नाम पर सियासत: भाजपा समर्थक बाेले-मुजफ्फरनगर नहीं, अब रखिए लक्ष्मीनगर, इस तरह जोर पकड़ रही मांग
विधान परिषद में मुजफ्फरनगर जनपद का नाम बदलने की मांग उठाने के बाद क्षेत्र में सियासी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। लखनऊ से लौटे एमएलसी मोहित बेनीवाल ने भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ भविष्य की रणनीति पर चर्चा की।
विस्तार
मुजफ्फरनगर जिले का नाम बदलकर लक्ष्मीनगर रखे जाने की मांग जोर पकड़ रही है। लखनऊ से लौटे एमएलसी मोहित बेनीवाल ने भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ भविष्य की रणनीति पर चर्चा की। भाजपा नेताओं ने कहा कि नाम बदला जाना चाहिए। शुक्रवार को एमएलसी के जिले में पहुंचने पर भाजपा नेताओं ने उनका अभिनंदन किया। विधान परिषद में मांग उठाए जाने पर खुशी जताई। बेनीवाल ने कहा कि जल्द ही मांग के पूरी होने की संभावना है।
जिला पंचायत अध्यक्ष वीरपाल निर्वाल, पूर्व जिलाध्यक्ष विजय शुक्ला, विपुल बहेड़ी, अमित चौधरी, नरेंद्र सिंह, धन प्रकाश, अमित रावल, कोकिल काकरान,अक्षय पुंडीर, विपिन त्यागी मेरठ रोड पर मंसूरपुर के निकट एमएलसी से मिलने पहुंचे। इस दौरान लक्ष्मीनगर नाम का चित्र भी एमएलसी को भेंट किया गया।
इस तरह जोर पकड़ रही मांग
शिव सेना के जिला प्रमुख आनंद प्रकाश गोयल व महानगर प्रमुख देवेंद्र चौहान के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने बृहस्पतिवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया था।
उन्होंने कहा था कि नब्बे के दशक में लक्ष्मीनगर नाम रखने की मांग शिवसेना ने उठाई थी। उधर, जिले का नाम लक्ष्मीनगर किए जाने के लिए सोशल मीडिया के जरिए लोगों का समर्थन और मत जानने की कोशिश चल रही है।
क्या है मामला
मुजफ्फरनगर जिले का नाम बदलकर लक्ष्मीनगर किए जाने के मामले को एमएलसी मोहित बेनीवाल ने विधान परिषद में उठाया था। इसके बाद उन्होंने बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की। जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल ने 12 मार्च को होने वाली बोर्ड बैठक में अब नाम बदले जाने का प्रस्ताव रखने का दावा किया।
गौरतलब है कि राम मंदिर आंदोलन के लिए मार्च 1983 में शहर के राजकीय इंटर कॉलेज के मैदान पर सबसे पहले हिंदू सम्मेलन आयोजित किया गया था। यहीं से संघ ने मुजफ्फरनगर का नाम लक्ष्मीनगर किए जाने के लिए अभियान शुरू किया।