फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Sudesh became Shravan Kumar after his knees were healed due to mother's prayers

Muzaffarnagar News: मां की दुआओं से ठीक हुए घुटने तो श्रवण कुमार बना सुदेश

Tue, 28 Jan 2025 12:32 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 28 Jan 2025 12:32 AM IST
विज्ञापन
Sudesh became Shravan Kumar after his knees were healed due to mother's prayers
खतौली (मुजफ्फरनगर)। मोघपुर के किसान सुदेश पाल मलिक की जिंदगी शायर मुनव्वर राना के शेर, अभी जिंदा है मां मेरी, मुझे कुछ भी नहीं होगा, मैं घर से जब निकलता हूं दुआ भी साथ चलती है...को चरितार्थ करती है। जगबीरी देवी (95) को बुग्गी में बैठाकर किसान बेटा खुद खींचते हुए प्रयागराज की ओर चला है। बेटे ने कहा कि मेरे घुटने खराब हो गए थे, मां की दुआओं से फिर चलने लगा तो इसलिए मां को लेकर महाकुंभ की यात्रा पर निकल पड़ा।
विज्ञापन

यह सिर्फ महाकुंभ की यात्रा नहीं, बल्कि बिखरते परिवारों में अलग-थलग पड़ते बुजुर्गेां की सेवा का बड़ा उदाहरण भी है। इकलौते बेटे 65 साल के किसान सुदेश पाल बताते हैं कि चार साल पहले उसके घुटने खराब हो गए थे। डॉक्टरों ने जवाब दे दिया था, वह घर पर रहने लगा। सुबह-शाम मां की सेवा में बिताया और मां उसके पैरों और आंखों के लिए दुआ करती।
विज्ञापन

कुछ दिन बीतने के बाद वह ठीक होने लगा। घुटने ठीक हो गए तो एक साल पहले अपने गांव से 35 किमी दूर शकुतीर्थ की यात्रा पर मां को अपने कंधों पर बैठाकर ले गया था। किसान कहता है कि वह दोबारा चल रहा है तो इसमें मां की दुआओं का असर सबसे ज्यादा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed