{"_id":"635d7157723bc059640c11fe","slug":"national-conference-of-madrasas-in-darul-uloom-today-devband-news-mrt6114147166","type":"story","status":"publish","title_hn":"दारुल उलूम में मदरसों का राष्ट्रीय सम्मेलन आज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दारुल उलूम में मदरसों का राष्ट्रीय सम्मेलन आज
विज्ञापन
दारुल उलूम परिसर में लगे काउंटरों पर एंट्री कराते बाहर से आए मेहमान
- फोटो : DEVBAND
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देवबंद (सहारनपुर)। दारुल उलूम में कुलहिंद राब्ता-ए-मदारिस इस्लामिया की ओर से 30 अक्तूबर (आज) को होने वाले मदरसों के राष्ट्रीय सम्मेलन की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। शनिवार सुबह से मेहमानों के आने का सिलसिला शुरू हो गया। बाहर से आने वाले लोग दारुल उलूम परिसर में बनाए गए काउंटरों पर एंट्री करा रहे हैं।
मदरसों की शिक्षा व्यवस्था को ओर अधिक बेहतर बनाने, दीनी इदारों को साजिशों से बचाने और पाठ्यक्रम में मामूली रूप से फेरबदल करने के उद्देश्य से वर्ष 1995 में दारुल उलूम द्वारा स्थापित कुलहिंद राब्ता-ए-मदारिस इस्लामिया का राष्ट्रीय सम्मेलन एशिया की प्रसिद्ध मस्जिद रशीदिया में आयोजित किया जाएगा। इसके लिए सभी तैयारियों पूरी कर ली गई हैं। शनिवार सुबह से ही मेहमानों के आने का सिलसिला शुरू हो गया था। मेहमानों के ठहरने और खाने पीने और वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था करने के लिए अलग-अलग कमेटियां बनाई गई हैं, साथ ही अलग अलग राज्यों से आने वाले लोगों के बारे में पूरी जानकारी रहे। इसके लिए राज्यवार काउंटर लगाए गए हैं। जिन पर पहुंचकर लोग एंट्री करा रहे हैं। इसके अलावा कार्यक्रम स्थल के आसपास ही कई जगहों पर मेहमानों के रुकने की व्यवस्था की गई है।
वर्ष 2008 में आतंकवाद के खिलाफ की थी कांफ्रेंस
देवबंद। कुलहिंद राब्ता-ए-मदारिस के बैनर तले देवबंद में वर्ष 2008 के फरवरी माह में आतंकवाद विरोधी कांफ्रेंस आयोजित की गई थी। जिसमें देशभर के करीब 20 हजार उलमा ने शिरकत की थी। इसी कांफ्रेंस में आतंकवाद के खिलाफ फतवा जारी किया गया था। जो पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बना था। यह संगठन की स्थापना के बाद से सबसे बड़ा कार्यक्रम था।
विज्ञापन
विज्ञापन
मदरसों की शिक्षा व्यवस्था को ओर अधिक बेहतर बनाने, दीनी इदारों को साजिशों से बचाने और पाठ्यक्रम में मामूली रूप से फेरबदल करने के उद्देश्य से वर्ष 1995 में दारुल उलूम द्वारा स्थापित कुलहिंद राब्ता-ए-मदारिस इस्लामिया का राष्ट्रीय सम्मेलन एशिया की प्रसिद्ध मस्जिद रशीदिया में आयोजित किया जाएगा। इसके लिए सभी तैयारियों पूरी कर ली गई हैं। शनिवार सुबह से ही मेहमानों के आने का सिलसिला शुरू हो गया था। मेहमानों के ठहरने और खाने पीने और वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था करने के लिए अलग-अलग कमेटियां बनाई गई हैं, साथ ही अलग अलग राज्यों से आने वाले लोगों के बारे में पूरी जानकारी रहे। इसके लिए राज्यवार काउंटर लगाए गए हैं। जिन पर पहुंचकर लोग एंट्री करा रहे हैं। इसके अलावा कार्यक्रम स्थल के आसपास ही कई जगहों पर मेहमानों के रुकने की व्यवस्था की गई है।
विज्ञापन
वर्ष 2008 में आतंकवाद के खिलाफ की थी कांफ्रेंस
देवबंद। कुलहिंद राब्ता-ए-मदारिस के बैनर तले देवबंद में वर्ष 2008 के फरवरी माह में आतंकवाद विरोधी कांफ्रेंस आयोजित की गई थी। जिसमें देशभर के करीब 20 हजार उलमा ने शिरकत की थी। इसी कांफ्रेंस में आतंकवाद के खिलाफ फतवा जारी किया गया था। जो पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बना था। यह संगठन की स्थापना के बाद से सबसे बड़ा कार्यक्रम था।

दारुल उलूम परिसर में बैठे राष्ट्रीय सम्मेलन में शिरकत करने बाहर से आए मेहमान- फोटो : DEVBAND
विज्ञापन