{"_id":"5f4d43e58ebc3e3d1d1398b2","slug":"the-devotees-will-not-be-able-to-climb-the-mark-in-charathaval-muzaffarnagar-news-mrt498997536","type":"story","status":"publish","title_hn":"चरथावल में म्हाड़ी पर श्रद्धालु नहीं चढ़ा पाएंगे निशान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चरथावल में म्हाड़ी पर श्रद्धालु नहीं चढ़ा पाएंगे निशान
विज्ञापन
चरथावल में म्हाड़ी पर श्रद्धालु नहीं चढ़ा पाएंगे निशान
मुजफ्फरनगर, चरथावल। कोरोना की बंदिश के चलते चरथावल गोगा म्हाड़ी पर मेला नहीं सजेगा। इस बार 31 अगस्त को लगने वाले मेले में गोगा म्हाड़ी पर दर्शन कर मत्था नहीं टेकने का मलाल रहेगा। दूधली के बाद ब्लॉक का सबसे बड़ा छड़ियान मेला चरथावल गोगा म्हाड़ी पर सजता है।
हर साल भादो की अनंत चतुर्दशी (आज) को हजारों श्रद्धालु परंपरागत निशान और प्रसाद चढ़ाकर नतमस्तक होते हैं। ब्लॉक के कई गांव में लगने वाले मेलों के बाद यहां अंतिम दिन विराट मेला सजता है। चरथावल में इस बार मेले की तिथि सोमवार को तय थी। कोरोना काल में कोई भी श्रद्धालु प्रसाद नहीं चढ़ा पाएगा। सिर्फ कुछ लोग सुबह जल्दी प्रसाद और निशान चढ़ाने की परंपरा निभाएंगे। बुजुर्गों के मुताबिक अरसे से लगने वाला छड़ियान मेला इस बार नहीं लगने का हर किसी को मलाल है। म्हाड़ी भगत पवन कश्यप और मेला आयोजन समिति के विजेंद्र त्यागी ने बताया कि इस बार कोरोना संक्रमण के खतरे को देखते हुए मेला स्थगित किया गया है। एसओ सूबे सिंह यादव ने बताया कोविड कि गाइडलाइन का पालन कराने के लिए इस बार श्रद्धालु भक्त प्रसाद और निशान नहीं चढ़ा पाएंगे। मेला समिति के कार्यकर्ता पाबंदी लगाने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करेंगे।
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर, चरथावल। कोरोना की बंदिश के चलते चरथावल गोगा म्हाड़ी पर मेला नहीं सजेगा। इस बार 31 अगस्त को लगने वाले मेले में गोगा म्हाड़ी पर दर्शन कर मत्था नहीं टेकने का मलाल रहेगा। दूधली के बाद ब्लॉक का सबसे बड़ा छड़ियान मेला चरथावल गोगा म्हाड़ी पर सजता है।
हर साल भादो की अनंत चतुर्दशी (आज) को हजारों श्रद्धालु परंपरागत निशान और प्रसाद चढ़ाकर नतमस्तक होते हैं। ब्लॉक के कई गांव में लगने वाले मेलों के बाद यहां अंतिम दिन विराट मेला सजता है। चरथावल में इस बार मेले की तिथि सोमवार को तय थी। कोरोना काल में कोई भी श्रद्धालु प्रसाद नहीं चढ़ा पाएगा। सिर्फ कुछ लोग सुबह जल्दी प्रसाद और निशान चढ़ाने की परंपरा निभाएंगे। बुजुर्गों के मुताबिक अरसे से लगने वाला छड़ियान मेला इस बार नहीं लगने का हर किसी को मलाल है। म्हाड़ी भगत पवन कश्यप और मेला आयोजन समिति के विजेंद्र त्यागी ने बताया कि इस बार कोरोना संक्रमण के खतरे को देखते हुए मेला स्थगित किया गया है। एसओ सूबे सिंह यादव ने बताया कोविड कि गाइडलाइन का पालन कराने के लिए इस बार श्रद्धालु भक्त प्रसाद और निशान नहीं चढ़ा पाएंगे। मेला समिति के कार्यकर्ता पाबंदी लगाने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करेंगे।
विज्ञापन