाकर किया। रैली गांधी स्टेडियम से शुरू होकर शहर में घूमती हुई यशवंत्री देवी मंदिर ग्राउंड में समाप्त हुई। रैली में छात्राओं ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ के नारे के साथ स्थानीय नागरिकों को जागरूक किया।
रैली का शुभारंभ करते हुए मेनका गांधी ने बेटी को बचाने का संकल्प दिलाते हुए कहा कि बेटी को पढ़ाना जरूरी है। क्योंकि बेटी एक नहीं दो-दो घरों का नाम रोशन करती है। उन्होंने कहा कि कोख में बेटी को मारने की प्रथा मोदी सरकार के प्रयासों के बाद खत्म हो रही है। डीएम डॉ. अखिलेश कुमार मिश्रा ने कहा कि कहा बेटी ही मां और पत्नी की भूमिका में दिखती है। जब बेटी ही नहीं होगी तो फिर पत्नी और मां कहां से आएंगी। सिटी मजिस्ट्रेट डॉ. अर्चना द्विवेदी ने कहा कि भ्रूण हत्या के लिए सबसे अधिक जिम्मेदार मां है। मां को सोचना चाहिए कि वह भी एक दिन बेटी थी। यदि उसकी मां ने उसके साथ कुछ गलत किया होता तो आज उसका अस्तित्व ही नहीं होता। जिला प्रोबेशन अधिकारी संजय निगम ने कहा कि वर्ष जनपद में 2001 की जनगणना के अनुसार चाइल्ड सेक्स रेशियो 941 था जो वर्ष 2011 में घटकर 912 और वर्ष 2016-17 में बढ़कर 977 हो गया। इसी तरह बेटियों की जन्म दर घटना चिंता का विषय है।
विज्ञापन
पीलीभीत। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान का शुभारंभ केंद्रीय मंत्री महिला एवं बाल विकास मेनका संजय गांधी ने सोमवार को हरी झंडी दिखाकर किया। रैली गांधी स्टेडियम से शुरू होकर शहर में घूमती हुई यशवंत्री देवी मंदिर ग्राउंड में समाप्त हुई। रैली में छात्राओं ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ के नारे के साथ स्थानीय नागरिकों को जागरूक किया।
रैली का शुभारंभ करते हुए मेनका गांधी ने बेटी को बचाने का संकल्प दिलाते हुए कहा कि बेटी को पढ़ाना जरूरी है। क्योंकि बेटी एक नहीं दो-दो घरों का नाम रोशन करती है। उन्होंने कहा कि कोख में बेटी को मारने की प्रथा मोदी सरकार के प्रयासों के बाद खत्म हो रही है। डीएम डॉ. अखिलेश कुमार मिश्रा ने कहा कि कहा बेटी ही मां और पत्नी की भूमिका में दिखती है। जब बेटी ही नहीं होगी तो फिर पत्नी और मां कहां से आएंगी। सिटी मजिस्ट्रेट डॉ. अर्चना द्विवेदी ने कहा कि भ्रूण हत्या के लिए सबसे अधिक जिम्मेदार मां है। मां को सोचना चाहिए कि वह भी एक दिन बेटी थी। यदि उसकी मां ने उसके साथ कुछ गलत किया होता तो आज उसका अस्तित्व ही नहीं होता। जिला प्रोबेशन अधिकारी संजय निगम ने कहा कि वर्ष जनपद में 2001 की जनगणना के अनुसार चाइल्ड सेक्स रेशियो 941 था जो वर्ष 2011 में घटकर 912 और वर्ष 2016-17 में बढ़कर 977 हो गया। इसी तरह बेटियों की जन्म दर घटना चिंता का विषय है।
विज्ञापन